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Rewari News: जल्द बाधाएं होंगी दूर, तय समय में पूरा होगा एम्स का कार्य

Thu, 26 Dec 2024 11:46 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी Updated Thu, 26 Dec 2024 11:46 PM IST
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Obstacles will be removed soon, AIIMS work will be completed within stipulated time
संवाद न्यूज एजेंसी
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रेवाड़ी। माजरा में देश के 22वें एम्स का निर्माण तय समय में पूरा किया जाएगा। इसमें आ रही बाधाएं दूर की जाएंगी। इसको लेकर उच्चाधिकारियों ने बीते दिन निर्माणाधीन एम्स परिसर का निरीक्षण किया और निर्माण कार्यों की समीक्षा की थी। इसके बाद निर्माण कार्यों में तेजी आई है।
अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) का निर्माण तेजी से किया जा रहा है। एप्रोच मार्ग के मध्य से रेलवे लाइन गुजर रही है। एम्स शुरू होने की स्थिति में अस्पताल पहुंचने वाले लोगों के लिए रेलवे ट्रैक बाधा बन सकता है। इसको लेकर बीते दिन एम्स रेवाड़ी की कार्यकारी निदेशक प्रो. मीनू सिंह और उप निदेशक (एम्स प्रशासन) ले. कर्नल अमित पराशर समेत अन्य अधिकारियों ने एम्स परिसर का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने विभिन्न स्थानों पर चल रहे निर्माण कार्यों की समीक्षा की और विस्तृत जानकारी ली थी।
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उप निदेशक (प्रशासन) ले. कर्नल अमित पराशर ने बताया कि अस्पताल भवन का कार्य शुरुआती चरण में है। कार्यदायी संस्थाओं से निर्देश दिया गया है कि बिल्डिंग निर्माण में इस्तेमाल में लाए जा रहे संसाधनों व मैन पावर में बढ़ोतरी कर निर्माण कार्य को युद्ध स्तर समय से पूरा किया जाए। निर्माण कार्य में लगी कंपनियों की जिम्मेदारी तय की गई है। कार्य में विलंब होने की स्थिति में अब उन्हें किसी भी प्रकार का अतिरिक्त समय नहीं दिया जाएगा। बिजली-पानी जैसी मूलभूत सुविधाओं के अलावा सड़क मार्ग और अन्य आवश्यकताओं को पूरा करने के विषय पर भी चर्चा की गई। इस संबंध में एम्स के अधिकारियों ने शीघ्र ही हरियाणा के मुख्य सचिव से बात करने का निर्णय लिया है।
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निरीक्षण के दौरान कार्यदायी संस्था एचआईटीईएस (हाइट्स) के डीजीएम रोहित कुमार, एस मजूमदार और एल एंड टी प्रोजेक्ट मैनेजर ज्ञान प्रकाश समेत अन्य विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

निर्माण में बाधा बन रहे विद्युत पोल को हटाने के निर्देश

निर्माणाधीन एम्स परिसर में कई स्थानों पर विद्युत पोल खड़े हैं जिनकी वजह से निर्माण कार्यों में बाधा उत्पन्न हो रही है। ऐसे सभी विद्युत पोलों को हटवाने के लिए संबंधित विभाग को कार्रवाई करने के लिए कहा गया है। एम्स प्रशासन ने बताया कि कार्यदायी संस्थाओं को लक्ष्य दिया गया है कि पहले चरण में अस्पताल भवन और आवासीय भवनों का निर्माण प्राथमिकता के आधार पर पूरा करें ताकि अस्पताल में सेवाओं को जल्द शुरू किया जा सके। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने निर्माण कार्यों में गुणवत्ता बनाए रखने के लिए विशेष गंभीरता बरतने के निर्देश दिए हैं।

203 एकड़ क्षेत्र में 703 बिस्तरों वाला होगा अस्पताल

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से एम्स रेवाड़ी की आधारशिला 16 फरवरी 2024 को रखी गई थी। कुल 203 एकड़ क्षेत्र में निर्माणाधीन इस एम्स में 703 बिस्तरों वाले अस्पताल भवन के साथ ही 100 सीटों के मेडिकल काॅलेज और 60 सीटों वाले नर्सिंग काॅलेज का भी निर्माण होना है। माजरा गांव में बनने वाले एम्स से रेवाड़ी, महेंद्रगढ़, भिवानी, रोहतक, झज्जर, मेवात, पलवल व फरीदाबाद सहित राजस्थान के अलवर व झुंझुनू जिलों को भी इसका फायदा मिलेगा। देश के इस 22वें एम्स में प्रत्यक्ष रूप से करीब 3000 व अप्रत्यक्ष रूप से करीब 10 हजार लोगों को रोजगार के अवसर मिलेंगे।

वर्जन
अस्पताल में सेवाओं को शीघ्र शुरू करना प्राथमिकता है। इसके लिए अधिकारियों और निर्माण कार्यों में लगी कार्यदायी संस्थाओं की जिम्मेदारी तय की गई है। निर्माण कार्यों का स्थलीय निरीक्षण करने के साथ ही एम्स निर्माण में तेजी लाने के उद्देश्य से विभिन्न कार्यों की समीक्षा की गई। बिजली-पानी की आपूर्ति जैसी कुछ समस्याएं हैं। संबंधित अधिकारियों के साथ वार्ता कर जलद इन समस्याओं का समाधान किया जाएगा।-प्रो. मीनू सिंह, कार्यकारी निदेशक, एम्स रेवाड़ी।
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