फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Panipat News ›   Out of three general surgeons, only one was found in the OPD, patients kept waiting for an hour.

Panipat News: तीन सामान्य सर्जन में से ओपीडी में मिले एक, एक घंटे तक मरीज करते रहे इंतजार

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 12 May 2026 03:21 AM IST
विज्ञापन
Out of three general surgeons, only one was found in the OPD, patients kept waiting for an hour.
जरनल सर्जन के इंतजार में फर्श पर बैठे मरीज। संवाद
पानीपत। जिला नागरिक अस्पताल में तीन में से एक सामान्य सर्जन ओपीडी में रहे। वे भी मरीज देखने के नाम पर राउंड पर चले गए। इस कारण मरीजों को ओपीडी में इलाज के लिए एक घंटे तक इंतजार करना पड़ा। बाल रोग विशेषज्ञ के ओपीडी के समय से पहले ही अपना कक्ष छोड़कर चली गईं। इससे करीब दस मरीजों को बिना इलाज व दवा के लौटना पड़ा। फार्मेसी पर पर्याप्त दवा न मिलने से मरीजों को बाहर मेडिकल स्टोर से महंगे दामों पर दवा लेनी पड़ी। सीएम के दावे के बाद भी मरीजों को परेशानी उठानी पड़ी।
विज्ञापन

मौसम बदलने से पेट दर्द, खांसी-जुकाम, बुखार, निमोनिया के मरीज बढ़ गए हैं। जिला नागरिक अस्पताल में सोमवार को ओपीडी करीब 1700 रही। इनमें फिजिशियन की ओपीडी करीब 450 रही। इसमें खांसी-जुकाम, काला पीलिया, टीबी, बुखार के मरीज ज्यादा रहे। अस्पताल में तीन सामान्य सर्जन होने के बाद भी मरीजों को एक घंटे तक इंतजार करना पड़ा। सोमवार को एक सर्जन की ओपीडी न होने से, दूसरे की कोर्ट में ड्यूटी और तीसरे के राउंड पर जाने से मरीजों को करीब 12:10 से 01:10 बजे तक फर्श पर बैठकर चिकित्सक का इंतजार करना पड़ा। मरीजों को फार्मेसी पर सभी दवा न मिलने से बाहर मेडिकल स्टोर से महंगे दामों पर दवा खरीदनी पड़ रही है। इसका मुख्य कारण फार्मेसी पर दवा देने वाले इंटर्न को दवा का विकल्प पता न होना है। सोमवार को चमड़ी रोग विशेषज्ञ की ओपीडी नहीं होने से कुछ मरीजों को बिना दवा लौटना पड़ा। उनकी मंगलवार, वीरवार और शनिवार को तीन दिन ओपीडी होती है।
विज्ञापन


फोटो कोट्स -
अस्पताल की व्यवस्था बुजुर्गों की बढ़ा रही परेशानी
तहसील कैंप के मदन लाल ने बताया कि उनके पेट में दर्द हो रहा है। इसके लिए शुक्रवार को भी जिला नागरिक अस्पताल आया था लेकिन उस दिन चिकित्सक नहीं मिले और अब सोमवार को सुबह नौ बजे अस्पताल आया। डेढ़ घंटे लाइन में लगकर पंजीकरण कराया। इसके बाद करीब एक घंटे चिकित्सक कक्ष के बाहर लाइन में लगा रहा। जब उनका नंबर आया तब चिकित्सक उठकर राउंड के लिए चले गए। करीब एक घंटे इंतजार में बैठना पड़ा। इसके बाद चिकित्सक आए और उन्हें जांच कर दवा लिखी। इसके बाद दवा लेने के लिए आधे घंटा लाइन में लगना पड़ा। अस्पताल की व्यवस्था बुजुर्गों की परेशानी बढ़ाने वाली है। उन्हें इलाज व दवा लेने में करीब तीन घंटे का समय लगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


वर्जन :
ओपीडी और ओटी में तीनों सर्जन की अलग-अलग दिन की ड्यूटी लगाई गई है। सोमवार को एक चिकित्सक की ड्यूटी कोर्ट में होने से मरीजों को थोड़ी परेशानी हुई। आगे ऐसा न हो इसका ध्यान रखा जाएगा।
डॉ. विजय मलिक, सीएमओ।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed