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रेगुलराइजेशन पॉलिसी के लिए सरकार सही तरीके से करे पैरवी
Updated Thu, 07 Jun 2018 02:32 AM IST
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रेगुलराइजेशन पॉलिसी के लिए सरकार सही तरीके से करे पैरवी
रोहतक
पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय ने वर्ष 2014 में बनी रेगुलराइजेशन पॉलिसी को रद्द कर दिया है। इसका मुख्य कारण हरियाणा सरकार की ओर से केस की सही तरीके से पैरवी नहीं करना रहा। कर्मचारी हित में सरकार केस की सही पैरवी कर उन्हें राहत पहुंचाए। यह कहना है सरकार के फैसले से प्रभावित कर्मचारी श्रवण कुमार अरोड़ा का। वे बुधवार को शहर के हुडा सिटी पार्क में उच्च न्यायालय के आदेश से प्रभावित कर्मचारियों की बैठक में बोल रहे थे।
यहां उन्होंने कहा कि उच्च न्यायालय के आदेशानुसार नियमित हो चुके 5000 से अधिक कर्मचारियों के अतिरिक्त अनुबंध के आधार पर कार्यरत लगभग डेढ़ लाख कर्मचारियों का रोजगार केवल छह महीनों का ही शेष रहा है। इसके बाद सेवाएं समाप्त करने के बारे में लिखा गया है। इससे केवल प्रभावित कर्मचारी ही नहीं, उनके परिवार व सगे-संबंधी भी सदमे में हैं। सर्व कर्मचारी संघ के राज्य महासचिव सुभाष लांबा ने कहा कि प्रभावित कर्मचारियों को घबराने की आवश्यकता नहीं है। वे उनका हक हासिल करके रहेंगे। कर्मचारियों को एकजुट होकर दिनांक सात तारीख को कर्ण पार्क करनाल से चलकर मुख्यमंत्री आवास की ओर कूच करने वाले प्रतिनिधि मंडल में शामिल होने का आह्वान किया।
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रोहतक
पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय ने वर्ष 2014 में बनी रेगुलराइजेशन पॉलिसी को रद्द कर दिया है। इसका मुख्य कारण हरियाणा सरकार की ओर से केस की सही तरीके से पैरवी नहीं करना रहा। कर्मचारी हित में सरकार केस की सही पैरवी कर उन्हें राहत पहुंचाए। यह कहना है सरकार के फैसले से प्रभावित कर्मचारी श्रवण कुमार अरोड़ा का। वे बुधवार को शहर के हुडा सिटी पार्क में उच्च न्यायालय के आदेश से प्रभावित कर्मचारियों की बैठक में बोल रहे थे।
यहां उन्होंने कहा कि उच्च न्यायालय के आदेशानुसार नियमित हो चुके 5000 से अधिक कर्मचारियों के अतिरिक्त अनुबंध के आधार पर कार्यरत लगभग डेढ़ लाख कर्मचारियों का रोजगार केवल छह महीनों का ही शेष रहा है। इसके बाद सेवाएं समाप्त करने के बारे में लिखा गया है। इससे केवल प्रभावित कर्मचारी ही नहीं, उनके परिवार व सगे-संबंधी भी सदमे में हैं। सर्व कर्मचारी संघ के राज्य महासचिव सुभाष लांबा ने कहा कि प्रभावित कर्मचारियों को घबराने की आवश्यकता नहीं है। वे उनका हक हासिल करके रहेंगे। कर्मचारियों को एकजुट होकर दिनांक सात तारीख को कर्ण पार्क करनाल से चलकर मुख्यमंत्री आवास की ओर कूच करने वाले प्रतिनिधि मंडल में शामिल होने का आह्वान किया।
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