{"_id":"650ddd0597296913f10f93a9","slug":"deputy-chief-minister-reached-the-house-of-martyr-major-ashish-and-consoled-the-family-members-2023-09-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"हरियाणा: शहीद मेजर आशीष के नाम पर होगा गांव का सरकारी स्कूल, उपमुख्यमंत्री दुष्यंत शहीद के परिजनों से मिले","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हरियाणा: शहीद मेजर आशीष के नाम पर होगा गांव का सरकारी स्कूल, उपमुख्यमंत्री दुष्यंत शहीद के परिजनों से मिले
Fri, 22 Sep 2023 11:59 PM IST
भूपेंद्र सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, पानीपत (हरियाणा)
अमर उजाला ब्यूरो, पानीपत (हरियाणा)
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Fri, 22 Sep 2023 11:59 PM IST
सार
शहीद मेजर आशीष 12 सितंबर को अनंतनाग में आतंकवादियों के साथ मुठभेड़ में दो गोली लगने से शहीद हो गए थे। उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने कहा कि प्रत्येक देशवासी को उन पर गर्व है। देश उनका सदैव ऋणी रहेगा।
विज्ञापन
उप मुख्यमंत्री ने शहीद मेजर आशीष के घर पहुंच परिजनों को दी सांत्वना
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला शुक्रवार देर शाम को पानीपत में शहीद मेजर आशीष धौंचक के टीडीआई स्थित आवास पर पहुंचे। उन्होंने यहां शोक संतप्त परिवार को सांत्वना दी। उप मुख्यमंत्री ने पहले शहीद आशीष के पिता लालचंद से बात की और फिर उनकी पत्नी ज्योति, मां कमला और तीनों बहनों को ढांढस बांधा।
विज्ञापन
इस दौरान उन्होंने कहा कि मेजर आशीष धौंचक ने देश की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति दी है। प्रत्येक देशवासी को उन पर गर्व है। देश उनका सदैव ऋणी रहेगा। दुख की इस घड़ी में सरकार परिवार के साथ है। हरियाणा सरकार परिवार की हरसंभव सहायता करेगी। उन्होंने शहीद मेजर आशीष धौंचक के नाम पैतृक गांव बिंझौल के सरकारी स्कूल का नाम रखने की घोषणा की।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि इस दिशा में शनिवार को ही काम शुरू कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि अनंतनाग में सेना ने आतंकवादियों को ढेर कर दिया और उनके आगे के मनसूबों को भी धरा शाही कर दिया है। इस अवसर पर जजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष देवेंद्र कादियान, फूलपति व जिला प्रवक्ता जयदेव नौल्था मौजूद रहे।
विज्ञापन
विदित है कि शहीद मेजर आशीष 12 सितंबर को अनंतनाग में आतंकवादियों के साथ मुठभेड़ में दो गोली लगने से शहीद हो गए थे। मुख्यमंत्री ने शहीद की पत्नी को योग्यता अनुसार नौकरी देने और सरकार की तरफ से 50 लाख रुपये देने की बात कही थी। इसके साथ टीडीआई में शहीद के नाम पार्क और गांव में स्वागत द्वार बनाने की घोषणा की थी।