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Panipat News: ग्रैप चार बेअसर, जीटी रोड व स्टेट हाईवे पर नहीं हो रहा पानी का छिड़काव

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 23 Nov 2024 04:59 AM IST
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Grape four ineffective, water sprinkling is not happening on GT Road and State Highway
पानीपत। पिछले सवा माह से एनसीआर की हवा की गुणवत्ता रेड जोन में है। अब दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स 400 से अधिक है तो ग्रैप चार लागू हो चुका है लेकिन ग्रैप चार की पाबंदियों में ढील है। नगर निगम सिर्फ औद्योगिक क्षेत्रों में ही पानी का छिड़काव कर रहा है। बरसत रोड, असंध रोड व गोहाना रोड पर पानी का छिड़काव नहीं किया गया है। पीडब्ल्यूडी व एनएचएआई ने स्टेट हाईवे व जीटी रोड पर पानी के छिड़काव के लिए टीमें तक नहीं बनाई है। इसलिए धूल के कण हवा में मिश्रित हो रहे हैं।
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शुक्रवार को पानीपत का एक्यूआई 251 दर्ज किया गया है। हवा में पीएम 2.5 की मात्रा 300 माइक्रो ग्राम घन मीटर तक पहुंच गई है। हवा में धुएं की मात्रा भी 210, कार्बन की मात्रा 78 माइक्रो ग्राम घन मीटर दर्ज की गई है। हवा में धुएं की मात्रा बढ़ने का सबसे बड़ा कारण यहां चल रहे 20 हजार उद्योग व यहां से गुजरने वाले एक लाख वाहन हैं। इसके अलावा प्रतिदिन शहर के अंदर भी 40 हजार वाहन चलते हैं। इसलिए धुएं की मात्रा बहुत अधिक बढ़ गई है। उद्योगों , होटल व रेस्टोरेंट में चोरी छिपे जनरेटर सेट भी चलाए जा रहे हैं। वाहनों का डायवर्जन भी नहीं किया गया है। अब हवा में सल्फर ऑक्साइड की मात्रा 10 व नाइट्रोजनऑक्साइड की मात्रा 32 माइक्रो ग्राम घन मीटर तक पहुंच गई है।
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स्मॉग से दमा रोगियों की परेशानी बढ़ गई है। दमा रोगी हाफ रहे हैं। डॉक्टरों के अनुसार शहर का हर व्यक्ति पेसिव रूप से प्रतिदिन 15-20 सिगरेट का सेवन कर रहा है। इसलिए फेफड़ों पर बुरा असर पड़ रहा है। नेत्र रोगियों के लिए भी परेशानी बढ़ गई है। जिन मरीजों ने मोतियाबिंद की सर्जरी कराई है। उनकी आंखों में संक्रमण का भय बना हुआ है। गर्भवतियों में अब प्री मैच्योर डिलीवरी का खतरा भी बढ़ गया है। डॉक्टर लोगों को सुबह शाम की सैर से बचने की सलाह दे रहे हैं।
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बॉकस

बरसात के बाद टूटेगी स्मॉग की चादर- डॉ. राजेंद्र
प्रदूषण मामलों के विशेषज्ञ डॉ. राजेंद्र कुमार का कहना है कि हवा की रफ्तार बढ़ेगी तो थोड़ा एक्यूआई गिरेगा। हवा का दबाव बनते ही स्मॉग की चादर बनेगी। अब हवा में कार्बन की मात्रा बढ़ रही है। यह बेहद खतरनाक है। अब बरसात के बाद ही स्मॉग की चादर टूटेगी। प्रशासन को ग्रैप चार के तहत गंभीरता से काम करना चाहिए।


वर्जन-
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के एसडीओ कुलदीप ने बताया कि ग्रैप चार के तहत गंभीरता से काम किया जा रहा है। संबंधित विभागों को सड़कों व पेड- पौधों पर छिड़काव के लिए कहा गया है। वह उद्योगों का लगातार निरीक्षण कर रहे हैं। जिन उद्योगों में प्रतिबंधित ईंधन का प्रयोग मिला, उन पर कार्रवाई निश्चित तौर पर की जाएगी।
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