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अब हर सेक्टर में घूमेंगे सब्जी और फल विक्रेता
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पंचकूला। नगर निगम ने शहरवासियों की सुविधा के लिए हर सेक्टर में घूमकर फल एवं सब्जी बेचने के लिए विक्रेताओं को लाइसेंस देने का फैसला किया है। लाइसेंस के लिए निगम नॉन मोटराइज्ड के लिए तीन हजार और मोटराइज्ड के लिए पांच हजार रुपये लेगा। इसकी एवज में उन्हें पहचान पत्र दिए जाएंगे। इतना ही नहीं एक सेक्टर में केवल 20 विक्रेताओं को ही लाइसेंस देने का फैसला किया गया है।
मेयर कुलभूषण गोयल ने बताया कि काफी समय से लोगों की मांग थी कि फल एवं सब्जी बेचने वालों को लाइसेंस दिए जाएं ताकि लोगों को उनके घरों के पास ही ताजा सब्जी एवं फल सस्ते दामों पर मिल सके। इस प्रस्ताव के पास होने के बाद पूरे शहर में लगभग 500 नॉन मोटराइज्ड और मोटराइज्ड रेहड़ी वालों को रोजगार चलाने का अधिकार मिल जाएगा। इस प्रस्ताव को निगम की बैठक में पास कर दिया गया था और अब यह मुद्दा टाउन वेंडिंग की बैठक में पास करवाया जाएगा। टाउन वेंडिंग कमेटी की बैठक में इस प्रस्ताव की पूरी रुपरेखा बनेगी, जिस पर सभी की सहमति जरूरी है। किन लोगों को लाइसेंस मिलने चाहिए, इसका फैसला भी बैठक में होगा।
शहर को अतिक्रमण मुक्त बनाने एवं वेंडर्स को सेटल करने के लिए अगस्त 2021 में नई कमेटी का गठन किया गया था। टीवीसी में भाजपा पार्षद हरेंद्र मलिक, जय कौशिक, राकेश कुमार, कांग्रेस पार्षद गौतम प्रसाद शामिल हैं। इसके अलावा कमेटी में शहर के कुछ प्रबुद्ध नागरिक नगर परिषद के पूर्व उपप्रधान बीबी सिंगल, भाजपा नेता एसपी गुप्ता, राजेंद्र नूनीवाल, रोहित सेन, जजपा कार्यकर्ता महेंद्र शर्मा को शामिल किया गया है। साथ ही वेंडर्स की ओर से 8 सदस्य वेंडर्स सुमित कुमार, अवधेश कुमार, विपिन कुमार, किरण, प्रमोद शाह, राजकुमार, विकास सेठी, शहजाद आलम को प्रतिनिधित्व दिया गया है।
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कमेटी में डीसी और एसीपी भी शामिल
कमेटी में डीसी, एसीपी पंचकूला, एसीपी ट्रैफिक, चीफ मेडिकल ऑफिसर पंचकूला, लीड डिस्ट्रिक मैनेजर, एसई नगर निगम, फायर स्टेशन ऑफिसर एवं लेबर इंस्पेक्टर आधिकारिक सदस्य बनाए गए हैं। हालांकि, संभावना है कि यदि सेक्टरवाइज रेहड़ी पर घूमने वालों को लाइसेंस मिल जाएंगे तो वेंडिंग जोन फेल हो सकते हैं, क्योंकि वेंडिंग जोन में रेहड़ी फड़ी वाले बैठने और किराया देने से कतराने लगेंगे। टाउन वेंडिंग कमेटी का मुख्य कार्य स्ट्रीट वेंडरों की संख्या उस क्षेत्र की धारण क्षमता से अधिक होने पर टाउन वेंडिंग कमेटी प्रमाण पत्र जारी करने के लिए बहुत सारे ड्रा निकालाना है। प्रमाण पत्र जारी करने से पहले हर स्ट्रीट वेंडर टाउन वेंडिंग कमेटी को एक वचन देगा।
नियमों के उल्लंघन पर रद्द हो सकता है प्रमाणपत्र
यदि अधिनियम में उल्लिखित नियमों और शर्तों का कोई उल्लंघन होता है तो टाउन वेंडिंग कमेटी स्ट्रीट वेंडर के प्रमाण पत्र को रद्द या निलंबित कर सकती है। प्रत्येक स्ट्रीट वेंडर, जिन्हें वेंडिंग सर्टिफिकेट जारी किया गया है, वे वेंडिंग शुल्क का भुगतान करेंगे जोकि शुल्क के भुगतान पर नवीकरणीय होगा। स्ट्रीट वेंडर की मृत्यु के मामले में वेंडिंग सर्टिफिकेट पति या मृतक विक्रेता के आश्रित बच्चे को हस्तांतरित किया जा सकता है। प्रत्येक स्ट्रीट वेंडर, जिन्हें वेंडिंग सर्टिफिकेट जारी किया गया है, उन्हें भी टीवीसी द्वारा पहचान पत्र जारी किए जाने हैं। वेंडिंग फीस का भुगतान हर उस स्ट्रीट वेंडर को करना होगा, जिसे सर्टिफिकेट जारी किया गया है और यह सर्टिफिकेट स्कीम में निर्दिष्ट अवधि के लिए मान्य होगा। वेंडिंग सर्टिफिकेट जारी होने के बाद किसी भी वेंडर को 30 दिनों के नोटिस के बिना निर्दिष्ट स्थान से स्थानांतरित या बेदखल नहीं किया जा सकता।
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मेयर कुलभूषण गोयल ने बताया कि काफी समय से लोगों की मांग थी कि फल एवं सब्जी बेचने वालों को लाइसेंस दिए जाएं ताकि लोगों को उनके घरों के पास ही ताजा सब्जी एवं फल सस्ते दामों पर मिल सके। इस प्रस्ताव के पास होने के बाद पूरे शहर में लगभग 500 नॉन मोटराइज्ड और मोटराइज्ड रेहड़ी वालों को रोजगार चलाने का अधिकार मिल जाएगा। इस प्रस्ताव को निगम की बैठक में पास कर दिया गया था और अब यह मुद्दा टाउन वेंडिंग की बैठक में पास करवाया जाएगा। टाउन वेंडिंग कमेटी की बैठक में इस प्रस्ताव की पूरी रुपरेखा बनेगी, जिस पर सभी की सहमति जरूरी है। किन लोगों को लाइसेंस मिलने चाहिए, इसका फैसला भी बैठक में होगा।
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शहर को अतिक्रमण मुक्त बनाने एवं वेंडर्स को सेटल करने के लिए अगस्त 2021 में नई कमेटी का गठन किया गया था। टीवीसी में भाजपा पार्षद हरेंद्र मलिक, जय कौशिक, राकेश कुमार, कांग्रेस पार्षद गौतम प्रसाद शामिल हैं। इसके अलावा कमेटी में शहर के कुछ प्रबुद्ध नागरिक नगर परिषद के पूर्व उपप्रधान बीबी सिंगल, भाजपा नेता एसपी गुप्ता, राजेंद्र नूनीवाल, रोहित सेन, जजपा कार्यकर्ता महेंद्र शर्मा को शामिल किया गया है। साथ ही वेंडर्स की ओर से 8 सदस्य वेंडर्स सुमित कुमार, अवधेश कुमार, विपिन कुमार, किरण, प्रमोद शाह, राजकुमार, विकास सेठी, शहजाद आलम को प्रतिनिधित्व दिया गया है।
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कमेटी में डीसी और एसीपी भी शामिल
कमेटी में डीसी, एसीपी पंचकूला, एसीपी ट्रैफिक, चीफ मेडिकल ऑफिसर पंचकूला, लीड डिस्ट्रिक मैनेजर, एसई नगर निगम, फायर स्टेशन ऑफिसर एवं लेबर इंस्पेक्टर आधिकारिक सदस्य बनाए गए हैं। हालांकि, संभावना है कि यदि सेक्टरवाइज रेहड़ी पर घूमने वालों को लाइसेंस मिल जाएंगे तो वेंडिंग जोन फेल हो सकते हैं, क्योंकि वेंडिंग जोन में रेहड़ी फड़ी वाले बैठने और किराया देने से कतराने लगेंगे। टाउन वेंडिंग कमेटी का मुख्य कार्य स्ट्रीट वेंडरों की संख्या उस क्षेत्र की धारण क्षमता से अधिक होने पर टाउन वेंडिंग कमेटी प्रमाण पत्र जारी करने के लिए बहुत सारे ड्रा निकालाना है। प्रमाण पत्र जारी करने से पहले हर स्ट्रीट वेंडर टाउन वेंडिंग कमेटी को एक वचन देगा।
नियमों के उल्लंघन पर रद्द हो सकता है प्रमाणपत्र
यदि अधिनियम में उल्लिखित नियमों और शर्तों का कोई उल्लंघन होता है तो टाउन वेंडिंग कमेटी स्ट्रीट वेंडर के प्रमाण पत्र को रद्द या निलंबित कर सकती है। प्रत्येक स्ट्रीट वेंडर, जिन्हें वेंडिंग सर्टिफिकेट जारी किया गया है, वे वेंडिंग शुल्क का भुगतान करेंगे जोकि शुल्क के भुगतान पर नवीकरणीय होगा। स्ट्रीट वेंडर की मृत्यु के मामले में वेंडिंग सर्टिफिकेट पति या मृतक विक्रेता के आश्रित बच्चे को हस्तांतरित किया जा सकता है। प्रत्येक स्ट्रीट वेंडर, जिन्हें वेंडिंग सर्टिफिकेट जारी किया गया है, उन्हें भी टीवीसी द्वारा पहचान पत्र जारी किए जाने हैं। वेंडिंग फीस का भुगतान हर उस स्ट्रीट वेंडर को करना होगा, जिसे सर्टिफिकेट जारी किया गया है और यह सर्टिफिकेट स्कीम में निर्दिष्ट अवधि के लिए मान्य होगा। वेंडिंग सर्टिफिकेट जारी होने के बाद किसी भी वेंडर को 30 दिनों के नोटिस के बिना निर्दिष्ट स्थान से स्थानांतरित या बेदखल नहीं किया जा सकता।