जींद। डॉ. आंबेडकर स्टूडेंट्स फ्रंट ऑफ इंडिया के सदस्यों ने वीरवार को यूजीसी के समर्थन में राष्ट्रपति के नाम सीआरएसयू के ओएसडी विजय कुमार को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने यूजीसी एक्ट को बहाल और लागू करने की मांग उठाई। यूनिवर्सिटी अध्यक्ष नरसी निबरायण ने कहा कि शैक्षणिक संस्थानों में ओबीसी, एससी, एसटी और महिलाओं के शोषण के मामले लगातार बढ़ रहे हैं।
उन्होंने कहा कि जातिवादी मानसिकता के कारण छात्रों को अपनी जान गंवानी पड़ती है। इसके अतिरिक्त, छात्रवृत्ति रोकना और अकारण रोल नंबर रोकना छात्रों के भविष्य और मानसिक स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ है। मीडिया प्रभारी अंकित सरोहा और उपाध्यक्ष दीपक टंडन ने कहा कि यदि यूजीसी एक्ट प्रभावी रूप से लागू होता है, तो संस्थानों में पारदर्शिता आएगी और भेदभाव की घटनाओं पर अंकुश लगेगा।