{"_id":"7132bc5aea61075231e419ff3797b2fb","slug":"dbangon-the-hostages-billed-the-nail-on-the-body","type":"story","status":"publish","title_hn":"दबंगों ने बंधक बनाया, शरीर पर ठोकी कील","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दबंगों ने बंधक बनाया, शरीर पर ठोकी कील
रोहतक
Updated Mon, 28 Jul 2014 02:21 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गांव के दबंग मुझे व मेरे पति को गांव से उठा ले गए। बंधक बनाकर मारपीट की। शरीर में कील तक ठोकी। मेरे साथ तीन माह पहले दुराचार भी हुआ। पुलिस को शिकायत की, लेकिन दोषियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं हुई। यह आरोप पीजीआई में भर्ती मूल रूप से बिहार की रहने वाली एक महिला ने लगाया है।
उसका करीब दस-बारह साल पहले कलानौर क्षेत्र के एक गांव में एक व्यक्ति के साथ विवाह हुआ था। पीजीआई के वार्ड-5 में दाखिल महिला ने आरोप लगाया कि 23 जुलाई को उसके पड़ोसी के साथ कुछ लोग आए और उसे व उसके पति को ले गए। दोनों को पीटना शुरू कर दिया।
उसके कपड़े फाड़ दिए और अमानवीय व्यवहार किया। ज्यादा मारपीट से वह बेहोश हो गई। महिला ने चोट के निशान दिखाए और बताया कि उसके शरीर पर कील तक ठोकी गई। आरोप है कि उन लोगों ने पुलिस को भी मौके पर बुलाया और झूठा मामला बनवाने की बात कही।
विज्ञापन
पुलिस ने भी उसकी शिकायत दर्ज नहीं की। पुलिस कर्मचारी ही उसे सिविल अस्पताल में ले गए और चिकित्सक ने उसकी एमएलआर बनाकर भी पुलिस को दी और वहां से रेफर कर दिया। आरोपी रसूखदार हैं और पुलिस महिला की सुनवाई नहीं कर रही है।
इस बारे में डीएसपी, रोहतक अनिल ने कहा कि कुमार महिला के साथ इस तरह के व्यवहार किया गया है तो इसकी जांच कराई जाएगी। संबंधित पुलिस अधिकारी को तुरंत पीजीआई भेजा जाएगा।
विज्ञापन
उसका करीब दस-बारह साल पहले कलानौर क्षेत्र के एक गांव में एक व्यक्ति के साथ विवाह हुआ था। पीजीआई के वार्ड-5 में दाखिल महिला ने आरोप लगाया कि 23 जुलाई को उसके पड़ोसी के साथ कुछ लोग आए और उसे व उसके पति को ले गए। दोनों को पीटना शुरू कर दिया।
विज्ञापन
उसके कपड़े फाड़ दिए और अमानवीय व्यवहार किया। ज्यादा मारपीट से वह बेहोश हो गई। महिला ने चोट के निशान दिखाए और बताया कि उसके शरीर पर कील तक ठोकी गई। आरोप है कि उन लोगों ने पुलिस को भी मौके पर बुलाया और झूठा मामला बनवाने की बात कही।
विज्ञापन
पुलिस ने भी उसकी शिकायत दर्ज नहीं की। पुलिस कर्मचारी ही उसे सिविल अस्पताल में ले गए और चिकित्सक ने उसकी एमएलआर बनाकर भी पुलिस को दी और वहां से रेफर कर दिया। आरोपी रसूखदार हैं और पुलिस महिला की सुनवाई नहीं कर रही है।
इस बारे में डीएसपी, रोहतक अनिल ने कहा कि कुमार महिला के साथ इस तरह के व्यवहार किया गया है तो इसकी जांच कराई जाएगी। संबंधित पुलिस अधिकारी को तुरंत पीजीआई भेजा जाएगा।