{"_id":"58ee75694f1c1ba368cf7bf2","slug":"gehun-25-mans-130-accor-crop-burn","type":"story","status":"publish","title_hn":"25 लोगों की 130 एकड़ गेहूं की फसल जली ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
25 लोगों की 130 एकड़ गेहूं की फसल जली
अमर उजाला ब्यूरो, पानीपत।
Updated Thu, 13 Apr 2017 12:13 AM IST
विज्ञापन
पानीपत
- फोटो : पानीपत
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मतलौडा। उरलाना कलां गांव के खेतों में लगी आग से 25 किसानों की करीब 130 एकड़ गेहूं की फसल जलकर राख हो गई। मौके पर पहुंची दमकल विभाग की गाड़ी में भी पूरा पानी नहीं मिला। ग्रामीणों ने पंप से पानी भरने की कही तो फायरमैन ने पाइप न होने की बात कही। इस पर पूर्व सरपंच और अधिकारियों के बीच कहासुनी हो गई।
उरलाना कलां गांव में बुधवार दोपहर करीब एक बजे नहर के नजदीक स्थित गुरुद्वारे के पास आग लग गई। सूचना मिलते ही लोग हाथों में पानी की बाल्टियां और हरी टहनियां लेकर खेत की तरफ भागे। लेकिन आग का दायरा ज्यादा होने की वजह से वह नाकाम रहे।लोगों की सूचना पर दमकल की एक गाड़ी मौके पर पहुंची। पांच हजार लीटर पानी आने वाली इस फायर गाड़ी में लगभग एक हजार लीटर पानी ही मिला। जो आग बुझान के लिए पर्याप्त नहीं था। आग पर काबू पाने के लिए लोगों ने जनरेटर चलाकर दमकल की गाड़ी का टैंक भरने की बात कही तो फायरमैन ने जवाब दिया कि उनके पास पानी भरने के लिए पाइप नहीं है। इस बात पर उरलाना खुर्द के पूर्व सरपंच गुरचरण सिंह ने फायरमैन आजाद सिंह से कहासुनी हो गई। फायरमैन ने जवाब दिया कि हम तो पाइप ले आते हैं, लेकिन उनके अधिकारी पाइप का बिल पास नहीं करते।
इन लोगों की जली फसल
सोभाराम, मेहर सिंह, केहर सिंह, दिलेर सिंह, विकास, सुभाष, धर्मेंद्र, बलदेव अंग्रेज सिंह, रणजीत सिंह, तरण सिंह, साहब सिंह, पंजाब सिंह, अनूप सिंह, अर्जुन सिंह, राजू बाबा, बली सिंह, बलविंद्र सिंह, छबील सिंह, वीरेंद्र पाल, मोहन सिंह, गुरमेहर सिंह, संदीप सिंह, माहर सिंह और बिंदी शर्मा की फसल जल गई। यह सभी किसान लगभग 3 से 7 एकड़ जमीन के मालिक हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
उरलाना कलां गांव में बुधवार दोपहर करीब एक बजे नहर के नजदीक स्थित गुरुद्वारे के पास आग लग गई। सूचना मिलते ही लोग हाथों में पानी की बाल्टियां और हरी टहनियां लेकर खेत की तरफ भागे। लेकिन आग का दायरा ज्यादा होने की वजह से वह नाकाम रहे।लोगों की सूचना पर दमकल की एक गाड़ी मौके पर पहुंची। पांच हजार लीटर पानी आने वाली इस फायर गाड़ी में लगभग एक हजार लीटर पानी ही मिला। जो आग बुझान के लिए पर्याप्त नहीं था। आग पर काबू पाने के लिए लोगों ने जनरेटर चलाकर दमकल की गाड़ी का टैंक भरने की बात कही तो फायरमैन ने जवाब दिया कि उनके पास पानी भरने के लिए पाइप नहीं है। इस बात पर उरलाना खुर्द के पूर्व सरपंच गुरचरण सिंह ने फायरमैन आजाद सिंह से कहासुनी हो गई। फायरमैन ने जवाब दिया कि हम तो पाइप ले आते हैं, लेकिन उनके अधिकारी पाइप का बिल पास नहीं करते।
विज्ञापन
इन लोगों की जली फसल
सोभाराम, मेहर सिंह, केहर सिंह, दिलेर सिंह, विकास, सुभाष, धर्मेंद्र, बलदेव अंग्रेज सिंह, रणजीत सिंह, तरण सिंह, साहब सिंह, पंजाब सिंह, अनूप सिंह, अर्जुन सिंह, राजू बाबा, बली सिंह, बलविंद्र सिंह, छबील सिंह, वीरेंद्र पाल, मोहन सिंह, गुरमेहर सिंह, संदीप सिंह, माहर सिंह और बिंदी शर्मा की फसल जल गई। यह सभी किसान लगभग 3 से 7 एकड़ जमीन के मालिक हैं।
विज्ञापन