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हरियाणा में नौकरियों में फर्जीवाड़ा: अब एचटेट की परीक्षा भी जांच के घेरे में, विजिलेंस सबूत तलाशने में जुटी

Tue, 23 Nov 2021 01:27 AM IST
पंचकुला ब्‍यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: पंचकुला ब्‍यूरो Updated Tue, 23 Nov 2021 01:27 AM IST
सार

उप सचिव अनिल नागर ऑफिस में पूरी ईमानदारी के दावे करता था। कर्मचारियों का कहना है कि वह अक्सर स्टाफ को चेतावनी देता था कि अगर किसी ने गड़बड़ की तो उसे विजिलेंस से पकड़वा देगा। हालांकि, हो इसके उलट गया और वह ही रंगे हाथ पकड़ा गया।

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HTET exam in Haryana Vigilance radar
प्रतीकात्मक तस्वीर

विस्तार

हरियाणा में नौकरियों के फर्जीवाड़े के सामने आने के बाद अब हरियाणा अध्यापक पात्रता परीक्षा (एचटेट) परीक्षा भी विजिलेंस जांच के घेरे में आ गई है। विजिलेंस ब्यूरो की पूछताछ में सामने आया है कि झज्जर निवासी अश्वनी शर्मा पैसे लेकर एचटेट की परीक्षा भी पास कराता था। उस समय एचसीएस अधिकारी अनिल नागर हरियाणा विद्यालय भिवानी बोर्ड में सचिव पद पर नियुक्त था। नागर के कार्यकाल की परीक्षाओं और एचटेट के लीक पेपर मामले की विजिलेंस ने अलग से जांच शुरू कर दी है।

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एचसीएस अधिकारी अनिल नागर को जनवरी 2017 में भिवानी शिक्षा बोर्ड में सचिव बनाया गया था। उस समय बोर्ड की आंसर-की का काम अश्वनी के पास था। उसी समय दोनों की दोस्ती हुई। भिवानी में हुई दोस्ती के बाद से अश्वनी शर्मा ने एचपीएससी (हरियाणा लोक सेवा आयोग) और एचएसएससी (हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग) में अपनी पहुंच बनाई।
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पूछताछ में अश्वनी ने बताया कि पहले वह एचटेट की परीक्षा भी पास कराता था। विजिलेंस अब इसके सबूत तलाश रही है कि आखिर अब तक वह एचटेट में कितने लोगों को पास करा चुका है। इसके अलावा, एचटेट के लीक पेपर के मामले में भी अश्वनी से पूछताछ की जा रही है। विजिलेंस के एक अधिकारी ने बताया कि विजिलेंस एचटेट एंगल पर भी काम कर रही है।
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आयोग में था अश्वनी का जबरदस्त रौब, बेरोकटोक थी उप सचिव के कार्यालय में एंट्री
भिवानी में करीब आए अश्वनी और नागर बाद में एक दूसरे के दोस्त बन गए। एचपीएससी के कर्मचारी बताते हैं कि आयोग में अश्वनी शर्मा का जबरदस्त रौब था। उसके आने जाने पर उसे कोई टोक भी नहीं सकता था और उसकी बेरोकटोक आवाजाही थी। सिक्योरिटी में तैनात पुलिस कर्मचारी भी उसे नहीं टोक पाते थे। उप सचिव के कमरे में उसकी सीधी एंट्री थी।


मकान खरीदने की तैयारी में था किराए पर रह रहा नागर
एचसीएस अधिकारी नागर इस समय पंचकूला के सेक्टर-17 में किराए पर रहता है। नौकरियों के नाम पर एकत्रित की गई राशि से नागर पंचकूला में ही घर खरीदना चाह रहा था। विजिलेंस के अधिकारी बताते हैं कि इसके लिए उसने कई मकान देखे भी थे लेकिन इससे पहले ही उसे काबू कर लिया गया।

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