{"_id":"5f84af808ebc3e9bf52fa72b","slug":"do-not-move-otherwise-6-of-6-will-wire-you-rohtak-news-rtk578006369","type":"story","status":"publish","title_hn":"हिलयो मत, वरना 6 की 6 तेरे में तार दूंगा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हिलयो मत, वरना 6 की 6 तेरे में तार दूंगा
विज्ञापन
Do not move, otherwise 6 of 6 will wire you
- फोटो : RohtakCity
गांधी कैंप में दुकानदार से पिस्तौल के बल पर लूटपाट करने वाले बदमाशों ने वारदात के बाद आपस में कहा कि ऐ लौट लिया है, होन ऐनू जान तो मार दो। साथ ही दुकान पर काम करने वाले एक लड़के को भी जान से मारने की बात कही। इसके बाद दुकानदार उनके सामने गिड़गिड़ाने लगा और कहा कि उसकी दो बेटियां है, उसे मत मारो। उसने सारा कैश सहित अन्य सामान दे दिया है, अब मारो मत। इसी दौरान वहां दुकानदार का बड़ा भाई स्क्रैप व्यापारी आ गया, जिसने बदमाशों से पूछा कि हां क्या है, तो उन्होंने उसके माथे पर गोली मारी व लूटे हुए रुपये सहित अन्य सामान लेकर बाइक पर सवार होकर फरार हो गए।
मृतक विजय के छोटे भाई अजय ने बताया कि वह तीन भाइयों में सबसे छोटा है। उसकी गांधी कैंप में परचून की दुकान है। दुकान के साथ ही घर है। जहां वह दो भाई और उनके परिवार सहित रहता है। बड़ा भाई संजय है, जो कि पेशे से फाइनेंसर है। संजय से छोटा विजय है, जोकि स्क्रैप का काम करता था। सोमवार सुबह मैं 10 बजे दुकान पर आया। दुकान की सफाई व धूपबत्ती की, जिसके बाद समय करीब साढ़े 10 बजे का हो गया। इसके बाद एक युवक आया। उसने मुझसे पूछा कि सिगरेट रखते हो, जिसका जवाब मैंने हां में दिया। फिर उसने बड़ी एक सिगरेट मांगी और 20 रुपये देकर चला गया। कुछ देर बाद करीब 11.22 बजे वही युवक एक अन्य युवक के साथ आया और आते ही पिस्तौल निकाल ली। उन्होंने मुझे कुर्सी से उठने को कहा, मैं कुर्सी से खड़ा हो गया। इसके बाद एक युवक ने मेरे सिर पर पिस्तौल लगा दी। पिस्तौल तानने के बाद कहा कि हिलयो मत, वरना छह की छह तेरे में उतार देंगे। दूसरे युवक ने दुकान से बैग उठाया और दुकान का गल्ला निकाल कर बैग में पलट लिया। गल्ले से रुपये निकालने के बाद एक ने पूछा कि जेब में क्या है। मैंने कहा कि जेब में कागज है, तो कहने लगे की कागज भी दे। इसके बाद उन्होंने दूसरी जेब पर हाथ मारा और पूछने लगे की ये क्या है, मैंने कहा कि ये पैसे हैं। दोनों ने दोनों जेब से कागज और रुपये लेकर खाली कर दी। जेब खाली करने के बाद आरोपियों ने पूछा कि मोबाइल फोन कहां हैं तेरे। जिसके बाद मैंने उन्हें मोबाइल फोन भी दे दिए। इसके बाद उन्होंने आपस में कहा कि इससे सब कुछ लूट लिया है, अब इसे ठोक दें। यह सुनते ही मैंने उनके आगे हाथ पांव जोड़ने शुरू कर दिए। उनके आगे मैं गिड़गिड़ाने लग गया। इसी दौरान वहां मेरा बड़ा भाई विजय आ गया। जिसने दूर से ही देख लिया था कि कोई मेरे साथ कुछ कर रहा है। वह तेज कदमों से दुकान पर पहुंचा और एक युवक के कंधे पर हाथ लगाकर पूछा कि हां भाई क्या बात है। इतना सुनते ही युवक ने मेरे माथे से पिस्तौल हटाई और विजय के माथे में सीधी एक गोली मार दी। इसके बाद मैं अपने भाई को संभालने में ही रह गया और बदमाश वहां से फरार हो गया। मात्र 2-3 मिनट में बदमाश भाई की हत्या करके और मुझसे रुपये लूटकर फरार हो गए।
आरोपियों के वारदात करने के ढंग से लग रहा था कि उन्हें पता है कि मेरे पास कमेटी के पैसे है
अजय ने बताया कि बदमाश उससे साढ़े तीन लाख रुपये लूट कर ले गए हैं। जिनमें ढाई लाख रुपये की कमेटी रात को छुड़वाई थी। उन रुपयों को वह साथ में ही लाया था। वो रुपये पैंट की जेब में ही थे। बदमाशों ने दो मोबाइल फोन लूट लिए। गल्ले में करीब एक माह की दुकानदारी के एक लाख रुपये रखे थे। एक बदमाश ने सिगरेट लेने के बहाने पहले दुकान की रेकी की व कुछ समय बाद दूसरे युवक के साथ वहां आया और लूटपाट की वारदात को अंजाम दिया। बदमाश ने बचाव में आए मेरे भाई की हत्या कर पास में खड़े तीसरे बाइक सवार बदमाश के साथ बैठकर फरार हो गए। पूरी वारदात के तरीके से लग रहा था कि बदमाशों को दुकान पर कमेटी के रुपयों सहित लाखों रुपये होने का पहले से ही पता हो।
विज्ञापन
मृतक के भाई की शिकायत के आधार पर अज्ञात के खिलाफ हत्या, लूटपाट सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज कर लिया गया है। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की तलाश जारी है। जल्द ही उनको गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
- गोरखपाल राणा, डीएसपी मुख्यालय।
विज्ञापन
मृतक विजय के छोटे भाई अजय ने बताया कि वह तीन भाइयों में सबसे छोटा है। उसकी गांधी कैंप में परचून की दुकान है। दुकान के साथ ही घर है। जहां वह दो भाई और उनके परिवार सहित रहता है। बड़ा भाई संजय है, जो कि पेशे से फाइनेंसर है। संजय से छोटा विजय है, जोकि स्क्रैप का काम करता था। सोमवार सुबह मैं 10 बजे दुकान पर आया। दुकान की सफाई व धूपबत्ती की, जिसके बाद समय करीब साढ़े 10 बजे का हो गया। इसके बाद एक युवक आया। उसने मुझसे पूछा कि सिगरेट रखते हो, जिसका जवाब मैंने हां में दिया। फिर उसने बड़ी एक सिगरेट मांगी और 20 रुपये देकर चला गया। कुछ देर बाद करीब 11.22 बजे वही युवक एक अन्य युवक के साथ आया और आते ही पिस्तौल निकाल ली। उन्होंने मुझे कुर्सी से उठने को कहा, मैं कुर्सी से खड़ा हो गया। इसके बाद एक युवक ने मेरे सिर पर पिस्तौल लगा दी। पिस्तौल तानने के बाद कहा कि हिलयो मत, वरना छह की छह तेरे में उतार देंगे। दूसरे युवक ने दुकान से बैग उठाया और दुकान का गल्ला निकाल कर बैग में पलट लिया। गल्ले से रुपये निकालने के बाद एक ने पूछा कि जेब में क्या है। मैंने कहा कि जेब में कागज है, तो कहने लगे की कागज भी दे। इसके बाद उन्होंने दूसरी जेब पर हाथ मारा और पूछने लगे की ये क्या है, मैंने कहा कि ये पैसे हैं। दोनों ने दोनों जेब से कागज और रुपये लेकर खाली कर दी। जेब खाली करने के बाद आरोपियों ने पूछा कि मोबाइल फोन कहां हैं तेरे। जिसके बाद मैंने उन्हें मोबाइल फोन भी दे दिए। इसके बाद उन्होंने आपस में कहा कि इससे सब कुछ लूट लिया है, अब इसे ठोक दें। यह सुनते ही मैंने उनके आगे हाथ पांव जोड़ने शुरू कर दिए। उनके आगे मैं गिड़गिड़ाने लग गया। इसी दौरान वहां मेरा बड़ा भाई विजय आ गया। जिसने दूर से ही देख लिया था कि कोई मेरे साथ कुछ कर रहा है। वह तेज कदमों से दुकान पर पहुंचा और एक युवक के कंधे पर हाथ लगाकर पूछा कि हां भाई क्या बात है। इतना सुनते ही युवक ने मेरे माथे से पिस्तौल हटाई और विजय के माथे में सीधी एक गोली मार दी। इसके बाद मैं अपने भाई को संभालने में ही रह गया और बदमाश वहां से फरार हो गया। मात्र 2-3 मिनट में बदमाश भाई की हत्या करके और मुझसे रुपये लूटकर फरार हो गए।
विज्ञापन
आरोपियों के वारदात करने के ढंग से लग रहा था कि उन्हें पता है कि मेरे पास कमेटी के पैसे है
अजय ने बताया कि बदमाश उससे साढ़े तीन लाख रुपये लूट कर ले गए हैं। जिनमें ढाई लाख रुपये की कमेटी रात को छुड़वाई थी। उन रुपयों को वह साथ में ही लाया था। वो रुपये पैंट की जेब में ही थे। बदमाशों ने दो मोबाइल फोन लूट लिए। गल्ले में करीब एक माह की दुकानदारी के एक लाख रुपये रखे थे। एक बदमाश ने सिगरेट लेने के बहाने पहले दुकान की रेकी की व कुछ समय बाद दूसरे युवक के साथ वहां आया और लूटपाट की वारदात को अंजाम दिया। बदमाश ने बचाव में आए मेरे भाई की हत्या कर पास में खड़े तीसरे बाइक सवार बदमाश के साथ बैठकर फरार हो गए। पूरी वारदात के तरीके से लग रहा था कि बदमाशों को दुकान पर कमेटी के रुपयों सहित लाखों रुपये होने का पहले से ही पता हो।
विज्ञापन
मृतक के भाई की शिकायत के आधार पर अज्ञात के खिलाफ हत्या, लूटपाट सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज कर लिया गया है। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की तलाश जारी है। जल्द ही उनको गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
- गोरखपाल राणा, डीएसपी मुख्यालय।