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Panipat News: कैंटर चालकों संग भाकियू टिकैत सड़क पर उतरी
Wed, 03 Jan 2024 02:42 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पानीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, पानीपत
Updated Wed, 03 Jan 2024 02:42 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
समालखा। नए यातायात कानूनों के खिलाफ ट्रक चालकों को प्रदेशव्यापी बेमियादी हड़ताल का समर्थन करते हुए समालखा की कैंटर यूनियन ने भी चक्का जाम रखा। समालखा के कैंटर चालकों ने यूनियन प्रधान सुनील कुमार के पास अपनी अपनी गाड़ी की चाबी एकत्रित कर सारी चाबियां केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को सौंपने का निर्णय लिया।
सभी कैंटर चालकों ने केंद्र और राज्य सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। नए कानूनों को काला कानून बताते हुए वापसी तक हड़ताल करने का फैसला लिया। वहीं भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) के प्रदेश महासचिव सोनू मालपुरिया के नेतृत्व में किसानों ने भी ट्रक चालकों की हड़ताल का समर्थन किया है।
मालपुरिया ने कहा कि किसान विरोधी है, पहले तीन कृषि कानून लाकर किसानों को प्रताड़ित किया और अब ट्रक चालकों को परेशान करने की नियत से यह नए कानून थोपे जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि ट्रक चालक भी किसान परिवार से हैं। जिस तरह कृषि कानूनों को वापस कराया था इसी तरह एक बार फिर से इन कानूनों को वापस कराने की लड़ाई मिलकर लड़ेंगे।
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समालखा। नए यातायात कानूनों के खिलाफ ट्रक चालकों को प्रदेशव्यापी बेमियादी हड़ताल का समर्थन करते हुए समालखा की कैंटर यूनियन ने भी चक्का जाम रखा। समालखा के कैंटर चालकों ने यूनियन प्रधान सुनील कुमार के पास अपनी अपनी गाड़ी की चाबी एकत्रित कर सारी चाबियां केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को सौंपने का निर्णय लिया।
सभी कैंटर चालकों ने केंद्र और राज्य सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। नए कानूनों को काला कानून बताते हुए वापसी तक हड़ताल करने का फैसला लिया। वहीं भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) के प्रदेश महासचिव सोनू मालपुरिया के नेतृत्व में किसानों ने भी ट्रक चालकों की हड़ताल का समर्थन किया है।
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मालपुरिया ने कहा कि किसान विरोधी है, पहले तीन कृषि कानून लाकर किसानों को प्रताड़ित किया और अब ट्रक चालकों को परेशान करने की नियत से यह नए कानून थोपे जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि ट्रक चालक भी किसान परिवार से हैं। जिस तरह कृषि कानूनों को वापस कराया था इसी तरह एक बार फिर से इन कानूनों को वापस कराने की लड़ाई मिलकर लड़ेंगे।
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