{"_id":"96a9b7ed28de89cd4358633de0664cf9","slug":"ex-soldier-no-to-kargil-divas-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पूर्व सैनिकों का असहयोग आंदोलन, कारगिल विजय दिवस का करेंगे बहिष्कार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पूर्व सैनिकों का असहयोग आंदोलन, कारगिल विजय दिवस का करेंगे बहिष्कार
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक
Updated Fri, 17 Jul 2015 02:24 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वन रैंक वन पेंशन लागू करने की मांग कर रहे पूर्व सैनिक अब असहयोग का रास्ता अपनाएंगे।
हर सरकारी योजना के साथ कारगिल विजय दिवस का भी बहिष्कार किया जाएगा।
पूर्व सैनिकों ने 15 अगस्त के आयोजन सहित दिल्ली में सितंबर में 1965 में पाकिस्तान से जीत की याद में लगने वाली प्रदर्शनी में भी शामिल नहीं होने की चेतावनी दी है
इस प्रदर्शनी में पाकिस्तान पर 65 की जीत में उपयोग किए हथियारों सहित अन्य यादगार चीजों का प्रदर्शन किया जाएगा। प्रदर्शनी में हथियार तो होंगे, लेकिन हथियार चलाने वाला कोई फौजी शामिल नहीं होगा।
हरियाणा एक्स सर्विस लीग रोहतक के अध्यक्ष कर्नल आर. एस. मलिक ने बताया कि देश की रक्षा के लिए अपनी जान तक लुटा देने वाले फौजियों को हक के लिए लड़ाई लड़नी पड़ रही है। लेकिन देश की सरकार हमें हमारा हक भी देने में संकोच कर रही है। ऐसे में सभी पूर्व सैनिक 26 जुलाई को कारगिल विजय दिवस संबंधित राज्य सरकार और जिला प्रशासन के किसी भी कार्यक्रम में शामिल नहीं होंगे। काली पट्टी बांधकर अपने स्तर पर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे।
विज्ञापन
अन्ना के साथ जंतर मंतर पर धरना
कर्नल मलिक ने बताया कि 26 जुलाई को ही जंतर मंतर पर अन्ना हजारे भी पूर्व सैनिकों के साथ धरना प्रदर्शन करेंगे। प्रदेशभर केसभी पूर्व सैनिक भी अन्ना के साथ वहां पर आंदोलन में शामिल होंगे। इसके बाद भी फैसला नहीं लिया गया तो 15 अगस्त को सरकारी कार्यक्रमों का बहिष्कार होगा। सभी वीरता पुरस्कार विजेता पूर्व फौजी भी यह तय करें कि जिस तरह वीर चक्र से सम्मानित विंग कमांडर सुरेश दामोदर कार्निक ने सरकारी कार्यक्रमों का बहिष्कार कर दिया, उसी तरह हम सभी ऐसे आयोजनों का बहिष्कार करेंगे।
विज्ञापन
हर सरकारी योजना के साथ कारगिल विजय दिवस का भी बहिष्कार किया जाएगा।
पूर्व सैनिकों ने 15 अगस्त के आयोजन सहित दिल्ली में सितंबर में 1965 में पाकिस्तान से जीत की याद में लगने वाली प्रदर्शनी में भी शामिल नहीं होने की चेतावनी दी है
इस प्रदर्शनी में पाकिस्तान पर 65 की जीत में उपयोग किए हथियारों सहित अन्य यादगार चीजों का प्रदर्शन किया जाएगा। प्रदर्शनी में हथियार तो होंगे, लेकिन हथियार चलाने वाला कोई फौजी शामिल नहीं होगा।
विज्ञापन
हरियाणा एक्स सर्विस लीग रोहतक के अध्यक्ष कर्नल आर. एस. मलिक ने बताया कि देश की रक्षा के लिए अपनी जान तक लुटा देने वाले फौजियों को हक के लिए लड़ाई लड़नी पड़ रही है। लेकिन देश की सरकार हमें हमारा हक भी देने में संकोच कर रही है। ऐसे में सभी पूर्व सैनिक 26 जुलाई को कारगिल विजय दिवस संबंधित राज्य सरकार और जिला प्रशासन के किसी भी कार्यक्रम में शामिल नहीं होंगे। काली पट्टी बांधकर अपने स्तर पर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे।
विज्ञापन
अन्ना के साथ जंतर मंतर पर धरना
कर्नल मलिक ने बताया कि 26 जुलाई को ही जंतर मंतर पर अन्ना हजारे भी पूर्व सैनिकों के साथ धरना प्रदर्शन करेंगे। प्रदेशभर केसभी पूर्व सैनिक भी अन्ना के साथ वहां पर आंदोलन में शामिल होंगे। इसके बाद भी फैसला नहीं लिया गया तो 15 अगस्त को सरकारी कार्यक्रमों का बहिष्कार होगा। सभी वीरता पुरस्कार विजेता पूर्व फौजी भी यह तय करें कि जिस तरह वीर चक्र से सम्मानित विंग कमांडर सुरेश दामोदर कार्निक ने सरकारी कार्यक्रमों का बहिष्कार कर दिया, उसी तरह हम सभी ऐसे आयोजनों का बहिष्कार करेंगे।