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Panchkula News: पीजी मेडिकल कोर्स में नए स्टेट कोटा नियमों को हाईकोर्ट में चुनौती
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चंडीगढ़। गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल सेक्टर-32 में पोस्ट ग्रेजुएट कोर्सों के लिए प्रस्तावित नए स्टेट कोटा नियमों को चुनौती देते हुए हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की गई है।
याचिका दाखिल करते हुए हाईकोर्ट को बताया गया कि प्रस्तावित प्रोस्पेक्टस के अनुसार स्टेट कोटा की 25 प्रतिशत सीटें सिर्फ उन उम्मीदवारों के लिए आरक्षित करने का निर्णय लिया गया है जिन्होंने अपनी 10वीं और 12वीं कक्षाएं चंडीगढ़ के स्कूलों से पास की है। याची ने कहा कि चंडीगढ़ में पंजाब, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश के कई छात्र-छात्राएं पढ़ाई (10वीं–12वीं) करने आते हैं।
ये छात्र-छात्राएं बाद में अपने-अपने होम स्टेट कोटे के माध्यम से एमबीबीएस करते हैं लेकिन नए नियम के तहत वे भी चंडीगढ़ स्टेट कोटे के भी पात्र बन जाएंगे। यह दोहरा लाभ होगा जिससे वास्तविक चंडीगढ़ निवासी जो पंजाब या हरियाणा के स्टेट कोटे में पात्र नहीं होते पूरी तरह वंचित रह जाएंगे। याचिका में कहा गया कि नया प्रावधान चंडीगढ़ के स्थायी निवासियों के हितों के बिल्कुल खिलाफ है और इससे स्टेट कोटे का उद्देश्य ही समाप्त हो जाएगा।
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याचिका दाखिल करते हुए हाईकोर्ट को बताया गया कि प्रस्तावित प्रोस्पेक्टस के अनुसार स्टेट कोटा की 25 प्रतिशत सीटें सिर्फ उन उम्मीदवारों के लिए आरक्षित करने का निर्णय लिया गया है जिन्होंने अपनी 10वीं और 12वीं कक्षाएं चंडीगढ़ के स्कूलों से पास की है। याची ने कहा कि चंडीगढ़ में पंजाब, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश के कई छात्र-छात्राएं पढ़ाई (10वीं–12वीं) करने आते हैं।
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ये छात्र-छात्राएं बाद में अपने-अपने होम स्टेट कोटे के माध्यम से एमबीबीएस करते हैं लेकिन नए नियम के तहत वे भी चंडीगढ़ स्टेट कोटे के भी पात्र बन जाएंगे। यह दोहरा लाभ होगा जिससे वास्तविक चंडीगढ़ निवासी जो पंजाब या हरियाणा के स्टेट कोटे में पात्र नहीं होते पूरी तरह वंचित रह जाएंगे। याचिका में कहा गया कि नया प्रावधान चंडीगढ़ के स्थायी निवासियों के हितों के बिल्कुल खिलाफ है और इससे स्टेट कोटे का उद्देश्य ही समाप्त हो जाएगा।
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