{"_id":"5b1af2a24f1c1bac6e8b6ebc","slug":"141528492706-rohtak-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सहकारिता मंत्री की रिश्तेदारी से चेन स्नैचिंग करने वाला निकला अंतरराज्यीय गिरोह का सदस्य, सहारनपुर से गिरफ्तार","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
सहकारिता मंत्री की रिश्तेदारी से चेन स्नैचिंग करने वाला निकला अंतरराज्यीय गिरोह का सदस्य, सहारनपुर से गिरफ्तार
Updated Sat, 09 Jun 2018 03:00 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तर प्रदेश के शामली व सहारनपुर के लिए भी जरुरी-----
फोटो परिचय
एमए-4
एवीटी द्वारा पकड़ा गया अंतरराज्यीय गिरोह का सदस्य शामली निवासी अनिल।
---
सहकारिता मंत्री की रिश्तेदारी से चेन स्नैचिंग करने वाला निकला अंतरराज्यीय गिरोह का सदस्य, सहारनपुर से गिरफ्तार
- कई अन्य घटनाओं को अंजाम देना भी किया स्वीकार
-एवीटी के हाथ लगी सफलता
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
एवीटी ने सहकारिता मंत्री की रिश्तेदार समेत कई लोगों से स्नैचिंग की घटनाओं को अंजाम देने वाले अंतरराज्यीय गिरोह के सदस्य को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने अपने साथियों के साथ मिलकर हरियाणा के विभिन्न स्थानों पर कई घटनाओं को अंजाम देना स्वीकार किया है। एवीटी ने गिरोह के अन्य सदस्यों को भी जल्द ही गिरफ्तार करने का दावा किया है।
एवीटी प्रभारी मनोज वर्मा ने बताया कि पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर उत्तरप्रदेश के सहारनपुर में दबिश दी। दबिश देकर शामली के रामपुरा गांव निवासी अनिल को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने पूछताछ में बताया कि वह अंतरराज्यीय स्नैचिंग गिरोह का सदस्य है। कोर्ट के आदेश पर आरोपी को रिमांड पर लिया गया।
आरोपी के मुताबिक बीती 22 अप्रैल को साथियों के साथ मिलकर मान सरोवर पार्क के पास महिला से सोने की चेन लूट ली थी। बाद में पता चला था कि उक्त महिला सहकारिता मंत्री मनीष ग्रोवर की रिश्तेदार ममता अरोरा है। विरोध करने पर गिरोह के सदस्य महिला को टक्कर मारकर फरार हो गए थे। इसके अलावा गिरोह ने हरियाणा के करनाल, अंबाला, यमुनानगर समेत कई जिलों में स्नैचिंग की घटनाओं को अंजाम दिया है। एवीटी प्रभारी ने बताया कि गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में भी दबिश दी जा रही है।
विज्ञापन
---
सीसीटीवी में हो गए थे कैद
अधिकतर मामलों में आरोपी घटना को अंजाम देने के सीसीटीवी में कैद हो गए थे। लेकिन पुलिस इसके बाद भी आरोपियों को पकड़ने में नाकाम थी। एवीटी प्रभारी मनोज वर्मा ने महिला व लोगों से अपील कि है कि घर से बाहर जाते समय यदि कोई संदिग्ध दिखे तो इसकी सूचना पुलिस कंट्रोल रूम 100 या फिर 1091 पर दे। ऐसे व्यक्ति के खिलाफ जांच के बाद कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
विज्ञापन
फोटो परिचय
एमए-4
एवीटी द्वारा पकड़ा गया अंतरराज्यीय गिरोह का सदस्य शामली निवासी अनिल।
---
सहकारिता मंत्री की रिश्तेदारी से चेन स्नैचिंग करने वाला निकला अंतरराज्यीय गिरोह का सदस्य, सहारनपुर से गिरफ्तार
- कई अन्य घटनाओं को अंजाम देना भी किया स्वीकार
-एवीटी के हाथ लगी सफलता
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
एवीटी ने सहकारिता मंत्री की रिश्तेदार समेत कई लोगों से स्नैचिंग की घटनाओं को अंजाम देने वाले अंतरराज्यीय गिरोह के सदस्य को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने अपने साथियों के साथ मिलकर हरियाणा के विभिन्न स्थानों पर कई घटनाओं को अंजाम देना स्वीकार किया है। एवीटी ने गिरोह के अन्य सदस्यों को भी जल्द ही गिरफ्तार करने का दावा किया है।
एवीटी प्रभारी मनोज वर्मा ने बताया कि पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर उत्तरप्रदेश के सहारनपुर में दबिश दी। दबिश देकर शामली के रामपुरा गांव निवासी अनिल को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने पूछताछ में बताया कि वह अंतरराज्यीय स्नैचिंग गिरोह का सदस्य है। कोर्ट के आदेश पर आरोपी को रिमांड पर लिया गया।
विज्ञापन
आरोपी के मुताबिक बीती 22 अप्रैल को साथियों के साथ मिलकर मान सरोवर पार्क के पास महिला से सोने की चेन लूट ली थी। बाद में पता चला था कि उक्त महिला सहकारिता मंत्री मनीष ग्रोवर की रिश्तेदार ममता अरोरा है। विरोध करने पर गिरोह के सदस्य महिला को टक्कर मारकर फरार हो गए थे। इसके अलावा गिरोह ने हरियाणा के करनाल, अंबाला, यमुनानगर समेत कई जिलों में स्नैचिंग की घटनाओं को अंजाम दिया है। एवीटी प्रभारी ने बताया कि गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में भी दबिश दी जा रही है।
विज्ञापन
---
सीसीटीवी में हो गए थे कैद
अधिकतर मामलों में आरोपी घटना को अंजाम देने के सीसीटीवी में कैद हो गए थे। लेकिन पुलिस इसके बाद भी आरोपियों को पकड़ने में नाकाम थी। एवीटी प्रभारी मनोज वर्मा ने महिला व लोगों से अपील कि है कि घर से बाहर जाते समय यदि कोई संदिग्ध दिखे तो इसकी सूचना पुलिस कंट्रोल रूम 100 या फिर 1091 पर दे। ऐसे व्यक्ति के खिलाफ जांच के बाद कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।