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Rewari News: डीएसपी के जवाब से मंत्री हुए आग बबूला, तहसीलदार व डीएफओ के खिलाफ जांच के आदेश
Mon, 28 Jul 2025 11:54 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Mon, 28 Jul 2025 11:54 PM IST
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जिला लोक संपर्क एवं परिवेदना समिति की बैठक में अपनी समस्या बताते परिवादी। संवाद
रेवाड़ी। जिला लोक संपर्क एवं परिवेदना समिति की मासिक बैठक में परिवाद नंबर 7 की सुनवाई दौरान हरियाणा के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन, शहरी स्थानीय निकाय और नागरिक उड्डयन मंत्री विपुल गोयल डीएसपी की कार्रवाई से नाराज हो गए। उन्होंने डीएसपी को केस से हटाने की बात कही और मामले की जांच अब एसपी स्वयं करेंगे। हालांकि पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि इस मामले में किसी को चार्जशीट नहीं किया गया है, सिर्फ जांच सौंपी गई है।
मामला गांव खरखड़ा का था। इसमें महिला के घर में हुई छेड़छाड़ और तोड़फोड़ की शिकायत पर रेवाड़ी हेडक्वार्टर डीएसपी रविंद्र कुमार की लापरवाही की बात सामने आई। महिला ने बताया कि उसके घर में 16 जून को चार गाड़ियों में सवार होकर 20-22 लोग आए थे। उसके घर में तोड़फोड़ हुई परिवार के लोगों के साथ व बेटियों के साथ छेड़छाड़ की गई। इस मामले में डीएसपी केस के मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार नहीं कर रहे।
इस पर डीएसपी ने कहा कि आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। लेकिन डीएसपी अपनी बात को मंत्री के समक्ष ठीक प्रकार से नहीं रख सके, इस बात पर मंत्री विपुल गोयल गुस्सा हो गए। डीएसपी से गिरफ्तार किए गए आरोपियों के नाम बताने में चूक हो गई। महिला ने दीपक और पंकज को गिरफ्तार करने की बात कही थी। डीएसपी ने 5 गिरफ्तार आराेपियों के नाम तो बताए लेकिन उसमें पंकज और दीपक शामिल नहीं थे। इस पर मंत्री ने कहा कि जब पीड़िता ही कारवाई से संतुष्ट नहीं है तो किस बात की कार्रवाई हुई है।
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तहसीलदार के खिलाफ जांच के आदेश
गांव बास रतनथल निवासी राज विजय ने बताया कि उसकी जायदाद 5 एकड़ की है। गिरदावर व तहसीलदार ने राजस्व रिकॉर्ड से छेड़छाड़ की है और गलत तरीके से इसकी रजिस्ट्री में लिखा हुआ है कि जमीन पर किसी प्रकार का कोई केस नहीं है, जबकि केस कोर्ट में विचाराधीन है। एसडीएम कोसली ने जानकारी दी की रूल 7 के तहत तहसीलदार जितेंद्र को चार्जशीट किया है। इस मंत्री ने पूछा कि रूल 8 के तहत क्यों नहीं किया गया। इसके बाद उन्होंने कहा कि विवादास्पद जमीन की रजिस्ट्री करने के मामले में जांच के बाद चार्जशीट नहीं की तो बड़ी कार्रवाई होगी। उन्होंने कहा कि अधिकारी का चाहे जहां ट्रांसफर हो जाए, उससे कोई फर्क नहीं पड़ता, इसके बावजूद कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कोसली तहसीलदार जितेंद्र के खिलाफ जांच के निर्देश दिए हैं। पिछली बैठक में रेवाड़ी तहसीलदार को चार्जशीट किया गया था।
12 परिवादों की हुई सुनवाई, आठ का किया निपटारा
जिला लोक संपर्क एवं परिवेदना समिति की मासिक बैठक सोमवार को दोपहर 3 बजे बाल भवन रेवाड़ी स्थित ऑडिटोरियम में हरियाणा के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन, शहरी स्थानीय निकाय और नागरिक उड्डयन मंत्री विपुल गोयल की अध्यक्षता में हुई। इसमें विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 12 परिवादों की सुनवाई हुई, जिनमें 8 नए व 4 लंबित परिवाद शामिल थे। बैठक में 40 मिनट तक कुल 13 परिवादों की सुनवाई की गई। इनमें से 8 का मौके पर निपटारा किया गया तथा अन्य शेष मामलों को लंबित रखते हुए निर्धारित कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
मार्स अस्पताल की एनओसी पर मंत्री बोले चंडीगढ़ जाकर दिलवा देंगे
परिवाद नंबर 4 में दिल्ली रोड स्थित मार्ग अस्पताल के डायरेक्टर विशुद्धानंद ने बताया कि एनओसी के लिए अभी तक बात नहीं बन पाई है। काफी परेशानी हो रही है। इस पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। पिछली बार भी वो आए थे। विशुद्धानंद ने कहा कि एडीसी को जांच सौपी थी, एडीसी ने संबंधित अधिकारी को कहा था की एनओसी जारी कर दी जाए। इस पर अधिकारी ने बताया कि फाइल परमिशन के लिए चंडीगढ़ भेज दी गई है। इस पर मंत्री ने बताया कि अनुमति लेनी है, जब वह चंडीगढ़ जाएंगे तो अनुमति दिलवा देंगे।
मंत्री ने रिश्तेदारी में मामला सुलझाने के लिए कहा
परिवाद नंबर एक में 64 वर्षीय बावल निवासी कवल सिंह ने बताया कि उसका अपने भाई के साथ जमीन को लेकर झगड़ा चल रहा है। जमीन मार्केट की है, कई बार इन्होंने शिकायत दी, मगर फिर भी समाधान नहीं हो पाया है। इस पर कवल सिंह के छोटे भाई ने कहा कि पूरा मामला झूठा है, गलत बताया जा रहा है। मंत्री ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद कहा कि यह कोर्ट के मामले होते हैं। यह बातें रिश्तेदारी में बैठकर होती हैं। यह बात सुनते ही सभी ने तालियां बजाई।
परिवाद नंबर दो में बालावास जमापुर निवासी सत्यवीर ने कहा कि रास्ते में पंचायत ने सारे पेड़ कटवा दिए थे, मगर तीन पेड़ बचे हुए हैं। उन तीन पेड़ों को भी कटवाना चाहिए। मंत्री ने कहा कि सरकार पेड़ बचा रही है और तुम कटवा रहे हो। पेड़ की फोटो लेकर मंत्री ने कहा कि क्या यह कटवाने लायक हैं। इस पर परिवादी ने तर्क दिया कि यह उसके रास्ते में आ रहे हैं। मंत्री ने फिर बताया कि प्रधानमंत्री पेड़ लगवाने के लिए प्रेरित कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि इन पेड़ों की कटिंग करवा दी जाए।
डीएफओ की जांच के भी हुए जांच के आदेश
एक शिकायत की सुनवाई के दौरान जब जिला वन अधिकारी की जरूरत पड़ी तो वे मौके पर नहीं ही मिले। उनके जूनियर अधिकारी ने बताया कि डीएफओ अतिरिक्त मुख्य सचिव की मीटिंग में चंडीगढ़ गए हुए हैं। इस पर राज्यमंत्री विपुल गोयल ने कहा कि उनकी चिट्ठी मंगवाई जाए और जांच की जाए कि वे वास्तव में मीटिंग में गए थे या नहीं। इस बार भी हाईकोर्ट में केस की पैरवी के लिए डीएफओ मीटिंग में गए बताए, जिसकी जांच रेवाड़ी डीसी अभिषेक मीणा करेंगे।
300 टीडीएस तक की मात्रा के पानी की आपूर्ति घरों तक पहुंचाने के आदेश
राजस्व मंत्री ने कहा कि परिवेदना समिति की बैठक का उद्देश्य जनसेवा की भावना को ध्यान में रखते हुए उनकी समस्या का निदान करना है। वीरेंद्र व सभी सनसिटी निवासी रेवाड़ी के एचएसवीपी से संबंधित परिवाद की सुनवाई करते हुए सनसिटी निवासियों की पेयजल से संबंधित शिकायत पर शहरी मंत्री ने कड़ा संज्ञान लेते हुए संबंधित डेवेलपर्स को 300 टीडीएस तक की मात्रा के पानी की आपूर्ति घरों तक पहुंचाने के आदेश दिए। इस संदर्भ में जनस्वास्थ्य विभाग के कार्यकारी अभियंता व डीटीपी की संयुक्त कमेटी बनाकर जांच करने के निर्देश दिए गए। शहरी निकाय मंत्री ने कहा कि यदि उक्त डेवेलपर्स द्वारा निर्धारित मापदंडों अनुरूप जलापूर्ति नहीं की जाती तो कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
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मामला गांव खरखड़ा का था। इसमें महिला के घर में हुई छेड़छाड़ और तोड़फोड़ की शिकायत पर रेवाड़ी हेडक्वार्टर डीएसपी रविंद्र कुमार की लापरवाही की बात सामने आई। महिला ने बताया कि उसके घर में 16 जून को चार गाड़ियों में सवार होकर 20-22 लोग आए थे। उसके घर में तोड़फोड़ हुई परिवार के लोगों के साथ व बेटियों के साथ छेड़छाड़ की गई। इस मामले में डीएसपी केस के मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार नहीं कर रहे।
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इस पर डीएसपी ने कहा कि आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। लेकिन डीएसपी अपनी बात को मंत्री के समक्ष ठीक प्रकार से नहीं रख सके, इस बात पर मंत्री विपुल गोयल गुस्सा हो गए। डीएसपी से गिरफ्तार किए गए आरोपियों के नाम बताने में चूक हो गई। महिला ने दीपक और पंकज को गिरफ्तार करने की बात कही थी। डीएसपी ने 5 गिरफ्तार आराेपियों के नाम तो बताए लेकिन उसमें पंकज और दीपक शामिल नहीं थे। इस पर मंत्री ने कहा कि जब पीड़िता ही कारवाई से संतुष्ट नहीं है तो किस बात की कार्रवाई हुई है।
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तहसीलदार के खिलाफ जांच के आदेश
गांव बास रतनथल निवासी राज विजय ने बताया कि उसकी जायदाद 5 एकड़ की है। गिरदावर व तहसीलदार ने राजस्व रिकॉर्ड से छेड़छाड़ की है और गलत तरीके से इसकी रजिस्ट्री में लिखा हुआ है कि जमीन पर किसी प्रकार का कोई केस नहीं है, जबकि केस कोर्ट में विचाराधीन है। एसडीएम कोसली ने जानकारी दी की रूल 7 के तहत तहसीलदार जितेंद्र को चार्जशीट किया है। इस मंत्री ने पूछा कि रूल 8 के तहत क्यों नहीं किया गया। इसके बाद उन्होंने कहा कि विवादास्पद जमीन की रजिस्ट्री करने के मामले में जांच के बाद चार्जशीट नहीं की तो बड़ी कार्रवाई होगी। उन्होंने कहा कि अधिकारी का चाहे जहां ट्रांसफर हो जाए, उससे कोई फर्क नहीं पड़ता, इसके बावजूद कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कोसली तहसीलदार जितेंद्र के खिलाफ जांच के निर्देश दिए हैं। पिछली बैठक में रेवाड़ी तहसीलदार को चार्जशीट किया गया था।
12 परिवादों की हुई सुनवाई, आठ का किया निपटारा
जिला लोक संपर्क एवं परिवेदना समिति की मासिक बैठक सोमवार को दोपहर 3 बजे बाल भवन रेवाड़ी स्थित ऑडिटोरियम में हरियाणा के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन, शहरी स्थानीय निकाय और नागरिक उड्डयन मंत्री विपुल गोयल की अध्यक्षता में हुई। इसमें विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 12 परिवादों की सुनवाई हुई, जिनमें 8 नए व 4 लंबित परिवाद शामिल थे। बैठक में 40 मिनट तक कुल 13 परिवादों की सुनवाई की गई। इनमें से 8 का मौके पर निपटारा किया गया तथा अन्य शेष मामलों को लंबित रखते हुए निर्धारित कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
मार्स अस्पताल की एनओसी पर मंत्री बोले चंडीगढ़ जाकर दिलवा देंगे
परिवाद नंबर 4 में दिल्ली रोड स्थित मार्ग अस्पताल के डायरेक्टर विशुद्धानंद ने बताया कि एनओसी के लिए अभी तक बात नहीं बन पाई है। काफी परेशानी हो रही है। इस पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। पिछली बार भी वो आए थे। विशुद्धानंद ने कहा कि एडीसी को जांच सौपी थी, एडीसी ने संबंधित अधिकारी को कहा था की एनओसी जारी कर दी जाए। इस पर अधिकारी ने बताया कि फाइल परमिशन के लिए चंडीगढ़ भेज दी गई है। इस पर मंत्री ने बताया कि अनुमति लेनी है, जब वह चंडीगढ़ जाएंगे तो अनुमति दिलवा देंगे।
मंत्री ने रिश्तेदारी में मामला सुलझाने के लिए कहा
परिवाद नंबर एक में 64 वर्षीय बावल निवासी कवल सिंह ने बताया कि उसका अपने भाई के साथ जमीन को लेकर झगड़ा चल रहा है। जमीन मार्केट की है, कई बार इन्होंने शिकायत दी, मगर फिर भी समाधान नहीं हो पाया है। इस पर कवल सिंह के छोटे भाई ने कहा कि पूरा मामला झूठा है, गलत बताया जा रहा है। मंत्री ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद कहा कि यह कोर्ट के मामले होते हैं। यह बातें रिश्तेदारी में बैठकर होती हैं। यह बात सुनते ही सभी ने तालियां बजाई।
परिवाद नंबर दो में बालावास जमापुर निवासी सत्यवीर ने कहा कि रास्ते में पंचायत ने सारे पेड़ कटवा दिए थे, मगर तीन पेड़ बचे हुए हैं। उन तीन पेड़ों को भी कटवाना चाहिए। मंत्री ने कहा कि सरकार पेड़ बचा रही है और तुम कटवा रहे हो। पेड़ की फोटो लेकर मंत्री ने कहा कि क्या यह कटवाने लायक हैं। इस पर परिवादी ने तर्क दिया कि यह उसके रास्ते में आ रहे हैं। मंत्री ने फिर बताया कि प्रधानमंत्री पेड़ लगवाने के लिए प्रेरित कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि इन पेड़ों की कटिंग करवा दी जाए।
डीएफओ की जांच के भी हुए जांच के आदेश
एक शिकायत की सुनवाई के दौरान जब जिला वन अधिकारी की जरूरत पड़ी तो वे मौके पर नहीं ही मिले। उनके जूनियर अधिकारी ने बताया कि डीएफओ अतिरिक्त मुख्य सचिव की मीटिंग में चंडीगढ़ गए हुए हैं। इस पर राज्यमंत्री विपुल गोयल ने कहा कि उनकी चिट्ठी मंगवाई जाए और जांच की जाए कि वे वास्तव में मीटिंग में गए थे या नहीं। इस बार भी हाईकोर्ट में केस की पैरवी के लिए डीएफओ मीटिंग में गए बताए, जिसकी जांच रेवाड़ी डीसी अभिषेक मीणा करेंगे।
300 टीडीएस तक की मात्रा के पानी की आपूर्ति घरों तक पहुंचाने के आदेश
राजस्व मंत्री ने कहा कि परिवेदना समिति की बैठक का उद्देश्य जनसेवा की भावना को ध्यान में रखते हुए उनकी समस्या का निदान करना है। वीरेंद्र व सभी सनसिटी निवासी रेवाड़ी के एचएसवीपी से संबंधित परिवाद की सुनवाई करते हुए सनसिटी निवासियों की पेयजल से संबंधित शिकायत पर शहरी मंत्री ने कड़ा संज्ञान लेते हुए संबंधित डेवेलपर्स को 300 टीडीएस तक की मात्रा के पानी की आपूर्ति घरों तक पहुंचाने के आदेश दिए। इस संदर्भ में जनस्वास्थ्य विभाग के कार्यकारी अभियंता व डीटीपी की संयुक्त कमेटी बनाकर जांच करने के निर्देश दिए गए। शहरी निकाय मंत्री ने कहा कि यदि उक्त डेवेलपर्स द्वारा निर्धारित मापदंडों अनुरूप जलापूर्ति नहीं की जाती तो कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

जिला लोक संपर्क एवं परिवेदना समिति की बैठक में अपनी समस्या बताते परिवादी। संवाद