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Rohtak News: चार साल में दोगुना हुए शहर में कलेक्टर रेट, पहले दिन नहीं हुई रजिस्ट्री
Sat, 02 Aug 2025 01:50 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
Updated Sat, 02 Aug 2025 01:50 AM IST
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डीएलएफ कॉलोनी स्थित पार्क। संवाद
रोहतक। शहर में चार साल में प्रॉपर्टी के भाव दोगुना हो गए हैं। मार्केट रेट की रफ्तार से ही सरकार ने कलेक्टर रेट दोगुना कर दिए हैं। शुक्रवार को नए कलेक्टर रेट के पहले दिन टोकन कटने के बावजूद कोई रजिस्ट्री नहीं हो सकी क्योंकि मुख्यालय की तरफ से अभी सॉफ्टवेयर में अभी नए कलेक्टर रेट अपलोड नहीं किए गए हैं। अब रजिस्ट्री सोमवार को होगी।
शहर के अंदर प्रॉपर्टी में 2004 से 2014 तक कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में उठापटक रही। रोहतक की चौधर आने के बाद हुड्डा सरकार के प्रथम कार्यकाल में सबसे ज्यादा शहर में प्रॉपर्टी के रेट में बढ़ोतरी हुई है। इसके बाद भाजपा की मनोहर लाल सरकार के प्रथम कार्यकाल में प्रॉपर्टी के कारोबार में ठहराव आ गया।
2019 से 2021 तक एक तरफ कोरोना संक्रमण तो दूसरी तरफ भाजपा सरकार ने सख्त नियम बनाए। खासकर अवैध तरीके से काटी गईं कॉलोनियों पर शिकंजा कसा हुआ है। इसका सीधा असर तहसील में होने वाली रजिस्ट्री पर पड़ रहा है।
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पहले जहां रोज 100 के करीब रजिस्ट्री होती थी, वहीं, अगस्त 2020 के बाद औसतन 50 से 60 ही रजिस्ट्री हुईं। अब चार साल बाद 1 अगस्त 2025 से नए कलेक्टर रेट लागू किए गए हैं जिसमें 10 से 50 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है।
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26 हजार से 51 हजार हो गए डीएलएफ कॉलोनी में कलेक्टर रेट
किला रोड बाजार में एक लाख से भी ज्यादा बढ़ा रेट
शहर में कलेक्टर रेट के हिसाब से डीएलएफ कॉलोनी व प्रताप नगर में सबसे ज्यादा कलेक्टर रेट हो गए हैं। 2021 में जहां रिहायशी कलेक्टर रेट 26 हजार 400 रुपये प्रति गज थे, वहां अब 51 हजार प्रति गज पहुंच गए हैं। झंग कॉलोनी, मानसरोवर कॉलोनी, जगदीश कॉलोनी सहित आसपास के क्षेत्र का कलेक्टर रेट भी इसी औसत से बढ़ा है।
वहीं, सबसे महंगे बाजार किला रोड बाजार में 2021 में वाणिज्यिक कलेक्टर रेट 1 लाख 37 हजार थे, जो अब बढ़कर 2 लाख 40 हजार रुपये प्रति गज हो गए हैं। शौरी मार्केट में कलेक्टर रेट 1.26 से 1.89 लाख व मॉडल टाउन व डी पार्क में 72 हजार से 1.45 लाख रुपये प्रति गज हो गए हैं।
रेलवे रोड, भिवानी स्टैंड व आसपास के बाजार की भी यही स्थिति है। तहसील में औसतन हर रोज 60 से ज्यादा रजिस्ट्री होती हैं जबकि 40 के करीब डीआरओ कार्यालय में हो रही हैं।
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सरकार ने 50 प्रतिशत तक कलेक्टर रेट बढ़ाकर गलत किया है क्योंकि इससे गरीब व माध्यम वर्ग के लिए मकान खरीदना और महंगा हो जाएगा। पूंजीपति लोग ही इतनी राशि का लेनदेन कर सकेंगे। एकता कॉलोनी व शीतल नगर में मार्केट रेट से भी ज्यादा कलेक्टर रेट बढ़ाए गए हैं जो गलत है।
- रमेश खुराना, प्रधान प्रॉपर्टी डीलर एवं एडवाइजर एसोसिएशन
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मुख्यालय की तरफ से सॉफ्टवेयर अपडेट किया जा रहा है। इस कारण शुक्रवार को रजिस्ट्री नहीं हो सकी जबकि वीरवार को सरकारी छुट्टी थी।
- गुलाब सिंह, तहसीलदार रोहतक
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शहर के अंदर प्रॉपर्टी में 2004 से 2014 तक कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में उठापटक रही। रोहतक की चौधर आने के बाद हुड्डा सरकार के प्रथम कार्यकाल में सबसे ज्यादा शहर में प्रॉपर्टी के रेट में बढ़ोतरी हुई है। इसके बाद भाजपा की मनोहर लाल सरकार के प्रथम कार्यकाल में प्रॉपर्टी के कारोबार में ठहराव आ गया।
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2019 से 2021 तक एक तरफ कोरोना संक्रमण तो दूसरी तरफ भाजपा सरकार ने सख्त नियम बनाए। खासकर अवैध तरीके से काटी गईं कॉलोनियों पर शिकंजा कसा हुआ है। इसका सीधा असर तहसील में होने वाली रजिस्ट्री पर पड़ रहा है।
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पहले जहां रोज 100 के करीब रजिस्ट्री होती थी, वहीं, अगस्त 2020 के बाद औसतन 50 से 60 ही रजिस्ट्री हुईं। अब चार साल बाद 1 अगस्त 2025 से नए कलेक्टर रेट लागू किए गए हैं जिसमें 10 से 50 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है।
26 हजार से 51 हजार हो गए डीएलएफ कॉलोनी में कलेक्टर रेट
किला रोड बाजार में एक लाख से भी ज्यादा बढ़ा रेट
शहर में कलेक्टर रेट के हिसाब से डीएलएफ कॉलोनी व प्रताप नगर में सबसे ज्यादा कलेक्टर रेट हो गए हैं। 2021 में जहां रिहायशी कलेक्टर रेट 26 हजार 400 रुपये प्रति गज थे, वहां अब 51 हजार प्रति गज पहुंच गए हैं। झंग कॉलोनी, मानसरोवर कॉलोनी, जगदीश कॉलोनी सहित आसपास के क्षेत्र का कलेक्टर रेट भी इसी औसत से बढ़ा है।
वहीं, सबसे महंगे बाजार किला रोड बाजार में 2021 में वाणिज्यिक कलेक्टर रेट 1 लाख 37 हजार थे, जो अब बढ़कर 2 लाख 40 हजार रुपये प्रति गज हो गए हैं। शौरी मार्केट में कलेक्टर रेट 1.26 से 1.89 लाख व मॉडल टाउन व डी पार्क में 72 हजार से 1.45 लाख रुपये प्रति गज हो गए हैं।
रेलवे रोड, भिवानी स्टैंड व आसपास के बाजार की भी यही स्थिति है। तहसील में औसतन हर रोज 60 से ज्यादा रजिस्ट्री होती हैं जबकि 40 के करीब डीआरओ कार्यालय में हो रही हैं।
सरकार ने 50 प्रतिशत तक कलेक्टर रेट बढ़ाकर गलत किया है क्योंकि इससे गरीब व माध्यम वर्ग के लिए मकान खरीदना और महंगा हो जाएगा। पूंजीपति लोग ही इतनी राशि का लेनदेन कर सकेंगे। एकता कॉलोनी व शीतल नगर में मार्केट रेट से भी ज्यादा कलेक्टर रेट बढ़ाए गए हैं जो गलत है।
- रमेश खुराना, प्रधान प्रॉपर्टी डीलर एवं एडवाइजर एसोसिएशन
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मुख्यालय की तरफ से सॉफ्टवेयर अपडेट किया जा रहा है। इस कारण शुक्रवार को रजिस्ट्री नहीं हो सकी जबकि वीरवार को सरकारी छुट्टी थी।
- गुलाब सिंह, तहसीलदार रोहतक

डीएलएफ कॉलोनी स्थित पार्क। संवाद