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शहर में सम-विषम फॉर्मूला फिर हिट
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक
Updated Tue, 19 Jan 2016 12:14 AM IST
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जिला प्रशासन और ऑटो यूनियन की सम-विषम फॉर्मूले की पहल शहर में एक बार
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फिर हिट साबित हुई। पिछले सोमवार की तरह इस बार सम संख्या के ऑटो सड़क पर
दौड़ते नजर आए। एक बार फिर चौक-चौराहों पर लगने वाले जाम से लोगों को
मुक्ति मिली।
सुबह अंबेडकर चौक से सम संख्या के चालकों को डीएसपी अमित भाटिया ने फूल भेंट कर रवाना किया। अब 25 जनवरी को एक बार फिर विषम संख्या की ऑटो चलाए जाएंगे। चारो सोमवार इस फॉर्मूलों के पूरे होने के बाद आटो यूनियन व्यवस्था की समीक्षा कर शहर में इसे हमेशा के लिए लागू कर सकता है।
समीक्षा के बाद बड़ा फैसला
हरियाणा प्रदेश ऑटो रिक्शा कल्याण संघ के प्रदेशाध्यक्ष तस्वीर टांक ने कहा कि चार सोमवार तक का ट्रायल पूरा होने पर समीक्षा की जाएगी। समीक्षा में चालाक ों और शहरवासियों को फायदा होने पर व्यवस्था को रोजाना लागू कर दिया जाएगा। इसके बाद शहर की सड़कों पर एक दिन सम तो एक दिन विषम संख्या के ऑटो नजर आएंगे।
सरकार ने मांगे मानी तो प्रदेशभर में सम-विषम
संघ के प्रदेशाध्यक्ष तस्वीर टांक ने कहा कि यदि प्रदेश सरकार ऑटो चालकों के छह महीनों के टैक्ट माफ कर दे तो इस फॉर्मूले को प्रदेश स्तर पर लागू किया जा सकता है।
इस संबंध में संघ के पदाधिकारी जल्द ही एक मांग पत्र डीसी को सौंपेंगे। टांक का कहना है जल्द ही संघ के पदाधिकारियों की बैठक बुलाई जाएगी। प्रदेशाध्यक्ष टांक ने बताया पूरे शहर में सम संख्या के करीब साढ़े पांच हजार ऑटो है। इनमें से कुछ ग्रामीण रूटों पर चलते हैं।
हरी और लाल पट्टी से होगी सम विषम की पहचान
अब सम और विषम संख्या के ऑटो की पहचान लाल और हरी पट्टी से होगी। आरएसओ राजेश लूंबा टीनू ने बताया कि विषम (1, 3, 5, 7, 9) संख्या वाले ऑटो पर हरी और सम (0, 2, 4, 6, 8) संख्या वाले ऑटो पर लाल पट्टी लगाई गई है।
खाली नजर आए भीड़भाड़ वाले चौक
आमतौर पर भिवानी स्टैंड, छोटूराम चौक सहित अन्य चौराहों पर जाम लगा रहता था। सम-विषम व्यवस्था के लागू होने के बाद चौरोहे खाली खाली नजर आए। वहीं कुछ ऑटो ऐसे भी थे जिनमें नंबर प्लेट ही नहीं थी। उन्हें रोककर जांच की गई और उनका चालान किया गया।
चालकों ने खुद माना: हुआ फायदा
चालकों का कहना है कि एक दिन में चार दिनों की कमाई पूरी हो रही है। इतना ही नहीं सवारियों के लिए घंटों तक चौराहों पर खड़ा नहीं होना पड़ रहा है।
सड़कों पर नहीं दिखे विषम संख्या के ऑटो
18 जनवरी को सम संख्या के ऑटो चलने की सूचना पर शहर में विषम संख्या के ऑटो नहीं चले। जो ऑटो चालक भूलवश आए उन्हें समझाकर वापस भेज दिया गया।
पुलिस प्रशासन की ओर से ऑटो यूनियन से सम विषम फॉर्मूले का ट्रायल करने की अपील की गई थी। इसकी समीक्षा के बाद इसे रेगुलर करने के बिंदु पर चर्चा की जाएगी।
अमित भाटिया, डीएसपी, ट्रैफिक
व्यवस्था को प्रदेशभर में लागू करने के लिए प्रदेश सरकार को एक प्रस्ताव भेजा जाएगा। इसमें टैक्स माफ करने संबंधी अन्य मांगे होगी। मांगे मानने के बाद इसे लागू किया जाएगा।
- तस्वीर टांक, प्रदेशाध्यक्ष, हरियाणा प्रदेश ऑटो रिक्शा कल्याण संघ
शहर के लोगों को जाम से छुटकारा मिला है। व्यवस्था में और ज्यादा सुधार लाने के लिए जल्द नई रूपरेखा तैयार की जाएगी। सम-विषम फॉर्मूले को लोगों ने सराहा है।
- राजेश लूंबा टीनू, वरिष्ठ उपाध्यक्ष, आरएसओ
सुबह अंबेडकर चौक से सम संख्या के चालकों को डीएसपी अमित भाटिया ने फूल भेंट कर रवाना किया। अब 25 जनवरी को एक बार फिर विषम संख्या की ऑटो चलाए जाएंगे। चारो सोमवार इस फॉर्मूलों के पूरे होने के बाद आटो यूनियन व्यवस्था की समीक्षा कर शहर में इसे हमेशा के लिए लागू कर सकता है।
समीक्षा के बाद बड़ा फैसला
हरियाणा प्रदेश ऑटो रिक्शा कल्याण संघ के प्रदेशाध्यक्ष तस्वीर टांक ने कहा कि चार सोमवार तक का ट्रायल पूरा होने पर समीक्षा की जाएगी। समीक्षा में चालाक ों और शहरवासियों को फायदा होने पर व्यवस्था को रोजाना लागू कर दिया जाएगा। इसके बाद शहर की सड़कों पर एक दिन सम तो एक दिन विषम संख्या के ऑटो नजर आएंगे।
सरकार ने मांगे मानी तो प्रदेशभर में सम-विषम
संघ के प्रदेशाध्यक्ष तस्वीर टांक ने कहा कि यदि प्रदेश सरकार ऑटो चालकों के छह महीनों के टैक्ट माफ कर दे तो इस फॉर्मूले को प्रदेश स्तर पर लागू किया जा सकता है।
इस संबंध में संघ के पदाधिकारी जल्द ही एक मांग पत्र डीसी को सौंपेंगे। टांक का कहना है जल्द ही संघ के पदाधिकारियों की बैठक बुलाई जाएगी। प्रदेशाध्यक्ष टांक ने बताया पूरे शहर में सम संख्या के करीब साढ़े पांच हजार ऑटो है। इनमें से कुछ ग्रामीण रूटों पर चलते हैं।
हरी और लाल पट्टी से होगी सम विषम की पहचान
अब सम और विषम संख्या के ऑटो की पहचान लाल और हरी पट्टी से होगी। आरएसओ राजेश लूंबा टीनू ने बताया कि विषम (1, 3, 5, 7, 9) संख्या वाले ऑटो पर हरी और सम (0, 2, 4, 6, 8) संख्या वाले ऑटो पर लाल पट्टी लगाई गई है।
खाली नजर आए भीड़भाड़ वाले चौक
आमतौर पर भिवानी स्टैंड, छोटूराम चौक सहित अन्य चौराहों पर जाम लगा रहता था। सम-विषम व्यवस्था के लागू होने के बाद चौरोहे खाली खाली नजर आए। वहीं कुछ ऑटो ऐसे भी थे जिनमें नंबर प्लेट ही नहीं थी। उन्हें रोककर जांच की गई और उनका चालान किया गया।
चालकों ने खुद माना: हुआ फायदा
चालकों का कहना है कि एक दिन में चार दिनों की कमाई पूरी हो रही है। इतना ही नहीं सवारियों के लिए घंटों तक चौराहों पर खड़ा नहीं होना पड़ रहा है।
सड़कों पर नहीं दिखे विषम संख्या के ऑटो
18 जनवरी को सम संख्या के ऑटो चलने की सूचना पर शहर में विषम संख्या के ऑटो नहीं चले। जो ऑटो चालक भूलवश आए उन्हें समझाकर वापस भेज दिया गया।
पुलिस प्रशासन की ओर से ऑटो यूनियन से सम विषम फॉर्मूले का ट्रायल करने की अपील की गई थी। इसकी समीक्षा के बाद इसे रेगुलर करने के बिंदु पर चर्चा की जाएगी।
अमित भाटिया, डीएसपी, ट्रैफिक
व्यवस्था को प्रदेशभर में लागू करने के लिए प्रदेश सरकार को एक प्रस्ताव भेजा जाएगा। इसमें टैक्स माफ करने संबंधी अन्य मांगे होगी। मांगे मानने के बाद इसे लागू किया जाएगा।
- तस्वीर टांक, प्रदेशाध्यक्ष, हरियाणा प्रदेश ऑटो रिक्शा कल्याण संघ
शहर के लोगों को जाम से छुटकारा मिला है। व्यवस्था में और ज्यादा सुधार लाने के लिए जल्द नई रूपरेखा तैयार की जाएगी। सम-विषम फॉर्मूले को लोगों ने सराहा है।
- राजेश लूंबा टीनू, वरिष्ठ उपाध्यक्ष, आरएसओ