{"_id":"65dba655f374a3360e001d7b","slug":"employees-arrived-to-fix-the-wires-villagers-created-ruckus-panipat-news-c-244-1-pnp1003-114287-2024-02-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Panipat News: तारों को ठीक करने पहुंचे कर्मचारी, ग्रामीणों ने किया हंगामा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Panipat News: तारों को ठीक करने पहुंचे कर्मचारी, ग्रामीणों ने किया हंगामा
विज्ञापन
पानीपत। सिठाना गांव में संत गुरु रविदास के प्रकोत्सव पर निकाली जा रही पालकी का ध्वज हाईटेंशन तारों के संपर्क में आने से एक युवक की मौत होने के बाद रविवार को बिजली निगम की टीमें गांव में पहुंची। बिजली निगम की टीमों ने यहां गलियों से गुजर रही तारों की ऊंचाई को मापा। यहां ऊंचाई नियम से काफी नीचे मिली। नियमानुसार तारों की ऊंचाई 18 फुट होने चाहिए थी लेकिन यहां 13 फुट मिली। इस पर ग्रामीण भड़क गए।
ग्रामीणों ने बिजली निगम के कर्मचारियों को खरी खरी सुनाई। यहां पर मौजूद पुलिस कर्मचारियों को भी ग्रामीणों के गुस्से का सामना करना पड़ा। ग्रामीण बिजली निगम के कर्मचारियों पर कार्रवाई के लिए अड़े रहे। पुलिस ने ग्रामीणों को मामले में उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। ग्रामीणों ने बिजली निगम के कर्मचारियों को तार ऊपर नहीं करने दिए। ग्रामीण उच्चाधिकारियों को सबूत के तौर पर बिजली निगम की लापरवाही दिखाना चाहते हैं। सिठाना गांव निवासी अश्वनी, सरपंच सतनाम सिंह, प्रमोद, विक्की, मोनू , वेदपाल, रामू व सतपाल चौहान ने बताया कि शनिवार को हादसे के बाद बिजली निगम के कर्मचारी बिना शिकायत के ही तारों को ठीक करने के लिए आ गए।
बिजली निगम के कर्मचारियों ने खुद तारों की ऊंचाई को नहीं मापा। बल्कि गांव के एक युवक को मशीन से ऊपर चढ़ाकर तारों की ऊंचाई को मापा है। ये भी निगम की बड़ी लापरवाही है। तारों की ऊंचाई 13 फुट है। बिजली निगम की लापरवाही से युवक शमशेर की जान गई है। उन्होंने शनिवार को निगम के खिलाफ शिकायत दी थी लेकिन अब तक इसमें कार्रवाई नहीं की गई है। बिजली निगम के कर्मचारी रविवार को तार ऊपर करके अपनी लापरवाही छुपाने का प्रयास कर रहे हैं। वो आरोपियों पर कार्रवाई के लिए संघर्षरत रहेंगे।
विज्ञापन
बॉक्स
ये है मामला-
सिठाना गांव में संत गुरु रविदास के प्रकाशोत्सव पर निकाली जा रही पालकी का ध्वज हाईटेंशन तारों के संपर्क में आने से एक शमशेर नाम के युवक की मौत हो गई थी। शमेशर पालकी के साथ जा रहा था। इस हादसे में बीरपाल व दीपक झुलस गए थे। इन दोनों का निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है। इस हादसे के बाद से ही ग्रामीणों में रोष बना है। ग्रामीण बिजली निगम के कर्मचारियों पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
वर्जन-
सदर थाना प्रभारी जगजीत सिंह ने बताया कि उनकी टीम रविवार को भी गांव में गई थी। इस पूरे मामले की जांच जारी है। ग्रामीणों की शिकायत पर जांच की जा रही है। जो भी दोषी होगा कार्रवाई करेंगे।
विज्ञापन
ग्रामीणों ने बिजली निगम के कर्मचारियों को खरी खरी सुनाई। यहां पर मौजूद पुलिस कर्मचारियों को भी ग्रामीणों के गुस्से का सामना करना पड़ा। ग्रामीण बिजली निगम के कर्मचारियों पर कार्रवाई के लिए अड़े रहे। पुलिस ने ग्रामीणों को मामले में उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। ग्रामीणों ने बिजली निगम के कर्मचारियों को तार ऊपर नहीं करने दिए। ग्रामीण उच्चाधिकारियों को सबूत के तौर पर बिजली निगम की लापरवाही दिखाना चाहते हैं। सिठाना गांव निवासी अश्वनी, सरपंच सतनाम सिंह, प्रमोद, विक्की, मोनू , वेदपाल, रामू व सतपाल चौहान ने बताया कि शनिवार को हादसे के बाद बिजली निगम के कर्मचारी बिना शिकायत के ही तारों को ठीक करने के लिए आ गए।
विज्ञापन
बिजली निगम के कर्मचारियों ने खुद तारों की ऊंचाई को नहीं मापा। बल्कि गांव के एक युवक को मशीन से ऊपर चढ़ाकर तारों की ऊंचाई को मापा है। ये भी निगम की बड़ी लापरवाही है। तारों की ऊंचाई 13 फुट है। बिजली निगम की लापरवाही से युवक शमशेर की जान गई है। उन्होंने शनिवार को निगम के खिलाफ शिकायत दी थी लेकिन अब तक इसमें कार्रवाई नहीं की गई है। बिजली निगम के कर्मचारी रविवार को तार ऊपर करके अपनी लापरवाही छुपाने का प्रयास कर रहे हैं। वो आरोपियों पर कार्रवाई के लिए संघर्षरत रहेंगे।
विज्ञापन
बॉक्स
ये है मामला-
सिठाना गांव में संत गुरु रविदास के प्रकाशोत्सव पर निकाली जा रही पालकी का ध्वज हाईटेंशन तारों के संपर्क में आने से एक शमशेर नाम के युवक की मौत हो गई थी। शमेशर पालकी के साथ जा रहा था। इस हादसे में बीरपाल व दीपक झुलस गए थे। इन दोनों का निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है। इस हादसे के बाद से ही ग्रामीणों में रोष बना है। ग्रामीण बिजली निगम के कर्मचारियों पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
वर्जन-
सदर थाना प्रभारी जगजीत सिंह ने बताया कि उनकी टीम रविवार को भी गांव में गई थी। इस पूरे मामले की जांच जारी है। ग्रामीणों की शिकायत पर जांच की जा रही है। जो भी दोषी होगा कार्रवाई करेंगे।