{"_id":"574761384f1c1ba22c6929b5","slug":"rohtak-crime-jaat-reservation-violence-dgp-haryana-rohtak","type":"story","status":"publish","title_hn":"अतिरिक्त मुख्य सचिव रामनिवास और डीजीपी केपी सिंह ने कहा जो गलती दंगे में र्हुई, उसे ना दोहराया जाए","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
अतिरिक्त मुख्य सचिव रामनिवास और डीजीपी केपी सिंह ने कहा जो गलती दंगे में र्हुई, उसे ना दोहराया जाए
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक
Updated Fri, 27 May 2016 02:18 AM IST
विज्ञापन
गृह विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव रामनिवास और डीजीपी केपी सिंह रोहतक पहुंचे
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हाईकोर्ट में जाट आरक्षण पर अंतरिम रोक और प्रकाश सिंह कमेटी में अफसरों की लापरवाही उजागर होने से पुलिस-प्रशासन की चिंता बढ़ गई है। पुलिस के आला अधिकारी जिला पुलिस को लगातार हिदायत दे रहे हैं कि दंगों में जो गलती, हुई, उसे दोबारा नहीं दोहराया जाए। बृहस्पतिवार को प्रदेश के गृह विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव रामनिवास और डीजीपी केपी सिंह रोहतक पहुंचे। यहां तिलियार में मंडल के सभी अधिकारियों की बैठक ली और उनको कानून व्यवस्था को दुरुस्त करने के साथ ही किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरतने के लिए कहा गया।
अतिरिक्त मुख्य सचिव रामनिवास ने बैठक में साफ कहा कि जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान जो गलती हुई, उसे किसी भी हालत में ना दोहराया जाए। कानून व सुरक्षा व्यवस्था में सुधार भी जरूरी है। बैठक में सभी अधिकारियों को निर्देश दिए गए है कि किसी भी मामले में कोताही न बरतें और किसी से कोई चूक न हो। क्योंकि सरकार कानून के दायरे में जनहित को ध्यान में रखकर कार्य कर रही है। डीजीपी ने कहा कि पुलिस हमेशा सतर्क थी और आगे भी सतर्क रहेगी। डीजीपी ने यह भी माना कि हर क्षेत्र में हमेशा सुधार की संभावना होती है और पुलिस को भी बेहतर करने के लिए काम किए जा रहे हैं। इस दौरान मंडल आयुक्त चंद्रपकाश, आईजी संजय कुमार, रोहतक डीसी अतुल कुमार, एसपी शशांक आंनद, झज्जर डीसी अनिता यादव, एसपी जशभनदीप सिंह, सोनीपत डीसी के एम पांडुरंग, एसपी एचएस दून, भिवानी डीसी पंकज कुमार, एसपी प्रतिक्षा गोदारा के अलावा उपायुक्त चंद्रशेखर व निखिल गजराज, एसपी राकेश आर्य व अश्विन शैणवी, रोहतक के एडीसी प्रदीप कुमार, सहायक पुलिस अधीक्षक हिमांशु गर्ग, एसडीएम डा. मुनीष नागपाल, सीटीएम अजय चोपड़ा मौजूद रहे।
आतंकी या अपराधी कर रहे धमाके, जांच के बाद पता चलेगा
डीजीपी केपी सिंह ने कुरुक्षेत्र में बस में बम धमाके के मामले में कहा कि यह घटना आतंकवादी है या फिर आपराधिक है, यह जांच के बाद ही पता चलेगा। क्योंकि इसकी जांच के लिए एडीजी क्राइम नेतृत्व में एसआईटी का गठन कर दिया गया है। इसमें एसपी कुरुक्षेत्र व एसपी रेलवे भी शामिल हैं। उनका कहना है कि इसमें क्रूड बम का इस्तेमाल किया गया है, जिनको आतंकवादी इस्तेमाल नहीं करते हैं। पहले दो बार ट्रेन में भी इस तरह का विस्फोट किया गया था। इसलिए सभी विस्फोट को एक साथ जोड़कर देखा जा रहा है। डीजीपी ने जल्द खुलासे का दावा किया है।
विज्ञापन
पुलिस का जाटों को नोटिस, संपत्ति को नुकसान हुआ तो करो भरपाई
जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान दंगे से नुकसान को देखते हुए अधिकारी अब हर कदम फूंक-फूंक कर रख रहे हैं। जाटों के हर धरने-प्रदर्शन पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है और पहले ही संपत्ति को कोई नुकसान होने पर भरपाई के लिए तैयार रहने का नोटिस जारी किया जा रहा है। शुक्रवार को भिवानी रोड के पास होने वाले जाटों के सांकेतिक धरने को देखते हुए छह आयोजकों को पुलिस ने नोटिस जारी किया है। नोटिस में साफ कर दिया गया है कि अगर धरने के दौरान किसी संपत्ति को नुकसान हुआ तो भरपाई उनको करनी होगी। अफसरों ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने का दावा भी किया है।
एसपी शशांक आनंद के अनुसार आरक्षण आंदोलन के दौरान आगजनी, लूट, तोड़फोड़ के मामलों में 1211 मुकदमे दर्ज हैं। सभी में जांच चल रही है और सबूत मिलने के बाद ही आरोपियों को गिरफ्तार किया जा रहा है। इन गिरफ्तारियों के विरोध में अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष संचालन समिति ने शुक्रवार सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक कलानौर के पास भिवानी रोड पर बाबा ईश्वर गौशाला के पास खाली जमीन पर एक दिन का सांकेतिक धरना देने की घोषणा की हुई है। बताया गया कि वहां धरने से यातायात प्रभावित हो सकता है, क्योंकि रोहतक-भिवानी नेशनल हाइवे के पास ही धरना दिया जाएगा। इस कारण ही पुलिस की ओर से आयोजकों को अधिनियम 2007 की धारा 69 के अनुसार नोटिस जारी किए गए हैं। पुलिस ने आयोजक राजेंद्र निवासी गुढ़ाण, रायसिंह निवासी सुंडाना, महाबीर निवासी जिंदरान, नफेसिंह निवासी लाहली, रामकिशन निवासी मोखरा, जयनारायण निवासी सुंडाना को नोटिस जारी किया है। एसपी ने कलानौर पुलिस को कानून व्यवस्था की जिम्मेदारी सौंपी है।
विज्ञापन
अतिरिक्त मुख्य सचिव रामनिवास ने बैठक में साफ कहा कि जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान जो गलती हुई, उसे किसी भी हालत में ना दोहराया जाए। कानून व सुरक्षा व्यवस्था में सुधार भी जरूरी है। बैठक में सभी अधिकारियों को निर्देश दिए गए है कि किसी भी मामले में कोताही न बरतें और किसी से कोई चूक न हो। क्योंकि सरकार कानून के दायरे में जनहित को ध्यान में रखकर कार्य कर रही है। डीजीपी ने कहा कि पुलिस हमेशा सतर्क थी और आगे भी सतर्क रहेगी। डीजीपी ने यह भी माना कि हर क्षेत्र में हमेशा सुधार की संभावना होती है और पुलिस को भी बेहतर करने के लिए काम किए जा रहे हैं। इस दौरान मंडल आयुक्त चंद्रपकाश, आईजी संजय कुमार, रोहतक डीसी अतुल कुमार, एसपी शशांक आंनद, झज्जर डीसी अनिता यादव, एसपी जशभनदीप सिंह, सोनीपत डीसी के एम पांडुरंग, एसपी एचएस दून, भिवानी डीसी पंकज कुमार, एसपी प्रतिक्षा गोदारा के अलावा उपायुक्त चंद्रशेखर व निखिल गजराज, एसपी राकेश आर्य व अश्विन शैणवी, रोहतक के एडीसी प्रदीप कुमार, सहायक पुलिस अधीक्षक हिमांशु गर्ग, एसडीएम डा. मुनीष नागपाल, सीटीएम अजय चोपड़ा मौजूद रहे।
विज्ञापन
आतंकी या अपराधी कर रहे धमाके, जांच के बाद पता चलेगा
डीजीपी केपी सिंह ने कुरुक्षेत्र में बस में बम धमाके के मामले में कहा कि यह घटना आतंकवादी है या फिर आपराधिक है, यह जांच के बाद ही पता चलेगा। क्योंकि इसकी जांच के लिए एडीजी क्राइम नेतृत्व में एसआईटी का गठन कर दिया गया है। इसमें एसपी कुरुक्षेत्र व एसपी रेलवे भी शामिल हैं। उनका कहना है कि इसमें क्रूड बम का इस्तेमाल किया गया है, जिनको आतंकवादी इस्तेमाल नहीं करते हैं। पहले दो बार ट्रेन में भी इस तरह का विस्फोट किया गया था। इसलिए सभी विस्फोट को एक साथ जोड़कर देखा जा रहा है। डीजीपी ने जल्द खुलासे का दावा किया है।
विज्ञापन
पुलिस का जाटों को नोटिस, संपत्ति को नुकसान हुआ तो करो भरपाई
जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान दंगे से नुकसान को देखते हुए अधिकारी अब हर कदम फूंक-फूंक कर रख रहे हैं। जाटों के हर धरने-प्रदर्शन पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है और पहले ही संपत्ति को कोई नुकसान होने पर भरपाई के लिए तैयार रहने का नोटिस जारी किया जा रहा है। शुक्रवार को भिवानी रोड के पास होने वाले जाटों के सांकेतिक धरने को देखते हुए छह आयोजकों को पुलिस ने नोटिस जारी किया है। नोटिस में साफ कर दिया गया है कि अगर धरने के दौरान किसी संपत्ति को नुकसान हुआ तो भरपाई उनको करनी होगी। अफसरों ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने का दावा भी किया है।
एसपी शशांक आनंद के अनुसार आरक्षण आंदोलन के दौरान आगजनी, लूट, तोड़फोड़ के मामलों में 1211 मुकदमे दर्ज हैं। सभी में जांच चल रही है और सबूत मिलने के बाद ही आरोपियों को गिरफ्तार किया जा रहा है। इन गिरफ्तारियों के विरोध में अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष संचालन समिति ने शुक्रवार सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक कलानौर के पास भिवानी रोड पर बाबा ईश्वर गौशाला के पास खाली जमीन पर एक दिन का सांकेतिक धरना देने की घोषणा की हुई है। बताया गया कि वहां धरने से यातायात प्रभावित हो सकता है, क्योंकि रोहतक-भिवानी नेशनल हाइवे के पास ही धरना दिया जाएगा। इस कारण ही पुलिस की ओर से आयोजकों को अधिनियम 2007 की धारा 69 के अनुसार नोटिस जारी किए गए हैं। पुलिस ने आयोजक राजेंद्र निवासी गुढ़ाण, रायसिंह निवासी सुंडाना, महाबीर निवासी जिंदरान, नफेसिंह निवासी लाहली, रामकिशन निवासी मोखरा, जयनारायण निवासी सुंडाना को नोटिस जारी किया है। एसपी ने कलानौर पुलिस को कानून व्यवस्था की जिम्मेदारी सौंपी है।