फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Rohtak News ›   बजती रही पुलिस कंट्रोल रूम की घंटी, किसी ने नहीं उठाई दुकानदार की कॉल

बजती रही पुलिस कंट्रोल रूम की घंटी, किसी ने नहीं उठाई दुकानदार की कॉल

Sun, 03 Sep 2017 02:27 AM IST
Updated Sun, 03 Sep 2017 02:27 AM IST
विज्ञापन
बजती रही पुलिस कंट्रोल रूम की घंटी, किसी ने नहीं उठाई दुकानदार की कॉल
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

रोहतक। गांव बहुजमालपुर में मौत के घाट उतारे गए दो दोस्तों की जान शायद बच सकती थी यदि पुलिस कंट्रोल रूम में दुकानदार द्वारा की गई कॉल को रिसीव कर लिया जाता। जिस युवक नसीब पर हत्या का आरोप लगा है उसने वारदात से पहले एक दुकानदार के साथ मारपीट की थी। तभी दुकानदार ने पुलिस कंट्रोल रूम में फोन किया, लेकिन किसी ने कॉल रिसीव नहीं की। तब तो आरोपी अपने साथी के साथ मौके से फरार हो गया। कुछ देर बाद उसने पीछा कर धर्मबीर और सुनील की हत्या कर दी। मृतक सुनील शादीशुदा था जबकि धर्मबीर की शादी नहीं हुई थी। धर्मबीर के पिता दृष्टीहीन हैं।

गांव गद्दीखेड़ी निवासी दुकानदार भूपेंद्र की जुबानी
हिसार रोड पर शराब ठेके के नजदीक मेरी किरयाना की दुकान है। मैं रात करीब दस बजे दुकान बंद करके घर जा रहा था। तभी नसीब दुकान पर आ गया। उसने कुछ सामान मांगा। दुकान बंद होने के कारण मैंने सामान देने से मना कर दिया। इस पर उसने मेरे साथ हाथापाई शुरू कर दी। जब मैंने विरोध किया तो आरोपी ने मेरे साथ मारपीट की। तभी मैंने पुलिस को सूचना देने के लिए 100 नंबर पर फोन किया, मगर घंटी बजती रही, किसी ने कॉल रिसीव नहीं की। पुलिस कंट्रोल रूम में कॉल करते ही आरोपी बाइक लेकर फरार हो गया।
विज्ञापन


पहले शराब पिलाई फिर कर दी हत्या
मृतक धर्मबीर के परिजनों का कहना है कि उनके परिवार की कभी किसी से भी रंजिश नहीं रही है। केवल धर्मबीर की नसीब से कहासुनी हो गई थी। नसीब ने पूरी योजना के साथ वारदात की। उसने पहले तो धर्मबीर और सुनील को जमकर शराब पिलाई। जब वह नशे में धुत हो गए तो उनके साथ झगड़ा किया। झगड़ा होने के बाद धर्मबीर और सुनील अपनी बाइक पर गांव की तरफ चल दिए। इसके बाद भी आरोपियों ने गांव के तालाब के पास सुनील और धर्मबीर को शराब पिलाई। जैसे ही धर्मबीर अपने घर के सामने पहुंचा तो आरोपियों ने अचानक दोनों के सिर पर धारदार हथियार से पीछे से वार कर दिया। सिर में गहरा घाव होने से दोनों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन


हाईवे पर खुला शराब ठेका बन रहा उपद्रव की वजह
गांव में लड़ाई झगड़े का एक कारण अड्डे पर मौजूद शराब ठेके भी है। हैरानी की बात यह है कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बावजूद यह ठेका हिसार रोहतक नेशनल हाईवे पर खुला हुआ है। न तो पुलिस की तरफ इसे बंद करवाने का प्रयास किया गया और न ही आबकारी विभाग ने जहमत उठाई। ग्रामीणों ने बताया कि इस ठेके की वजह से रोज रात को लड़ाई झगड़े होते हैं। लोग शराब पीकर या तो दुकानदारों से भिड़ते हैं या फिर आपस में मारपीट करते हैं। इसके बावजूद पुलिस प्रशासन की तरफ से ठेके के आसपास पीसीआर को तैनात नहीं किया गया।

शराब ठेके से 500 मीटर दूरी पर पुलिस नाका
हिसार रोड पर जिस जगह पर शराब का ठेका है उससे करीब 500 मीटर की दूरी पर ही पुलिस नाका है। ड्रेन नंबर आठ पर बने इस नाके से भी पुलिस ने शराब ठेके तक आने की जहमत नहीं उठाई। हैरत की बात यह है कि गांव के बीच में धारदार हथियार से दोनों की हत्या कर दी गई, लेकिन किसी ने भी उनके चीखने और चिल्लाने की आवाज नहीं सुनी। जब पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पड़ोसियों से बातचीत की तो उन्होंने कुछ नहीं बताया। सभी ने एक सुर कह दिया कि उन्हें वारदात के बारे में कुछ नहीं पता, किसी के भी चीखने की आवाज नहीं आई।

दोहरे हत्याकांड से दहशत में ग्रामीण, गश्त की मांग
दोहरे हत्याकांड के बाद गांव बहुजमालपुर के ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि आरोपी खुलेआम गांव में हत्या करके फरार हो रहे हैं। जब पुलिस को फोन किया जाता है तो कोई जवाब नहीं मिलता। ऐसे मेें रात को ग्रामीणों का घर से निकलना मुश्किल हो जाएगा। ग्रामीणों ने गांव पहुंचे डीएसपी विजय कुमार ने गश्त बढ़ने की मांग की है। साथ ही आरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार करने की मांग की। सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण शनिवार सुबह पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे थे।

शराब ठेका सेल्समैन राजेश की जुबानी
तीन युवक शराब लेने आए थे। शराब लेने के बाद वह रोड पार करके अंडे की दुकान पर चले गए थे। कुछ देर बाद ही पता चला कि सभी के बीच में अंडे की दुकान पर भी मारपीट हुई। मारपीट होने के बाद दो युवक बाइक पर बैठकर गांव की तरफ चले गए जबकि दो युवक हिसार रोड की तरफ चले गए। हिसार रोड की तरफ जाने वाले युवक बगल वाली दुकान पर आए। यहां पर भी दोनों ने दुकानदार के साथ मारपीट की।


हत्या करने की जगह पर भी शक
जिस तरह से धर्मबीर के घर के बाहर उसका और सुनील का शव मिला है उससे परिजनों में हत्या करने की जगह पर भी शक हो गया है। परिजनों का कहना है कि दोनों की हत्या करने के बाद शव को घर के बाहर फेंका गया है। ताकि दहशत पैदा कर सकें। जबकि डीएसपी विजय कुमार का दावा है कि घर के सामने ही हत्या की गई है। जहां शव मिले हैं वहां के अलावा किसी भी जगह खून नहीं है। न ही मृतकों के कपड़ों पर ज्यादा खून लगा हुआ है। यदि उनकी हत्या करके लाया जाता तो पूरे शरीर पर खून होता।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed