रोहतक में चोरी व साइबर क्राइम बढ़ा: मकान से साढ़े नौ लाख की नकदी गायब, बिजली बिल के नाम पर 73 हजार ठगे
रोहतक पुलिस को दी शिकायत में कमांडेंट विनित सहगल ने बताया कि कई साल पहले उसके माता-पिता का देहांत हो चुका है। वह असम के सिल्चर मुख्यालय में कमांडेंट है। ऐसे में घर पर कोई नहीं रहता। घर की चाबी चाचा को सौंप रखी हैं। वह रोहतक सितंबर 2022 में आया था।
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रोहतक के गांव सांघी में एक युवक को ऑनलाइन बिजली का 540 रुपये बिल भरना महंगा पड़ गया। ठगों ने फर्जी कस्टमर केयर नंबर के माध्यम से 73 हजार रुपये अपने खाते में ट्रांसफर कर लिए। इस संबंध में सदर थाने में केस दर्ज किया गया है।
सांघी गांव के युवक के साथ हुई ठगी, सदर थाने में किया गया केस दर्ज
अमित हुड्डा ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि तीन जून को उसने 3 बजकर 45 मिनट पर फोन पे के माध्यम से बिजली का बिल ऑनलाइन भरा था। उसके खाते से 540 रुपये कट गए, लेकिन बिल नहीं भरा गया। उसने गुगल पर फोन पे का कस्टमर केयर नंबर सर्च किया। कॉल करने पर एक युवक ने कहा कि वह कस्टमर केयर से बोल रहा है। आपके रुपये वापस आ जाएंगे। उन्होंने आईडी पूछ कर खाते से 4 बजकर एक मिनट पर करीब 73 हजार रुपये अपने खाते में ट्रांसफर कर लिए। उसने साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 पर भी कॉल की। ड्यूटी के चलते पलवल गया हुआ था। उस समय शिकायत नहीं दे सका। अब रिपोर्ट दर्ज करवा रहा हूं। पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ ठगी का केस दर्ज किया है।
रोहतक के पाश इलाके माडल टाउन में बंद पड़े मकान में घुसकर चोर साढ़े नौ लाख रुपये के जेवरात, नकदी व अन्य सामान ले गए। मकान मालिक बीएसएफ के असम स्थित सिल्चर मुख्यालय में कमांडेंट है। छुट्टी न मिलने के कारण ऑनलाइन एसपी को शिकायत भेजकर केस दर्ज कराया है।
मकान मालिक बीएसएफ में कमांडेंट, नहीं मिली चोरी के बावजूद घर आने की छुट्टी
पुलिस को दी शिकायत में कमांडेंट विनित सहगल ने बताया कि कई साल पहले उसके माता-पिता का देहांत हो चुका है। वह असम के सिल्चर मुख्यालय में कमांडेंट है। ऐसे में घर पर कोई नहीं रहता। घर की चाबी चाचा को सौंप रखी हैं। वह रोहतक सितंबर 2022 में आया था। एक जून की सुबह चाचा ने सूचना दी कि घर में चोरी हो गई है।
ऑनलाइन भेजी एसपी को शिकायत, पुलिस ने किया चोरी का केस दर्ज
उसने तुरंत माडल टाउन पुलिस चौकी को अवगत कराया। चोर उसके घर से 7 लाख से ज्यादा के जेवरात, दो लाख की नकदी, घर के कागजात, अन्य दस्तावेत व घरेलू सामान लेकर गए हैं। वारदात के बाद उसने छुट्टी लेने के लिए अर्जी दी थी, लेकिन मंजूर नहीं हो सकी। ऐसे में वह ऑनलाइन ही शिकायत भेज रहा है।