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नेपाल ने नरेंद्र यादव सहित हरियाणा के 2 पर्वतारोहियों पर लगाया प्रतिबं

Tue, 02 Feb 2021 10:35 PM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Tue, 02 Feb 2021 10:35 PM IST
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nepal haryana nrender yadav and two
वर्ष-2016 में एवरेस्ट फतेह करने के मामले में आरोपों में घिरे जिला निवासी नरेंद्र यादव की परेशानी बढ़ गई है। नेपाल के एक समाचार चैनल से ट्वीट कर फर्जीवाडे़ की बात कहते हुए यादव पर 10 साल का प्रतिबंध लगाने की बात कही है। ट्वीट में कहा गया है कि नेहरूगढ़ गांव निवासी नरेंद्र यादव वर्ष- 2016 में एवरेस्ट की चोटी पर नहीं पहुंचे थे। आरोप है कि उन्होंने फर्जीवाड़ा करके दुनिया की सबसे ऊंची चोटी पर पहुंचने का प्रमाणपत्र हासिल किया था।
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नेपाल के एक चैनल ने ट्वीट कर इस बात की जानकारी दी है। ट्वीट के अनुसार नेपाल सरकार ने नरेंद्र व कैथल जिले की एक पर्वतारोही पर 10 वर्ष तक नेपाल में पर्वतारोहण पर प्रतिबंध लगा दिया है। ट्वीट के अनुसार नरेंद्र एवरेस्ट पर नहीं पहुंचा था। मगर उसने फर्जीवाड़ा करके दुनिया की सबसे ऊंची चोटी फतह करने का जो प्रमाण पत्र हासिल किया था, उसी के आधार पर उन्हें पिछले वर्ष भारत सरकार से तेनजिंग नोर्गे नेशनल अवॉर्ड मिलना था। हालांकि पुरस्कार वितरण समारोह से ऐन पहले हुई शिकायत के बाद भारत सरकार ने अवॉर्ड रोक लिया था, लेकिन नरेंद्र ने हमेशा ही इन शिकायतों को झूठा बताया। अवॉर्ड से पूर्व पिछले वर्ष की गई शिकायत में ही पहली बार उनके एवरेस्ट पर नहीं पहुंचने का दावा किया गया था।
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नरेंद्र पर आरोप है कि उसने हिमालय पर केवल कैंप चार तक की चढ़ाई की थी, जहां पर ऑक्सीजन समाप्त होने के बाद वह आगे नहीं बढ़ पाए थे। लेकिन उन्होंने पता नहीं किस तरह से प्रमाणपत्र हासिल कर लिया था। नरेंद्र की पर्वतारोहण की उपलब्धियों के आधार पर ही पिछले साल 27 अगस्त को तेनजिंग नोर्गे नेशनल अवॉर्ड के लिए उन्हें नामित किया गया था।
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प्रतिबंध जैसी कोई जानकारी नहीं
नरेंद्र यादव (पर्वतारोही) कहना है कि मेरे पास प्रतिबंध जैसी कोई जानकारी नहीं आई है। मैंने पूरी ईमानदारी से एवरेस्ट की चढ़ाई की थी। कुछ लोग मेरे खिलाफ लगे हुए हैं। ऐसे लोगों ने ही गलत रिपोर्ट देकर मेरा सम्मान रुकवाया था। मैंने अपनी आपत्ति केंद्र सरकार को दी हुई है। इसके अलावा नेपाल सरकार द्वारा बैन लगाने जैसी कोई जानकारी नहीं है। यदि आधिकारिक रूप से जानकारी मिलेगी तो प्रमाण के साथ स्थिति स्पष्ट करूंगा। जिस चैनल ने यह समाचार चलाया है उसके पास भी मैं अपने प्रमाण पत्र भेजूंगा।
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