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पत्नी ने फंदे पर लटके पति की बचा ली जान
Rohtak
Updated Sat, 18 May 2013 05:31 AM IST
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नारनौल। गांव गुजरवास निवासी एक मजदूर ने आत्महत्या करने के लिए घर में फंदा लगाकर झूला ही था कि पत्नी ने देख लिया। उसने हिम्मत कर अपने पति को बांहों में संभाल लिया और मदद के लिए चिल्लाना शुरू किया। करीब आधे घंटे तक किसी ने उसकी आवाज नहीं सुनी और महिला ने भी हिम्मत नहीं हारी। अपने पति को उठाए हुए उसने उसके गले में रस्सी को कसने नहीं दिया। आखिरकार आधे घंटे बाद लोगों ने पहुंचकर मजदूर को फंदे से उतारा और अचेत हालत में अस्पताल में भरती कराया। डाक्टरों ने उसे बचा लिया है।
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार दोपहर गुजरवास निवासी विक्रम सिंह (35) का अपनी पत्नी से किसी बात को लेकर झगड़ा हो गया। झगड़े के चलते उसकी पत्नी घर से बाहर चली गई जबकि विक्रम कमरे में लगे पंखे के हुक से फंदा लगाकर लटक गया। इस बीच उसकी पत्नी कमरे में लौटी और उसने विक्रम को लटकते देखकर उसे बांहों में संभाला और फंदा गले में कसने नहीं दिया। वह करीब आधा घंटा मदद के लिए चिल्लाती रहै। मौके पर पहुंचे पड़ोस के लोगों ने विक्रम सिंह को उतारा और अर्द्धबेहोशी की हालत में नारनौल के सिविल अस्पताल पहुंचाया। डाक्टरों ने वहां उसे खतरे से बाहर बताया है। समाचार लिखे जाने तक मामला पुलिस को नहीं दिया गया था। आत्महत्या का केस दर्ज होने के भय से परिजन पुलिस से बचते नजर आए।
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जानकारी के अनुसार, शुक्रवार दोपहर गुजरवास निवासी विक्रम सिंह (35) का अपनी पत्नी से किसी बात को लेकर झगड़ा हो गया। झगड़े के चलते उसकी पत्नी घर से बाहर चली गई जबकि विक्रम कमरे में लगे पंखे के हुक से फंदा लगाकर लटक गया। इस बीच उसकी पत्नी कमरे में लौटी और उसने विक्रम को लटकते देखकर उसे बांहों में संभाला और फंदा गले में कसने नहीं दिया। वह करीब आधा घंटा मदद के लिए चिल्लाती रहै। मौके पर पहुंचे पड़ोस के लोगों ने विक्रम सिंह को उतारा और अर्द्धबेहोशी की हालत में नारनौल के सिविल अस्पताल पहुंचाया। डाक्टरों ने वहां उसे खतरे से बाहर बताया है। समाचार लिखे जाने तक मामला पुलिस को नहीं दिया गया था। आत्महत्या का केस दर्ज होने के भय से परिजन पुलिस से बचते नजर आए।
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