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अमर उजाला खास: अरावली क्षेत्र में दिखी उल्लुओं की तीन नई दुर्लभ प्रजातियां, देखने आ रहे वाइल्ड लाइफ प्रेमी
Mon, 06 Jan 2025 01:25 PM IST
निवेदिता वर्मा
विशाल जैमिनी, संवाद, रेवाड़ी
विशाल जैमिनी, संवाद, रेवाड़ी
Published by: निवेदिता वर्मा
Updated Mon, 06 Jan 2025 01:25 PM IST
सार
अरावली क्षेत्र के आसपास बसे करीब दस गांवों में बेहद सघन जंगल हैं जहां की आबोहवा जीव-जंतुओं के लिए बेहतरीन है। इन घने जंगलों में पक्षियों की 300 से ज्यादा प्रजातियां देखने को मिलती हैं, जो पहले कभी यहां नजर नहीं आई थीं।
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इंडियन स्कोप ऑउल, भारतीय ईगल और ओरिएंटल स्कॉप्स
- फोटो : संवाद
विस्तार
रेवाड़ी के अरावली क्षेत्र में इन दिनों उल्लुओं की तीन नई दुर्लभ प्रजातियां देखने को मिल रही हैं। इनमें एक प्रजाति का ऐसा है जो दूसरे देश से उड़ान भरकर जनवरी व फरवरी में आता है और सिर्फ एक बार दिखाई देता है। इसके अलावा दो अन्य प्रजाति भारतीय हैं जो इस क्षेत्र में दिखाई देने लगी हैं। इनमें भारतीय स्कूप्स उल्लू, भारतीय ईगल उल्लू व ओरिएंटल स्कूप उल्लू हैं।
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वाइल्ड लाइफ विशेषज्ञ राकेश अहलावत ने बताया कि नई प्रजाति के उल्लुओं को देखने के लिए देश-विदेश से वाइल्ड लाइफ प्रेमी अरावली की पहाड़ियों पर भ्रमण करने आते हैं। अरावली क्षेत्र के आसपास बसे पाड़ला, बासदूधा, अहरोद, मनेठी, खोल, भालखी, नांधा, बलवाड़ी, माजरा व खालेटा आदि गांव अरावली की पहाड़ियों पर बने जंगल से जुड़े हैं। इन दस गांवों में बेहद सघन जंगल हैं जहां की आबोहवा जीव-जंतुओं के लिए बेहतरीन है। इन घने जंगलों में पक्षियों की 300 से ज्यादा प्रजातियां देखने को मिलती हैं, जो पहले कभी यहां नजर नहीं आई थीं। इन दिनों अगर पक्षी प्रेमी आएंगे तो उन्हें उल्लुओं की नई तीन प्रजातियां देखने को मिलेंगी।
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