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11 सालों में सबसे गर्म दिन रहा शुक्रवार
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रेवाड़ी। सूरज के तीखे तेवरों के साथ ही अब गर्म हवाओं ने भी अपना रंग दिखाना शुरू कर दिया है। सुबह से ही चिलचिलाती धूप शुरू हो जाती है। दो-तीन दिन से अधिकतम तापमान फिर बढ़ने लगा है। शुक्रवार को अधिकतम तापमान 43.2 डिग्री सेल्सियस रहा। पिछले 11 सालों में 8 अप्रैल कभी भी इतना अधिक तापमान नहीं रहा। बुधवार को अधिकतम तापमान 41.0 डिग्री दर्ज किया गया था, लेकिन यह गुरुवार को बढ़कर 41.8 डिग्री पर आ गया।
रात का तापमान 16.0 डिग्री पर बना हुआ है। हालांकि पिछले 6 दिन से अधिकतम तापमान 40 डिग्री से 42 डिग्री के आसपास ही रहा है। केवल तीन अप्रैल को ही 42.2 डिग्री तापमान दर्ज हुआ था। तीखी धूप और लू की वजह से दिन में शहर के पार्कों में सन्नाटा पसरा रहता है। पार्कों में शाम के 5 बजे बाद ही घूमने वाले आते हैं। इधर बिजली की अघोषित कटौती से लोगों की परेशानी बढ़ गई है। चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय हिसार के मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार एक-दो दिन अधिकतम तापमान और बढ़ सकता है। इसके बाद 13 व 14 अप्रैल को पहाड़ी इलाकों में पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव रह सकता है। हालांकि इसका असर राज्य में नहीं दिख रहा। तापमान में कुछ कमी आ सकती है। लेकिन उसके बाद फिर से बढ़ सकता है। फिलहाल तीखी धूप और लू चल रही है। ऐसे में यह मौसम सब्जियों के लिए अनुकूल नहीं है। अगेती बिजाई है तो कम नुकसान है, लेकिन पछेती बिजाई वाली फसलों के लिए बढ़ता तापमान नुकसानदायक है। इसके लिए रात को सिंचाई कर सकते हैं।
वहीं कुछ दिनों से पड़ रही तेज गर्मी के कारण लोगों में डिहाइड्रेशन की समस्या शुरू हो गई है। गर्मी से बचाव के लिए चिकित्सकों की ओर से लोगों को खूब पानी पीने, नींबू, शिकंजी, जलजीरा आदि का पीने की सलाह दी जा रही है।
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इंसेंट
2 से 3 घंटे बिजली हो रही गायब
गर्मी बढ़ते ही सबसे अधिक असर बिजली आपूर्ति पर पड़ता है। फिलहाल शहर के साथ ही ग्रामीण क्षेत्र में अघोषित कट लगने शुरू हो गए हैं। इस समय शहर के विभिन्न हिस्सों में 2 से 3 घंटे तक भी बिजली गायब हो रही है। इससे लोगों को तमाम दिक्क्तों का सामना करना पड़ता है। जैसे जैसे गर्मी बढ़ेगी बिजली की मांग भी बढ़नी तय है। पंखे, कूलर व एसी अधिक संख्या में चल रहे हैं, जिससे लोड बढ़ रहा है। जिससे कट लग रहे हैं। शुक्रवार को अधिक गर्मी होने के कारण जहां दिनभर लोग कूलर व एसी से चिपके रहे वहीं गर्मी से राहत पाने के लिए शीतल पेय के प्रतिष्ठानों पर भी लोगों की अच्छी भीड़ रही।
पिछले 11 वर्षों में 8 अप्रैल का तापमान:
दिन अधिकतम तापमान न्यूनतम तापमान
8 अप्रैल 2012 38.5 20.0
8 अप्रैल 2013 38.0 15.5
8 अप्रैल 2014 32.0 17.0
8 अप्रैल 2015 32.5 16.5
8 अप्रैल 2016 36.2 14.4
8 अप्रैल 2017 34.5 12.8
8 अप्रैल 2018 36.0 19.6
8 अप्रैल 2019 35.5 18.0
8 अप्रैल 2020 33.8 16.5
8 अप्रैल 2021 35.5 16.5
8 अप्रैल 2022 43.2 16.0
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वर्जन:
इस हफ्ते गर्मी से कोई राहत नहीं है। अप्रैल माह की शुरूआत में ही पारा 43.2 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है। कुछ दिनों तक अभी गर्मी और सताने वाली है। 13 व 14 अप्रैल को पहाड़ी इलाकों में पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव रह सकता है। हालांकि इसका असर राज्य में नहीं दिख रहा। डॉ. धर्मबीर यादव, क्षेत्रीय निदेशक, क्षेत्रीय अनुसंधान केंद्र बावल
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रात का तापमान 16.0 डिग्री पर बना हुआ है। हालांकि पिछले 6 दिन से अधिकतम तापमान 40 डिग्री से 42 डिग्री के आसपास ही रहा है। केवल तीन अप्रैल को ही 42.2 डिग्री तापमान दर्ज हुआ था। तीखी धूप और लू की वजह से दिन में शहर के पार्कों में सन्नाटा पसरा रहता है। पार्कों में शाम के 5 बजे बाद ही घूमने वाले आते हैं। इधर बिजली की अघोषित कटौती से लोगों की परेशानी बढ़ गई है। चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय हिसार के मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार एक-दो दिन अधिकतम तापमान और बढ़ सकता है। इसके बाद 13 व 14 अप्रैल को पहाड़ी इलाकों में पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव रह सकता है। हालांकि इसका असर राज्य में नहीं दिख रहा। तापमान में कुछ कमी आ सकती है। लेकिन उसके बाद फिर से बढ़ सकता है। फिलहाल तीखी धूप और लू चल रही है। ऐसे में यह मौसम सब्जियों के लिए अनुकूल नहीं है। अगेती बिजाई है तो कम नुकसान है, लेकिन पछेती बिजाई वाली फसलों के लिए बढ़ता तापमान नुकसानदायक है। इसके लिए रात को सिंचाई कर सकते हैं।
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वहीं कुछ दिनों से पड़ रही तेज गर्मी के कारण लोगों में डिहाइड्रेशन की समस्या शुरू हो गई है। गर्मी से बचाव के लिए चिकित्सकों की ओर से लोगों को खूब पानी पीने, नींबू, शिकंजी, जलजीरा आदि का पीने की सलाह दी जा रही है।
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2 से 3 घंटे बिजली हो रही गायब
गर्मी बढ़ते ही सबसे अधिक असर बिजली आपूर्ति पर पड़ता है। फिलहाल शहर के साथ ही ग्रामीण क्षेत्र में अघोषित कट लगने शुरू हो गए हैं। इस समय शहर के विभिन्न हिस्सों में 2 से 3 घंटे तक भी बिजली गायब हो रही है। इससे लोगों को तमाम दिक्क्तों का सामना करना पड़ता है। जैसे जैसे गर्मी बढ़ेगी बिजली की मांग भी बढ़नी तय है। पंखे, कूलर व एसी अधिक संख्या में चल रहे हैं, जिससे लोड बढ़ रहा है। जिससे कट लग रहे हैं। शुक्रवार को अधिक गर्मी होने के कारण जहां दिनभर लोग कूलर व एसी से चिपके रहे वहीं गर्मी से राहत पाने के लिए शीतल पेय के प्रतिष्ठानों पर भी लोगों की अच्छी भीड़ रही।
पिछले 11 वर्षों में 8 अप्रैल का तापमान:
दिन अधिकतम तापमान न्यूनतम तापमान
8 अप्रैल 2012 38.5 20.0
8 अप्रैल 2013 38.0 15.5
8 अप्रैल 2014 32.0 17.0
8 अप्रैल 2015 32.5 16.5
8 अप्रैल 2016 36.2 14.4
8 अप्रैल 2017 34.5 12.8
8 अप्रैल 2018 36.0 19.6
8 अप्रैल 2019 35.5 18.0
8 अप्रैल 2020 33.8 16.5
8 अप्रैल 2021 35.5 16.5
8 अप्रैल 2022 43.2 16.0
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वर्जन:
इस हफ्ते गर्मी से कोई राहत नहीं है। अप्रैल माह की शुरूआत में ही पारा 43.2 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है। कुछ दिनों तक अभी गर्मी और सताने वाली है। 13 व 14 अप्रैल को पहाड़ी इलाकों में पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव रह सकता है। हालांकि इसका असर राज्य में नहीं दिख रहा। डॉ. धर्मबीर यादव, क्षेत्रीय निदेशक, क्षेत्रीय अनुसंधान केंद्र बावल