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Rewari News: दावा फेल, 11 दिन बाद भी नहीं हुआ बाजरे का भुगतान
Sat, 12 Oct 2024 04:05 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Sat, 12 Oct 2024 04:05 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। जिले की रेवाड़ी, कोसली और बावल अनाज मंडी में 11 दिनों से न्यूनतम समर्थन मूल्य पर बाजरे की खरीद हो रही है लेकिन अभी तक किसानों को भुगतान नहीं किया गया। जबकि 72 घंटे के अंदर भुगतान करने का दावा किया गया था।
बताया जा रहा है कि पोर्टल में तकनीकी गड़बड़ी के कारण बाजरे का भुगतान नहीं हो रहा है। बाजरे का भुगतान न होने से किसानों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बाजरे के पैसे से ही किसान त्योहारी सीजन में घरेलू वस्तुएं और आगामी फसल की बिजाई के लिए खाद, बीज आदि की खरीदारी करते हैं। कई किसान ऐसे हैं जिन्होंने कर्ज लेकर खेती की थी और कुछ किसान ऐसे भी हैं जिन्होंने किराये पर जमीन लेकर खेती की है। उन्हें जमीन का किराया देना है। कई किसानों की फसल बरसात की वजह से तबाह हो गई थी। अब जब मंडी में बाजरे बेचा जा रहा है तो उसका भुगतान ही नहीं हो पा रहा है।
अधिकारियों का कहना है कि पोर्टल में गड़बड़ी के चलते बाजरे का भुगतान नहीं हो रहा था। अब गड़बड़ी दूर कर दी गई है। किसानों के खाते में धनराशि ट्रांसफर की जाएगी। किसानों को परेशान नहीं होने दिया जाएगा।
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बाजरा बेचने में भी हो रही कठिनाई
किसानों को मंडी में फसल बेचने के लिए भी मशक्कत करनी पड़ रही है। मंडी में फसल बेचकर जा रहे किसान अनिल, राजेश और रामपाल ने बताया कि उन्होंने बाजरा तो बेच दिया है लेकिन इसके लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी। सुबह मंडी में आ गए थे। मुश्किल से गेट पास कटवाया। इसके लिए घंटों इंतजार करना पड़ा। पूरे दिन धूप में भटकते रहे। मंडी में इतना जाम होता है कि निकलते- निकलते शाम हो गई। अब भुगतान कब होगा, इस पर भी कुछ नहीं कहा जा सकता है।
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अनाज मंडी में बाजरे की खरीद शुरू हुए दस दिन हो गए हैं लेकिन बाजरे का पैसा खाते में नहीं आया है। इसके चलते किसान परेशान हैं। जल्द भुगतान किया जाए। -सुरेन्द्र, भड़ंगीं।
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72 घंटे के अंदर भुगतान करने का दावा किया गया था लेकिन अभी तक बाजरे का भुगतान नहीं किया गया। किसान इंतजार में हैं। बाजरे का पैसा आए तो अगली फसल के लिए खाद, बीज की व्यवस्था करें। -पूर्ण सिंह भाकली।
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अनाज मंडी में दस दिन पहले बाजरा बेचा था लेकिन पैसा ना मिलने के कारण अगली फसल के लिए खाद नहीं ले पा रहे हैं। इस समस्या पर प्रशासन को ध्यान देना चाहिए। जल्द भुगतान किया जाए। -बिजेंद्र, कारोली।
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पहले अधिक बारिश से बाजरे को नुकसान हुआ था। अब किसानों ने मंडी में बाजरा बेच तो दिया लेकिन दस दिन बाद भी पैसा नहीं मिला। सरसों की फसल की बुआई में देरी हो रही है। -प्यारेलाल, जाहिदपुरष
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वर्जन:
कोसली अनाज मंडी में किसानों ने भुगतान न होने की शिकायत की है। रेवाड़ी में झज्जर की अपेक्षा कम बाजरा खरीदा जा रहा है। एक-दो दिन में बाजरे की खरीदारी नहीं बढ़ाई गई तो किसान यूनियन आगे की रणनीति तय करेगी। -प्रधान समय सिंह, प्रधान, किसान यूनियन चढूनी।
पोर्टल ठीक हो गया है। जिन किसानों से बाजरा खरीदा गया है, उनका भुगतान शुरू कर दिया गया है। आगे किसानों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं आने दी जाएगी। -आशा देवी, खरीद मैनेजर, वेयरहाउस।
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रेवाड़ी। जिले की रेवाड़ी, कोसली और बावल अनाज मंडी में 11 दिनों से न्यूनतम समर्थन मूल्य पर बाजरे की खरीद हो रही है लेकिन अभी तक किसानों को भुगतान नहीं किया गया। जबकि 72 घंटे के अंदर भुगतान करने का दावा किया गया था।
बताया जा रहा है कि पोर्टल में तकनीकी गड़बड़ी के कारण बाजरे का भुगतान नहीं हो रहा है। बाजरे का भुगतान न होने से किसानों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बाजरे के पैसे से ही किसान त्योहारी सीजन में घरेलू वस्तुएं और आगामी फसल की बिजाई के लिए खाद, बीज आदि की खरीदारी करते हैं। कई किसान ऐसे हैं जिन्होंने कर्ज लेकर खेती की थी और कुछ किसान ऐसे भी हैं जिन्होंने किराये पर जमीन लेकर खेती की है। उन्हें जमीन का किराया देना है। कई किसानों की फसल बरसात की वजह से तबाह हो गई थी। अब जब मंडी में बाजरे बेचा जा रहा है तो उसका भुगतान ही नहीं हो पा रहा है।
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अधिकारियों का कहना है कि पोर्टल में गड़बड़ी के चलते बाजरे का भुगतान नहीं हो रहा था। अब गड़बड़ी दूर कर दी गई है। किसानों के खाते में धनराशि ट्रांसफर की जाएगी। किसानों को परेशान नहीं होने दिया जाएगा।
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बाजरा बेचने में भी हो रही कठिनाई
किसानों को मंडी में फसल बेचने के लिए भी मशक्कत करनी पड़ रही है। मंडी में फसल बेचकर जा रहे किसान अनिल, राजेश और रामपाल ने बताया कि उन्होंने बाजरा तो बेच दिया है लेकिन इसके लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी। सुबह मंडी में आ गए थे। मुश्किल से गेट पास कटवाया। इसके लिए घंटों इंतजार करना पड़ा। पूरे दिन धूप में भटकते रहे। मंडी में इतना जाम होता है कि निकलते- निकलते शाम हो गई। अब भुगतान कब होगा, इस पर भी कुछ नहीं कहा जा सकता है।
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अनाज मंडी में बाजरे की खरीद शुरू हुए दस दिन हो गए हैं लेकिन बाजरे का पैसा खाते में नहीं आया है। इसके चलते किसान परेशान हैं। जल्द भुगतान किया जाए। -सुरेन्द्र, भड़ंगीं।
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72 घंटे के अंदर भुगतान करने का दावा किया गया था लेकिन अभी तक बाजरे का भुगतान नहीं किया गया। किसान इंतजार में हैं। बाजरे का पैसा आए तो अगली फसल के लिए खाद, बीज की व्यवस्था करें। -पूर्ण सिंह भाकली।
अनाज मंडी में दस दिन पहले बाजरा बेचा था लेकिन पैसा ना मिलने के कारण अगली फसल के लिए खाद नहीं ले पा रहे हैं। इस समस्या पर प्रशासन को ध्यान देना चाहिए। जल्द भुगतान किया जाए। -बिजेंद्र, कारोली।
पहले अधिक बारिश से बाजरे को नुकसान हुआ था। अब किसानों ने मंडी में बाजरा बेच तो दिया लेकिन दस दिन बाद भी पैसा नहीं मिला। सरसों की फसल की बुआई में देरी हो रही है। -प्यारेलाल, जाहिदपुरष
वर्जन:
कोसली अनाज मंडी में किसानों ने भुगतान न होने की शिकायत की है। रेवाड़ी में झज्जर की अपेक्षा कम बाजरा खरीदा जा रहा है। एक-दो दिन में बाजरे की खरीदारी नहीं बढ़ाई गई तो किसान यूनियन आगे की रणनीति तय करेगी। -प्रधान समय सिंह, प्रधान, किसान यूनियन चढूनी।
पोर्टल ठीक हो गया है। जिन किसानों से बाजरा खरीदा गया है, उनका भुगतान शुरू कर दिया गया है। आगे किसानों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं आने दी जाएगी। -आशा देवी, खरीद मैनेजर, वेयरहाउस।