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विस सत्र से पहले तय होगी रोष प्रदर्शनों की सीमा

Fri, 10 Dec 2021 01:51 AM IST
Panchkula Bureau पंचकुला ब्‍यूरो
Updated Fri, 10 Dec 2021 01:51 AM IST
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The extent of fury demonstrations will be decided before the assembly session
चंडीगढ़। हरियाणा विधानसभा के शीतकालीन सत्र से पहले रोष प्रदर्शनों की सीमा, मर्यादा और विरोध से निपटने के तौर-तरीके तय किए जाएंगे। 16 दिसंबर को विधानसभा में सर्वदलीय बैठक बुलाई गई है। वीरवार को स्पीकर ज्ञान चंद गुप्ता ने बीते अनुभवों को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने के लिए मुख्य सचिव, गृह सचिव व डीजपी के साथ बैठक कर तैयारियों की समीक्षा की।
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तय हुआ कि 17 दिसंबर से शुरू हो रहे सत्र के दौरान किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए सुरक्षा प्रबंध पहले से पुख्ता की जाएगी। बीते मानसून सत्र में कुछ विपक्षी विधायकों ने रोष-प्रदर्शन के दौरान चंडीगढ़ पुलिस पर धक्का-मुक्की के आरोप लगाए थे। इस बार स्पीकर सत्र अवधि के दौरान रोष-प्रदर्शन करने की मर्यादा तय करना चाहते हैं। सर्वदलीय बैठक में नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा और दूसरे दलों के प्रतिनिधियों को बुलाया गया है। ज्ञान चंद गुप्ता ने स्पष्ट किया कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में सभी पक्षों को अपनी बात रखने व रोष प्रकट करने का अधिकार है, लेकिन दूसरे जनप्रतिनिधियों के विशेषाधिकारों के संरक्षण की चिंता भी करनी होगी। सेक्टर-3 स्थित हरियाणा निवास में प्रेस गैलरी स्थापित करने पर सहमति बनी है। मुख्यमंत्री समेत अन्य नेता हरियाणा निवास में ही मीडिया से बात करेंगे।
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शीतकालीन सत्र कोविड प्रोटोकॉल का पालन करते हुए आयोजित किया जाएगा। विधान भवन परिसर और आसपास क्षेत्रों की सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रहेगी। गुप्ता ने मुख्य सचिव संजीव कौशल, गृह विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव राजीव अरोड़ा और पुलिस महानिदेशक पीके अग्रवाल से कोविड संबंधी एहतियात और सुरक्षा प्रबंधों का जायजा लिया।
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विस में प्रवेश के लिए दोनों टीके या आरटीपीसीआर रिपोर्ट जरूरी
गुप्ता ने कहा कि सत्र के दौरान कम से कम व्यक्तियों को विधानसभा परिसर में आने की अनुमति दी जाए। विधानभवन में प्रवेश करने के लिए कोविड के दोनों टीके लगवाना अनिवार्य कर दिया गया है। अगर किन्हीं कारणों से कोई विधायक कोविड टीका नहीं लगवा सकेगा तो उनके लिए आरटीपीसीआर टेस्ट की सुविधा रहेगी। ओमिक्रॉन के तेजी से फैलने की खबरें आ रही हैं। उन्होंने सभी विधायकों और अधिकारी-कर्मचारियों से आग्रह किया कि वे पूरी जिम्मेदारी के साथ कोविड संबंधी दिशानिर्देशों का पालन करें।
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