{"_id":"60280e798ebc3ee94076708d","slug":"japani-company-canteen-tender-rewari-news-rtk5952516133","type":"story","status":"publish","title_hn":"जापानी कंपनी में मैनपावर व कैंटीन का ठेका दिलाने के नाम पर मॉडल टाउन निवासी से 14.5 लाख रुपये की ठगी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जापानी कंपनी में मैनपावर व कैंटीन का ठेका दिलाने के नाम पर मॉडल टाउन निवासी से 14.5 लाख रुपये की ठगी
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शहर के मॉडल टाउन निवासी एक व्यक्ति ने नारनौल निवासी एक व्यक्ति पर कंपनियों में मैनपावर व कैंटीन का ठेका दिलाने का झांसा देकर 14.5 लाख रुपये की ठगी करने का आरोप लगाया है। पुलिस ने धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस को दी शिकायत में मॉडल टाउन निवासी चंद्रशेखर यादव ने कहा है कि उसकी दीपक इंटरप्राइजेज के नाम से फर्म है तथा गांव करनावास में कार्यालय किया हुआ है। एक फरवरी 2020 को उसकी मुलाकात अजय नाम के व्यक्ति से हुई थी, जिसने अपना पता नारनौल का बताया था। अजय ने बताया था कि वह गुरुग्राम स्थित एक जापानी कंपनी में बड़े पद पर कार्यरत है। कंपनी के दो प्लांट नीमराणा में भी हैं। वह उसे कंपनी में मैनपावर, कैंटीन व ट्रांसपोर्ट का काम दिला देगा।
15 लाख रुपये में हुआ था ठेका दिलाने का सौदा
शिकायत में बताया गया है कि ठेका दिलाने का सौदा 15 लाख रुपये में हुआ था। तीन फरवरी को अजय करनवास स्थित उसके कार्यालय पर आकर 4.5 लाख रुपये ले गया। अजय ने कहा था कि शेष साढ़े दस लाख रुपये देने के बाद वह उसे एक सप्ताह में पूरा कांट्रेक्ट दिला देगा। चार फरवरी को छह लाख रुपये आरोपी के खाते में जमा करा दिए गए थे। आरोपी ने शेष चार लाख रुपये अलग-अलग खाते में जमा करा लिए। साढ़े 14 लाख रुपये देने के बाद भी आरोपी ने कंपनी में कांट्रेक्ट नहीं दिलाया। आरोप है कि रुपये वापस मांगने पर आरोपी ने दो चेक दिए, लेकिन दोनों ही बाउंस हो गए।
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15 लाख रुपये में हुआ था ठेका दिलाने का सौदा
शिकायत में बताया गया है कि ठेका दिलाने का सौदा 15 लाख रुपये में हुआ था। तीन फरवरी को अजय करनवास स्थित उसके कार्यालय पर आकर 4.5 लाख रुपये ले गया। अजय ने कहा था कि शेष साढ़े दस लाख रुपये देने के बाद वह उसे एक सप्ताह में पूरा कांट्रेक्ट दिला देगा। चार फरवरी को छह लाख रुपये आरोपी के खाते में जमा करा दिए गए थे। आरोपी ने शेष चार लाख रुपये अलग-अलग खाते में जमा करा लिए। साढ़े 14 लाख रुपये देने के बाद भी आरोपी ने कंपनी में कांट्रेक्ट नहीं दिलाया। आरोप है कि रुपये वापस मांगने पर आरोपी ने दो चेक दिए, लेकिन दोनों ही बाउंस हो गए।
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