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Panchkula News: नगर निगम में पास प्रोजेक्ट तीन साल से धरातल पर नहीं उतरे
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पंचकूला। नगर निगम 29 फरवरी को 2024-25 के लिए जहां करीब 250 करोड़ का बजट प्रस्तुत करने जा रहा है, वहीं दूसरी तरफ तीन साल के दौरान बजट में पास 20 से ज्यादा प्रोजेक्ट आज तक जमीन पर नहीं उतर पाए हैं। निगम का प्रतिवर्ष बजट तो बढ़ता जा रहा है लेकिन बजट में पास प्रोजेक्ट जो धरातल पर नहीं उतरे हैं उनकी भी लिस्ट बढ़ती जा रही है। इस मामले में स्थानीय लोगों और पार्षदों में नाराजगी देखने को मिल रही है। लोगों का कहना है कि नगर निगम केवल सपनों और आश्वासनों का बजट बनाता है। नगर निगम ने 2023-24 के लिए 228 का बजट बनाया था। इस बाबत नगर निगम के अधिकारियों और महापौर की दलीलें हैं कि प्रस्तावों में अन्य विभागों की तरफ से कार्य की प्रगति को लेकर उचित सहयोग नहीं मिल पाया है। इस वजह से अधिकतर प्रोजेक्ट शुरू नहीं हो पाए हैं।
बड़े प्रस्ताव कागजों से बाहर नहीं निकल पाए
- मेडी सिटी और एजु सिटी पर काम नहीं हुआ
- मल्टीलेवल पार्किंग, इवनिंग नाइट फूड स्ट्रीट, चंडीमंदिर एजुकेशन एंड रीक्रिएशन सिटी, अवैध काॅलोनियों को बुनियादी सुविधाएं मुहैया कराना
- एजेंडा एजुकेशन सिटी, लेक, काफी हाउस, नगर निगम कार्यालय की बिल्डिंग, मिल्क डेयरी, कोर्ट बिल्ला जसवंत गढ़ में ग्रुप हाउसिंग सोसाइटी का निर्माण
- गैस पाइप लाइन
- सेक्टर-20 की सोसाइटियों में 120 लाख की लागत से बरसाती पानी की निकासी के लिए स्ट्रॉम वाटर पाइप लाइन डाला जाना
- 36 पब्लिक शौचालय, 17 मोबाइल शौचालयों की रिपेयरिंग अभी अधूरी
- सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट का काम अधर में लटकना
- नगर निगम की जमीनों की फेंसिंग
- मीट मार्केट का निर्माण
- टूरिज्म बस खरीदना
- शेष बचे गांवों में सीवरेज और ट्रीटमेंट प्लांट लगाना
- झुग्गी-झोपड़ी वालों को प्लॉट और फ्लैट देना
- स्कूल और कॉलेज बसों की अवैध पार्किंग रोकना
- शहर से दूध की डेयरियों को शिफ्ट करना
- नगर निगम की विभिन्न जमीनों को बेचने से 10 करोड़ रुपये
- सीसीटीवी कैमरा इंस्टॉलेशन परचेज और मेंटेनेंस के लिए 1 करोड़ रुपये, अभी बात टेंडर तक पहुंची
- विज्ञापनों से 10 करोड़ रुपये की आय, लक्ष्य पूरा नहीं हुआ
- हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण से शेयर के रूप में 25 करोड़ रुपये
- नगर निगम कार्यालय की नई बिल्डिंग के लिए 10 करोड़ रुपये, काम अधर में लटका
नगर निगम की बैठक में मल्टीलेवल पार्किंग बनाए जाने के दावे किए गए हैं। इसे दो बार पास भी किया गया है। इसके बाद भी इसे बनाए जाने पर जमीन की सहमति एचएसवीपी, प्रशासन और नगर निगम के बीच नहीं बन पाई है। इस कारण सेक्टर सहित आसपास के लोगों को परेशानी हो रही है। - ओमवती पुनिया, पार्षद
मेरे वार्ड में कोर्ट बिल्ला जसवंतगढ़ में ग्रुप हाउसिंग सोसाइटी का निर्माण किया जाना था। पिछले हाउस की बैठक में भी मुद्दा उठा था, लेकिन प्रोजेक्ट आज तक सिरे नहीं चढ़ पाया है। - सलीम दबकोरी, पार्षद, वार्ड नंबर-20
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नगर निगम आज तक अपनी जमीनों की फेंसिंग नहीं करा पाया है। यह मुद्दा कई बार हाउस की बैठक में उठ चुका है। नतीजा बुढ़नपुर सहित ग्रामीण क्षेत्रों में लोग नगर निगम की जमीन पर कब्जा कर रहे हैं। - उषा रानी, पार्षद
कोट
नगर निगम के हाउस की बैठक में पारित प्रस्तावों में अन्य विभागों की तरफ से कार्य की प्रगति को लेकर सहयोग नहीं मिला है। इसके चलते अधिकतर प्रोजेक्ट शुरू नहीं हो पाए हैं। -कुलभूषण गोयल, महापौर नगर निगम पंचकूला
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बड़े प्रस्ताव कागजों से बाहर नहीं निकल पाए
- मेडी सिटी और एजु सिटी पर काम नहीं हुआ
- मल्टीलेवल पार्किंग, इवनिंग नाइट फूड स्ट्रीट, चंडीमंदिर एजुकेशन एंड रीक्रिएशन सिटी, अवैध काॅलोनियों को बुनियादी सुविधाएं मुहैया कराना
- एजेंडा एजुकेशन सिटी, लेक, काफी हाउस, नगर निगम कार्यालय की बिल्डिंग, मिल्क डेयरी, कोर्ट बिल्ला जसवंत गढ़ में ग्रुप हाउसिंग सोसाइटी का निर्माण
- गैस पाइप लाइन
- सेक्टर-20 की सोसाइटियों में 120 लाख की लागत से बरसाती पानी की निकासी के लिए स्ट्रॉम वाटर पाइप लाइन डाला जाना
- 36 पब्लिक शौचालय, 17 मोबाइल शौचालयों की रिपेयरिंग अभी अधूरी
- सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट का काम अधर में लटकना
- नगर निगम की जमीनों की फेंसिंग
- मीट मार्केट का निर्माण
- टूरिज्म बस खरीदना
- शेष बचे गांवों में सीवरेज और ट्रीटमेंट प्लांट लगाना
- झुग्गी-झोपड़ी वालों को प्लॉट और फ्लैट देना
- स्कूल और कॉलेज बसों की अवैध पार्किंग रोकना
- शहर से दूध की डेयरियों को शिफ्ट करना
- नगर निगम की विभिन्न जमीनों को बेचने से 10 करोड़ रुपये
- सीसीटीवी कैमरा इंस्टॉलेशन परचेज और मेंटेनेंस के लिए 1 करोड़ रुपये, अभी बात टेंडर तक पहुंची
- विज्ञापनों से 10 करोड़ रुपये की आय, लक्ष्य पूरा नहीं हुआ
- हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण से शेयर के रूप में 25 करोड़ रुपये
- नगर निगम कार्यालय की नई बिल्डिंग के लिए 10 करोड़ रुपये, काम अधर में लटका
नगर निगम की बैठक में मल्टीलेवल पार्किंग बनाए जाने के दावे किए गए हैं। इसे दो बार पास भी किया गया है। इसके बाद भी इसे बनाए जाने पर जमीन की सहमति एचएसवीपी, प्रशासन और नगर निगम के बीच नहीं बन पाई है। इस कारण सेक्टर सहित आसपास के लोगों को परेशानी हो रही है। - ओमवती पुनिया, पार्षद
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मेरे वार्ड में कोर्ट बिल्ला जसवंतगढ़ में ग्रुप हाउसिंग सोसाइटी का निर्माण किया जाना था। पिछले हाउस की बैठक में भी मुद्दा उठा था, लेकिन प्रोजेक्ट आज तक सिरे नहीं चढ़ पाया है। - सलीम दबकोरी, पार्षद, वार्ड नंबर-20
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नगर निगम आज तक अपनी जमीनों की फेंसिंग नहीं करा पाया है। यह मुद्दा कई बार हाउस की बैठक में उठ चुका है। नतीजा बुढ़नपुर सहित ग्रामीण क्षेत्रों में लोग नगर निगम की जमीन पर कब्जा कर रहे हैं। - उषा रानी, पार्षद
कोट
नगर निगम के हाउस की बैठक में पारित प्रस्तावों में अन्य विभागों की तरफ से कार्य की प्रगति को लेकर सहयोग नहीं मिला है। इसके चलते अधिकतर प्रोजेक्ट शुरू नहीं हो पाए हैं। -कुलभूषण गोयल, महापौर नगर निगम पंचकूला