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सुप्रीम कोर्ट में एफडीडीआई के छात्रों की याचिका मंजूर
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक
Updated Fri, 09 Oct 2015 02:10 AM IST
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एफडीडीआई (फुटवियर डिजाइन एंड डवलेपमेंट इंस्टीट्यूट) की डिग्री को लेकर चल रहे विवाद में संस्थान को एक बार फिर झटका लगा है। छात्रों की ओर से सितंबर में दायर की गई याचिका को सुप्रीम कोर्ट में मंजूर कर लिया गया है। कोर्ट ने एफडीडीआई संस्थानों को नोटिस जारी कर चार सप्ताह में जवाब मांगा है।
शहर के संस्थान में बिजनेस मैनेजमेंट द्वितीय वर्ष के छात्र संदीप प्रियदर्शी और अन्य छात्रों ने सितंबर में सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी। इसमें छात्रों ने कहा था कि संस्थान में कोर्स करने वाले को फर्जी डिग्री दी जा रही है। इससे न केवल छात्रों को ठगा जा रहा है, बल्कि उनके भविष्य के साथ भी खिलवाड़ किया जा रहा है। याचिका को कोर्ट ने मंजूर करते हुए बुधवार को पहली तारीख पर सुनवाई की। इसमें एफडीडीआई के सभी संस्थानों से जवाब मांगा गया है। गौरतलब है कि संस्थान की डिग्री को लेकर लंबे समय से विवाद चला आ रहा है। हालांकि कुछ दिन पूर्व संस्थान ने इग्नू से एमओयू किया है, जिसके बाद सत्र 2015-16 में कोर्स करने वाले छात्रों को इग्नू से डिग्री दी जाएगी, लेकिन पुराने छात्रों की डिग्री को लेकर अभी कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा है।
कोर्ट की तरफ से जारी नोटिस की जानकारी नहीं है। नोटिस नोएडा ऑफिस में आया होगा। हालांकि सुप्रीम कोर्ट ने अवकाश को लेकर आदेश कर दिए हैं। पहले सभी संस्थान 16 अक्तूबर को खुलने थे, लेकिन अब 19 अक्तूबर को खोले जाएंगे। यदि दूर का रहने वाला कोई छात्र 16 अक्तूबर को आता है तो उसे हॉस्टल में रहने दिया जाएगा।
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- मनोज अग्रवाल, सेंटर इंचार्ज रोहतक
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शहर के संस्थान में बिजनेस मैनेजमेंट द्वितीय वर्ष के छात्र संदीप प्रियदर्शी और अन्य छात्रों ने सितंबर में सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी। इसमें छात्रों ने कहा था कि संस्थान में कोर्स करने वाले को फर्जी डिग्री दी जा रही है। इससे न केवल छात्रों को ठगा जा रहा है, बल्कि उनके भविष्य के साथ भी खिलवाड़ किया जा रहा है। याचिका को कोर्ट ने मंजूर करते हुए बुधवार को पहली तारीख पर सुनवाई की। इसमें एफडीडीआई के सभी संस्थानों से जवाब मांगा गया है। गौरतलब है कि संस्थान की डिग्री को लेकर लंबे समय से विवाद चला आ रहा है। हालांकि कुछ दिन पूर्व संस्थान ने इग्नू से एमओयू किया है, जिसके बाद सत्र 2015-16 में कोर्स करने वाले छात्रों को इग्नू से डिग्री दी जाएगी, लेकिन पुराने छात्रों की डिग्री को लेकर अभी कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा है।
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कोर्ट की तरफ से जारी नोटिस की जानकारी नहीं है। नोटिस नोएडा ऑफिस में आया होगा। हालांकि सुप्रीम कोर्ट ने अवकाश को लेकर आदेश कर दिए हैं। पहले सभी संस्थान 16 अक्तूबर को खुलने थे, लेकिन अब 19 अक्तूबर को खोले जाएंगे। यदि दूर का रहने वाला कोई छात्र 16 अक्तूबर को आता है तो उसे हॉस्टल में रहने दिया जाएगा।
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- मनोज अग्रवाल, सेंटर इंचार्ज रोहतक