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Rewari News: रेवाड़ी के लिए खुशखबरी, जल्द बन सकता है नया बस स्टैंड, जानिए कहां होगा निर्माण
Fri, 21 Apr 2023 10:36 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Fri, 21 Apr 2023 10:36 PM IST
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रेवाड़ी शहर के हुडा बाइपास पर जमीन जहां बनेगा बस स्टैंड।
संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। शहर से बाहर बाईपास पर नया बस स्टैंड बनाने की योजना के जल्द सिरे चढ़ने के आसार नजर आने लगे हैं। बस स्टैंड की जमीन से बिजली की लाइन को शिफ्ट करने का कार्य शुरू कर दिया गया है। इससे इस बात के संकेत मिल रहे हैं कि बस स्टैंड का निर्माण कार्य भी जल्द शुरू हो सकता है। रोडवेज विभाग के नाम हो चुकी जमीन के बीच से गुजर रही लाइन को अब दिल्ली रोड एरिया की ओर शिफ्ट किया जा रहा है। शहर से बाहर बस स्टैंड स्थानांतरित करने के लिए हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) की ओर वर्ष 2011 में लगभग 20 एकड़ जमीन का अधिग्रहण किया गया था।
इसके बाद मुआवजे को लेकर मामला अदालतों तक में चला गया था। कॉर्नर की जमीन के एक टुकड़े को छोड़कर सभी मामलों का निपटारा हो चुका है। डिपो की ओर से बस स्टैंड का निर्माण कार्य शुरू कराने के लिए तमाम औपचारिकताएं पूरी करने के बाद फाइल विभाग के मुख्यालय को भेजी हुई है, लेकिन अभी तक यह फाइल मुख्यालय में ही अटकी पड़ी है। फाइल पर स्वीकृति के अभाव में बस स्टैंड का निर्माण कार्य शुरू कराने में लगातार देरी हो रही है। सरकार की ओर से बार-बार बस स्टैंड का निर्माण कार्य जल्द शुरू कराने के दावे किए जा रहे हैं, परंतु लंबे समय से यह मामला अधर में लटका हुआ है। कागजों में इस जमीन का इंतकाल भी रोडवेज के नाम दर्ज हो चुका है।
वर्ष 1973 में बना था मौजुदा बस स्टैंड
मौजुदा बस स्टैंड वर्ष 1973 में बनकर तैयार हुआ था। इसके बाद से ही डिपो लगातार उपेक्षा का शिकार बना रहा है। बस स्टैंड भीड़ वाले इलाके में स्थित है और इसका भवन जर्जर हो चुका है। बरसात के समय बस स्टैंड के भवन का प्लास्टर तक गिरता रहता है। इसकी व्यापक स्तर पर मरम्मत कराना इसलिए संभव नहीं है कि नए बस स्टैंड को लगभग एक दशक पूर्व मंजूरी मिल चुकी थी। वैसे भी नया बस स्टैंड प्रस्तावित होने के कारण मौजूदा बस स्टैंड भवन का नवीकरण कराना संभव नहीं है।
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बिजली निगम को जमा कराई थी राशि
बस स्टैंड की जमीन से गुजर रही बिजली की लाइन को वहां से हटवाने के लिए रोडवेज विभाग की ओर से निगम को एस्टीमेट तैयार किया गया था। लाइन शिफ्ट करने पर अनुमानित खर्च 82 लाख रुपये आंका गया था। रोडवेज विभाग की ओर से यह राशि बीते दिनों बिजली निगम को जमा करा दी गई थी। अब बिजली निगम ने वहां से तार व पोल हटाकर लाइन को दूसरी जगह शिफ्ट करने का काम शुरू कर दिया है, जिससे इस बात के संकेत मिल रहे हैं कि बस स्टैंड का निर्माण कार्य भी जल्द शुरू होने वाला है। मुख्यालय में अटकी फाइल पर जल्द स्वीकृति की मोहर लग सकती है।
जल्द शुरू हो सकता है नए बस स्टैंड का निर्माण
शहर के बाईपास पर नए बस स्टैंड के निर्माण की औपचारिकताओं को पूरा कराया जा रहा है। निदेशालय द्वारा बस स्टैंड के निर्माण को लेकर चीफ आर्किटेक्ट को फाइल भेजी गई है। जल्द ही निर्माण कार्य शुरू कराने की दिशा में संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए जा चुके हैं।
- रविश हुड्डा, महाप्रबंधक, रेवाड़ी डिपो।
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रेवाड़ी। शहर से बाहर बाईपास पर नया बस स्टैंड बनाने की योजना के जल्द सिरे चढ़ने के आसार नजर आने लगे हैं। बस स्टैंड की जमीन से बिजली की लाइन को शिफ्ट करने का कार्य शुरू कर दिया गया है। इससे इस बात के संकेत मिल रहे हैं कि बस स्टैंड का निर्माण कार्य भी जल्द शुरू हो सकता है। रोडवेज विभाग के नाम हो चुकी जमीन के बीच से गुजर रही लाइन को अब दिल्ली रोड एरिया की ओर शिफ्ट किया जा रहा है। शहर से बाहर बस स्टैंड स्थानांतरित करने के लिए हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) की ओर वर्ष 2011 में लगभग 20 एकड़ जमीन का अधिग्रहण किया गया था।
इसके बाद मुआवजे को लेकर मामला अदालतों तक में चला गया था। कॉर्नर की जमीन के एक टुकड़े को छोड़कर सभी मामलों का निपटारा हो चुका है। डिपो की ओर से बस स्टैंड का निर्माण कार्य शुरू कराने के लिए तमाम औपचारिकताएं पूरी करने के बाद फाइल विभाग के मुख्यालय को भेजी हुई है, लेकिन अभी तक यह फाइल मुख्यालय में ही अटकी पड़ी है। फाइल पर स्वीकृति के अभाव में बस स्टैंड का निर्माण कार्य शुरू कराने में लगातार देरी हो रही है। सरकार की ओर से बार-बार बस स्टैंड का निर्माण कार्य जल्द शुरू कराने के दावे किए जा रहे हैं, परंतु लंबे समय से यह मामला अधर में लटका हुआ है। कागजों में इस जमीन का इंतकाल भी रोडवेज के नाम दर्ज हो चुका है।
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वर्ष 1973 में बना था मौजुदा बस स्टैंड
मौजुदा बस स्टैंड वर्ष 1973 में बनकर तैयार हुआ था। इसके बाद से ही डिपो लगातार उपेक्षा का शिकार बना रहा है। बस स्टैंड भीड़ वाले इलाके में स्थित है और इसका भवन जर्जर हो चुका है। बरसात के समय बस स्टैंड के भवन का प्लास्टर तक गिरता रहता है। इसकी व्यापक स्तर पर मरम्मत कराना इसलिए संभव नहीं है कि नए बस स्टैंड को लगभग एक दशक पूर्व मंजूरी मिल चुकी थी। वैसे भी नया बस स्टैंड प्रस्तावित होने के कारण मौजूदा बस स्टैंड भवन का नवीकरण कराना संभव नहीं है।
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बिजली निगम को जमा कराई थी राशि
बस स्टैंड की जमीन से गुजर रही बिजली की लाइन को वहां से हटवाने के लिए रोडवेज विभाग की ओर से निगम को एस्टीमेट तैयार किया गया था। लाइन शिफ्ट करने पर अनुमानित खर्च 82 लाख रुपये आंका गया था। रोडवेज विभाग की ओर से यह राशि बीते दिनों बिजली निगम को जमा करा दी गई थी। अब बिजली निगम ने वहां से तार व पोल हटाकर लाइन को दूसरी जगह शिफ्ट करने का काम शुरू कर दिया है, जिससे इस बात के संकेत मिल रहे हैं कि बस स्टैंड का निर्माण कार्य भी जल्द शुरू होने वाला है। मुख्यालय में अटकी फाइल पर जल्द स्वीकृति की मोहर लग सकती है।
जल्द शुरू हो सकता है नए बस स्टैंड का निर्माण
शहर के बाईपास पर नए बस स्टैंड के निर्माण की औपचारिकताओं को पूरा कराया जा रहा है। निदेशालय द्वारा बस स्टैंड के निर्माण को लेकर चीफ आर्किटेक्ट को फाइल भेजी गई है। जल्द ही निर्माण कार्य शुरू कराने की दिशा में संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए जा चुके हैं।
- रविश हुड्डा, महाप्रबंधक, रेवाड़ी डिपो।