फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Panipat News ›   sector, panipat,factory

सेक्टर 18 की फैक्टरियों के खिलाफ क्षेत्र के लोगों ने एनजीटी को दी याचिका

Thu, 01 Aug 2019 02:27 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Thu, 01 Aug 2019 02:27 AM IST
विज्ञापन
sector, panipat,factory
जब प्रशासन ने सेक्टर 18 के लोगों को वहां चल रही रेड जॉन की फैक्टरियों के बारे में कोई सूचना नहीं दी और फैक्टरियों से हो रही परेशानियों का निदान नहीं किया तो सेक्टर 18 के लोगों ने एनजीटी में याचिका दी। एनजीटी ने उनकी अपील स्वीकार कर केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, केंद्रीय भूजल प्राधिकरण, हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड व शहर की डीसी सुमेधा कटारिया को निर्देश दिए कि वो एक माह में फैक्टरियों की वास्तविक स्थिति को स्पष्ट करें। अगर वो फैक्टरियां नियमों के खिलाफ चल रही है तो उन पर कार्रवाई करें।
विज्ञापन

एनजीटी लगातार पानीपत में फैक्टरियों पर कार्रवाई कर रहा है। पिछले दो साल में 140 से अधिक फैक्टरियों को बंद करने निर्देश जारी किए जा चुके है। इसके अलावा 200 से अधिक फैक्टरियों को नियमों के खिलाफ चलने पर नोटिस भी जारी हुआ है। वहीं पर्यावरण के बचाव के लिए एनजीटी ने रेड व औरेंज कैटेगरी में आने वाले पानीपत के 300 से अधिक उद्योगों पर 88 करोड़ रुपये जुर्माना भी लगाया है। वहीं सेक्टर 18 के लोग रिहायशी एरिया में रेड कैटेगरी की चल रही 9 फैक्टरियों से परेशान है। ये फैक्टरियां नियमों के खिलाफ चल रही है। लोगों का कहना है कि फैक्टरियों से प्रदूषित पानी को सीधा ड्रेन में छोड़ा जा रहा है। इससे यमुना भी प्रदूषित हो रही है। अब एनजीटी ने केंद्र व राज्य प्रदूषण की टीमों को आदेश दिए हैं कि वो एक माह में फैक्टरियों की वास्तविक स्थिति की रिपोर्ट सौंपे। अगर वो फैक्टरियां पर्यावरण के लिए खतरनाक है तो उन पर कार्रवाई करें।
विज्ञापन

वो प्रशासन से सेक्टर 18 में चल रही फैक्टरियों के बारे में जानकारी मांगते रहे, लेकिन किसी ने उनको जानकारी नहीं दी। वो काफी समय से इसके लिए धक्के खा रहे हैं। उनको जानना है कि रिहायशी एरिया में किसी प्रकार रेड कैटेगरी की फैक्टरियां चल रही है। ये पर्यावरण के लिए काफी खतरनाक है। आरटीआई से भी इन फैक्टरियों की जानकारी नहीं मिली। अब एनजीटी का उन्होंने दरवाजा खटखटाया है। एनजीटी ने एक माह में रिपोर्ट तलब की है। उनको अब उम्मीद जगी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

गुरदीप सिंह, प्रधान, सेक्टर 18 वेलफेयर सोसाइटी
एनजीटी के निर्देश मान्य है। सेक्टर 18 की फैक्टरियों की जांच कराएंगे। रिपोर्ट एनजीटी को सौंपी जाएगी। जांच में जो सामने आएगा। उसी आधार पर कार्रवाई होगी।
सुमेधा कटारिया, डीसी पानीपत।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed