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Rewari News: सरकारी स्कूलों में सफाई और शौचालयों की दशा खराब होने से विद्यार्थी परेशान

Wed, 26 Aug 2026 11:37 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी Updated Wed, 26 Aug 2026 11:37 PM IST
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Students distressed by poor cleanliness and the condition of toilets in government schools.
गढ़ी बोलनी स्थित राजकीय विद्यालय में खराब स्थिति में पड़े शौचालय।संवाद
रेवाड़ी। सरकारी स्कूलों को मॉडल बनाकर शिक्षा का स्तर सुधारने के दावे भले ही किए जा रहे हों लेकिन जिले के कई ग्रामीण और शहरी सरकारी स्कूलों में बुनियादी सुविधाओं की खराब स्थिति से सवाल उठ रहे हैं। स्थिति यह है कि कहीं सफाई के अभाव में गंदे पड़े शौचालय उपयोग के लायक नहीं हैं तो कहीं शौचालयों की कमी से बच्चों को परेशानी हो रही है।
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सरकार विद्यार्थियों को बेहतर और स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराने के लिए विभिन्न योजनाओं के तहत सुविधाएं विकसित करने पर जोर दे रही है, लेकिन इसके बाद भी कुछ स्कूलों में सफाई और शौचालय व्यवस्था संतोषजनक नहीं है।
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गढ़ी बोलनी स्थित राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में सफाई व्यवस्था को लेकर विद्यार्थियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्कूल के शौचालयों की स्थिति खराब है। गंदगी के कारण विद्यार्थियों को शौचालयों के इस्तेमाल में परेशानी होती है।
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स्कूल में सफाई कर्मचारी नहीं होने के कारण नियमित सफाई नहीं होती है। वहीं, बिठवाना स्थित पीएम श्री स्कूल में भी शौचालय व्यवस्था को लेकर समस्या सामने आई है। स्कूल में करीब 715 विद्यार्थी अध्ययनरत हैं।
सफाई कर्मचारी नहीं होने के कारण शौचालयों की नियमित सफाई नहीं हो पा रही है। इसके अलावा विद्यार्थियों की संख्या के अनुपात में शौचालयों की सीटें कम होने से छात्र-छात्राओं को रोजाना परेशानी का सामना करना पड़ता है। विद्यार्थियों का कहना है कि स्कूलों में स्वच्छता व्यवस्था बेहतर बनाए रखने के लिए नियमित सफाई जरूरी है।
वहीं, विद्यार्थियों की संख्या के अनुसार पर्याप्त शौचालयों की व्यवस्था भी होनी चाहिए। इससे विद्यार्थियों को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण मिल सकेगा।

विद्यार्थियों की संख्या के अनुपात में शौचालयों की संख्या कम
शहर स्थित राजकीय माध्यमिक विद्यालय में विद्यार्थियों की संख्या के अनुपात में शौचालयों की संख्या कम है। इसके चलते विद्यार्थियों को शौचालय के इस्तेमाल के लिए इंतजार करना पड़ता है। खासकर अवकाश के समय विद्यार्थियों की संख्या बढ़ने पर समस्या और गंभीर हो जाती है। कान्हड़वास स्थित राजकीय प्राथमिक विद्यालय में भी सफाई कर्मचारी नहीं होने से परेशानी बनी हुई है। यहां विद्यालय स्तर पर ही सफाई व्यवस्था संभाली जा रही है। नियमित सफाई कर्मचारी नहीं होने के कारण स्कूल परिसर और शौचालयों की साफ-सफाई व्यवस्था प्रभावित हो रही है।

सफाई कर्मचारियों की उपलब्धता जरूरी
स्कूलों में नियमित सफाई व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त संख्या में सफाई कर्मचारियों की उपलब्धता जरूरी है। ग्रामीण और शहर के सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों की संख्या के अनुसार शौचालयों की उपलब्धता और उनकी नियमित साफ-सफाई की व्यवस्था की समीक्षा की जानी चाहिए। इससे विद्यार्थियों को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण मिल सकेगा।


वर्जन :
सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों को स्वच्छ एवं सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने के लिए सफाई व्यवस्था पर लगातार ध्यान दिया जा रहा है। जिन विद्यालयों में सफाई कर्मचारियों की कमी या शौचालयों की संख्या से संबंधित समस्या है, वहां स्थिति की जानकारी लेकर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। स्कूलों में नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित करने के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए जाएंगे।-राजेंद्र शर्मा,जिला शिक्षा अधिकारी।

गढ़ी बोलनी स्थित राजकीय विद्यालय में खराब स्थिति में पड़े शौचालय।संवाद

गढ़ी बोलनी स्थित राजकीय विद्यालय में खराब स्थिति में पड़े शौचालय।संवाद

गढ़ी बोलनी स्थित राजकीय विद्यालय में खराब स्थिति में पड़े शौचालय।संवाद

गढ़ी बोलनी स्थित राजकीय विद्यालय में खराब स्थिति में पड़े शौचालय।संवाद

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