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पीजीआईएमएस के डीन की दो टूक : रैगिंग करने वालों से सख्ती से निपटेंगे

Thu, 24 Mar 2022 02:09 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Thu, 24 Mar 2022 02:09 AM IST
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Dean of PGIMS bluntly: Will deal strictly with ragging people
पीजीआईएमएस प्रशासन कैंपस में आने वाले विद्यार्थियों को रैगिंग से बचाने के लिए सख्त है। सीनियर कार्डियोलॉजिस्ट एवं डीन डॉ. कुलदीप सिंह लालर ने दो टूक कहा है कि रैगिंग करने वालों से सख्ती से निपटेंगे। संस्थान में नियम तोड़ने वालों को किसी सूरत में नहीं बख्शा जाएगा।
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संस्थान में 14 फरवरी को काउंसिलिंग के बाद एमबीबीएस का पहला बैच आ गया है। विद्यार्थियों की सुरक्षा को देखते हुए बुधवार को देर रात हॉस्टल वार्डन डॉ. आरबी जैन, चीफ सुरक्षा अधिकारी ईश्वर शर्मा सुपरवाइजर, गार्डों सहित हॉस्टल व विभिन्न स्थानों पर गए। यहां हॉस्टल में उन्होंने जांच की और सीनियरों को स्पष्ट कहा कि यदि किसी की कोई शिकायत मिलती है तो सुनवाई नहीं होगी, सीधा कार्रवाई होगी। इसके लिए विद्यार्थियों से टीम ने भी पूछा है और उन्हें मोबाइल नंबर दिए हैं कि यदि समस्या आती है तो वह उन्हें बता सकते हैं। शिकायत करने वाले की जानकारी गुप्त रखी जाएगी। गौरतलब है कि पीजीआईएमएस में एमबीबीएस की 250 सीट हैं और इसके अलावा अन्य कोर्सों में कई सीट हैं। इसके चलते सत्र के शुभारंभ पर संस्थान में रैगिंग होने की आशंका बनी रहती है। इसे देखते हुए प्रशासन ने सख्ती शुरू कर दी है।
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वर्जन
पीजीआईएमएस में रैगिंग करने वालों के लिए कोई स्थान नहीं है। यदि किसी की शिकायत मिलती है तो अनुशासनात्मक कार्रवाई के साथ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यहां वार्डन, सुरक्षा कर्मचारियों के साथ सीनियर डॉक्टरों की जिम्मेदारी बनती है कि वह नजर बनाए रखें। नए विद्यार्थी सबकी पहचान में आ जाएं, इसके लिए इन्हें लंबा एप्रन पहनने को कहा जाता है। एंटी रैगिंग कमेटी भी नजर बनाए हुए है। अधिकारियों को हॉस्टल व विभिन्न स्थानों पर छापा मारने को कहा गया है।
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- डॉ. कुलदीप सिंह लालर, डीन, पीजीआईएमएस
रैगिंग को लेकर संस्थान सख्त है। यदि कोई शिकायत मिलती है तो उसे तत्काल बाहर किया जाएगा। एंटी रैगिंग टीम के मोबाइल नंबर जहां नहीं हैं, वहां चस्पा किए जाएंगे, ताकि जरूरत पड़ने पर विद्यार्थी संपर्क कर सकें। यदि किसी को समस्या है तो वह बिना घबराए संपर्क कर सकता है, उसकी जानकारी गुप्त रखी जाएगी।
- डॉ. एचके अग्रवाल, रजिस्ट्रार, पंडित भगवत दयाल शर्मा स्वास्थ्य विज्ञान विवि रोहतक
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