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वैरागन मनीषा बनीं विशाखा साध्वी
Updated Fri, 20 Apr 2018 01:24 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
रानियां।
स्थानीय गाबा रिजोर्ट में वीरवार को वैरागन मनीषा ने सांसारिक मोह माया त्यागते हुए जैन दीक्षा अंगीकार की। दीक्षा समारोह आचार्य शिवमुनि महाराज की आज्ञानुवर्ती साध्वी कैलाशवती की शिष्या एवं साध्वी चन्द्रप्रभा की गुरु बहन साध्वी रत्ना साध्वी सुव्रतप्रभा के सानिध्य में संपन्न हुई। मनीषा को दीक्षा पाठ नवकार साधक पंडितरत्न विचक्षण मुनि ने पढ़ाया। इसके बाद वैरागन मनीषा विशाखा साध्वी बन गईं। इससे पहले जैन धर्मशाला में वैरागन मनीषा को बाहर के संघों से आए श्रद्धालुओं ने तिलक लगाकर अभिनंदन किया। उन्हें पालकी में बैठाकर शोभायात्रा निकाली गई। वेद प्रकाश चाचाण ने झंडी दिखाकर शोभायात्रा को रवाना किया। शोभायात्रा का रानियां के बाजारों में जगह-जगह स्वागत किया गया। वहीं, करनाल से आए हैलीकाप्टर द्वारा पूरे शहर में पुष्प वर्षा की गई। जैन श्रद्धालु नाचते गाते हुए वैरागन मनीषा को दीक्षा स्थल तक अपने हाथों से उठाकर लाए। मंच पर पहुंचते ही वैरागन मनीषा ने कहा कि वे सांसारिक मोह माया को त्याग साध्वी बनने जा रही हैं, क्योंकि उन्होंने त्याग के मार्ग पर चलने का संकल्प लिया था।
इसके बाद मनीषा ने सफेद वस्त्र धारण किए। मंच पर जैन साध्वियों ने उनका केश लोचन किया और उन्होंने अपने गुरु से रजोहरण धारण किया। दीक्षा गुरु विचक्षण मुनि ने उन्हें विशाखा साध्वी का नाम दिया। मंच संचालन मूनक के रमेश जैन, रानियां से दर्शन जैन व एस एस जैन सभा के प्रवक्ता नरेश जैन ने संयुक्त रूप से किया। इस अवसर पर भाजपा अनुशासन समिति के अध्यक्ष प्रो गणेशी लाल, धैर्य कांडा, पूर्व विधायक कृष्ण कंबोज, रानियां मार्केट कमेटी के चेयरमैन शीशपाल कंबोज, माटीकला बोर्ड के चेयरमैन गुरदेव सिंह राही, कांग्रेसी नेता होशियारी लाल शर्मा, हलोपा नेता निर्मल सिंह मलड़ी, लक्ष्मण गुर्जर, मंगल देश के प्रधान संदीप जैन, पूर्व प्रधान सुभाष जैन लिल्ली, कालांवाली के प्रधान संदीप जैन, संजय जैन, गिदड़बाहा से चीनू जैन, रतिया से रजिन्द्र मित्तल, कृष्ण लाल जैन, रमेश जैन, अभिषेक जैन, साहिल जैन, घंटी जैन, गणेश जैन सहित पंजाब, हरियाणा, दिल्ली व राजस्थान से हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया।
सांसद ने 11 लाख देने की घोषणा की
दीक्षा महोत्सव में मुख्यअतिथि सिरसा के सांसद चरणजीत सिंह रोड़ी ने भाग लिया। वहीं, राजकीय अतिथि के रूप में राज्य मंत्री कर्णदेव कंबोज व रानियां के विधायक रामचन्द्र कंबोज ने भाग लिया। इस मौके पर सांसद रोड़ी ने कहा कि जैन धर्म सबसे त्यागी धर्म है। उन्होंने कहा कि आज वैरागन सांसारिक वस्तुओं का त्याग कर जैन साध्वी बनी। उन्होंने अपने सांसद निधि से जैन समाज को 11 लाख रुपये देने की घोषणा की। वहीं राज्य मंत्री कर्ण देव कंबोज ने कहा कि जैन समाज के लोगों ने त्याग के मार्ग पर चलने का जो निर्णय लिया है वे उनका स्वागत करते हैं। उन्होंने अपने कोष से 5 लाख रुपये रानियां एस एस जैन सभा को देने की घोषणा की। वहीं, स्थानीय विधायक रामचंद्र कंबोज ने भी संबोधित किया और 21 हजार रुपये देने की घोषणा की।
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बता दें कि सीबीएससी दिल्ली बोर्ड से बारहवीं की उच्च शिक्षा प्राप्त करने वाली नवदिक्षिता विशाखा साध्वी पंजाब के निहाल सिंह वाला के रहने वाली हैं। वे पिछले पांच वर्षों से वैरागन थीं।
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रानियां।
स्थानीय गाबा रिजोर्ट में वीरवार को वैरागन मनीषा ने सांसारिक मोह माया त्यागते हुए जैन दीक्षा अंगीकार की। दीक्षा समारोह आचार्य शिवमुनि महाराज की आज्ञानुवर्ती साध्वी कैलाशवती की शिष्या एवं साध्वी चन्द्रप्रभा की गुरु बहन साध्वी रत्ना साध्वी सुव्रतप्रभा के सानिध्य में संपन्न हुई। मनीषा को दीक्षा पाठ नवकार साधक पंडितरत्न विचक्षण मुनि ने पढ़ाया। इसके बाद वैरागन मनीषा विशाखा साध्वी बन गईं। इससे पहले जैन धर्मशाला में वैरागन मनीषा को बाहर के संघों से आए श्रद्धालुओं ने तिलक लगाकर अभिनंदन किया। उन्हें पालकी में बैठाकर शोभायात्रा निकाली गई। वेद प्रकाश चाचाण ने झंडी दिखाकर शोभायात्रा को रवाना किया। शोभायात्रा का रानियां के बाजारों में जगह-जगह स्वागत किया गया। वहीं, करनाल से आए हैलीकाप्टर द्वारा पूरे शहर में पुष्प वर्षा की गई। जैन श्रद्धालु नाचते गाते हुए वैरागन मनीषा को दीक्षा स्थल तक अपने हाथों से उठाकर लाए। मंच पर पहुंचते ही वैरागन मनीषा ने कहा कि वे सांसारिक मोह माया को त्याग साध्वी बनने जा रही हैं, क्योंकि उन्होंने त्याग के मार्ग पर चलने का संकल्प लिया था।
इसके बाद मनीषा ने सफेद वस्त्र धारण किए। मंच पर जैन साध्वियों ने उनका केश लोचन किया और उन्होंने अपने गुरु से रजोहरण धारण किया। दीक्षा गुरु विचक्षण मुनि ने उन्हें विशाखा साध्वी का नाम दिया। मंच संचालन मूनक के रमेश जैन, रानियां से दर्शन जैन व एस एस जैन सभा के प्रवक्ता नरेश जैन ने संयुक्त रूप से किया। इस अवसर पर भाजपा अनुशासन समिति के अध्यक्ष प्रो गणेशी लाल, धैर्य कांडा, पूर्व विधायक कृष्ण कंबोज, रानियां मार्केट कमेटी के चेयरमैन शीशपाल कंबोज, माटीकला बोर्ड के चेयरमैन गुरदेव सिंह राही, कांग्रेसी नेता होशियारी लाल शर्मा, हलोपा नेता निर्मल सिंह मलड़ी, लक्ष्मण गुर्जर, मंगल देश के प्रधान संदीप जैन, पूर्व प्रधान सुभाष जैन लिल्ली, कालांवाली के प्रधान संदीप जैन, संजय जैन, गिदड़बाहा से चीनू जैन, रतिया से रजिन्द्र मित्तल, कृष्ण लाल जैन, रमेश जैन, अभिषेक जैन, साहिल जैन, घंटी जैन, गणेश जैन सहित पंजाब, हरियाणा, दिल्ली व राजस्थान से हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया।
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सांसद ने 11 लाख देने की घोषणा की
दीक्षा महोत्सव में मुख्यअतिथि सिरसा के सांसद चरणजीत सिंह रोड़ी ने भाग लिया। वहीं, राजकीय अतिथि के रूप में राज्य मंत्री कर्णदेव कंबोज व रानियां के विधायक रामचन्द्र कंबोज ने भाग लिया। इस मौके पर सांसद रोड़ी ने कहा कि जैन धर्म सबसे त्यागी धर्म है। उन्होंने कहा कि आज वैरागन सांसारिक वस्तुओं का त्याग कर जैन साध्वी बनी। उन्होंने अपने सांसद निधि से जैन समाज को 11 लाख रुपये देने की घोषणा की। वहीं राज्य मंत्री कर्ण देव कंबोज ने कहा कि जैन समाज के लोगों ने त्याग के मार्ग पर चलने का जो निर्णय लिया है वे उनका स्वागत करते हैं। उन्होंने अपने कोष से 5 लाख रुपये रानियां एस एस जैन सभा को देने की घोषणा की। वहीं, स्थानीय विधायक रामचंद्र कंबोज ने भी संबोधित किया और 21 हजार रुपये देने की घोषणा की।
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बता दें कि सीबीएससी दिल्ली बोर्ड से बारहवीं की उच्च शिक्षा प्राप्त करने वाली नवदिक्षिता विशाखा साध्वी पंजाब के निहाल सिंह वाला के रहने वाली हैं। वे पिछले पांच वर्षों से वैरागन थीं।