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Rewari News: पश्चिम बंगाल की पुलिस ने दो युवकों को किया गिरफ्तार
Fri, 24 Jan 2025 12:41 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Fri, 24 Jan 2025 12:41 AM IST
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रेवाड़ी। साइबर ठगों को अपना बैंक खाता देना पाल्हावास के दो युवकों को भारी पड़ गया। वीरवार को पश्चिम बंगाल की पुलिस पाल्हावास के दो युवकों को अपने साथ ले गई।
दोनों युवकों ने साइबर ठगों को अपना बैंक खाता बेचा था। एक युवक के खाते में 60 लाख और दूसरे के खाते में 10 लाख रुपये थे। पश्चिम बंगाल की पुलिस एक साइबर ठगी के मामले की जांच पड़ताल कर रही थी।
जब जांच की तो पता चला कि दोनों खाता नंबर रेवाड़ी के गांव पाल्हावास के रहने वाले दो युवकों का है। उसके बाद पश्चिम बंगाल की पुलिस दोनों युवकों को गिरफ्तार करने के लिए यहां पर पहुंची। पुलिस को पता चला कि दोनों युवकों ने यह खाता साइबर ठगों को दिया था।
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युवकों ने कहा कि वह साइबर ठगों के झांसे में आ गए थे। जो पैसा आ रहा था वह ठग अपने उपयोग में ला रहे थे। बैंक में जो नंबर दिया गया था वह साइबर ठगों ने अपना दिया था। ऐसे में जो लेनदेन होती थी, युवकों को उसका पता नहीं चलता था। दोनों युवकों ने चंद पैसों के लालच में आकर अपने बैंक खाता साइबर ठगों को दिया था। इसकी जानकारी होने पर पश्चिमी बंगाल की पुलिस ने युवक को गिरफ्तार किया। संवाद
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दोनों युवकों ने साइबर ठगों को अपना बैंक खाता बेचा था। एक युवक के खाते में 60 लाख और दूसरे के खाते में 10 लाख रुपये थे। पश्चिम बंगाल की पुलिस एक साइबर ठगी के मामले की जांच पड़ताल कर रही थी।
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जब जांच की तो पता चला कि दोनों खाता नंबर रेवाड़ी के गांव पाल्हावास के रहने वाले दो युवकों का है। उसके बाद पश्चिम बंगाल की पुलिस दोनों युवकों को गिरफ्तार करने के लिए यहां पर पहुंची। पुलिस को पता चला कि दोनों युवकों ने यह खाता साइबर ठगों को दिया था।
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युवकों ने कहा कि वह साइबर ठगों के झांसे में आ गए थे। जो पैसा आ रहा था वह ठग अपने उपयोग में ला रहे थे। बैंक में जो नंबर दिया गया था वह साइबर ठगों ने अपना दिया था। ऐसे में जो लेनदेन होती थी, युवकों को उसका पता नहीं चलता था। दोनों युवकों ने चंद पैसों के लालच में आकर अपने बैंक खाता साइबर ठगों को दिया था। इसकी जानकारी होने पर पश्चिमी बंगाल की पुलिस ने युवक को गिरफ्तार किया। संवाद