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प्रदर्शन : भवन विद्यालय के खिलाफ अभिभावक, शिक्षा सदन पर प्रदर्शन कर डीईओ को सौंपा ज्ञापन
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पंचकूला। भवन विद्यालय सेक्टर-15 द्वारा ट्यूशन फीस के नाम पर 15 हजार रुपये अतिरिक्त जमा कराने का दबाव बनाने पर अभिभावकों ने मंगलवार को सेक्टर-5 स्थित शिक्षा सदन के सामने प्रदर्शन किया। अभिभावकों ने आरोप लगाया कि अतिरिक्त फीस जमा नहीं कराने पर स्कूल प्रबंधन पर द्वारा बच्चों को नहीं पढ़ाने की धमकी दी जा रही है। फोन कर बच्चों को स्कूल नहीं भेजने को कहा जा रहा है। अभिभावकों ने स्कूल प्रबंधन पर मनमानी का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि जब वे सोमवार को स्कूल पहुंचे तो कहा गया कि आप अगर यह पैसा नहीं जमा कराएंगे तो बच्चों को स्कूल में पढ़ने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
अभिभावकों के प्रदर्शन के बाद विद्यालय शिक्षा निदेशालय ने भवन विद्यालय को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। नोटिस के अनुसार 6 अप्रैल को कारण बताओ नोटिस का जवाब नहीं दिया जाएगा तो स्कूल की मान्यता रद्द करने की कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। अभिभावक शिक्षा सदन में प्रदर्शन करने के बाद मंगलवार को डीईओ कार्यालय भी पहुंचे। उन्होंने डीईओ को ज्ञापन देकर अपनी समस्या बताई। डीईओ ने अभिभावकों को स्कूल प्रबंधन से बात कर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है। भवन विद्यालय प्रबंधन ने आरोपों को बेबुनियाद बताया है।
फोन कर कहा, बच्चे को भेजने की जरूरत नहीं
मेरे दो बच्चे भवन विद्यालय में पढ़ते हैं। दोपहर को स्कूल टीचर ने फोन कर कहा कि आपको अपने बच्चों केे स्कूल भेजने की जरूरत नहीं है। कारण पूछने पर कहा गया कि आपने पिछले साल की ट्यूशन फीस जमा नहीं कराई है। स्कूल मनमानी पर उतारू हो गया है। - दलबीर सिंह पाल, अभिभावक
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दोनों बच्चों की पिछले साल की बकाया फीस जमा करवाओ। इसके बाद स्कूल भेजो। स्कूल बुलाकर यह बात शिक्षकों द्वारा रिसेप्शन काउंटर पर कही गई। मैंने कहा कि स्कूल में नए सत्र की फीस जमा करवाई गई है। इस पर टीचर्स की ओर से स्कूल के बाहरी काउंटर पर संपर्क करने के बात कही गई। - अल्का पाठक, अभिभावक
मेरे दो बच्चे स्कूल की लाइब्रेरी में बैठकर पढ़ाई कर रहे थे। इस दौरान स्कूल ने फोन कर बुलाया और दोनों को वापस भेज दिया। स्कूल प्रबंधन की तरफ से कहा गया कि अगर बकाया एनुअल चार्ज जमा नहीं करोगे तो बच्चों को स्कूल में नहीं पढ़ाया जाएगा। स्कूल प्रबंधन से इस तरह के बर्ताव की कोई उम्मीद नहीं थी। - पुनीत कौर अभिभावक
नए सत्र की पूरी फीस जमा कराने के बाद अचानक इस तरह स्कूल एनुअल चार्ज की मांग कर रहा है। स्कूल की तरफ से यह चार्ज मांग कर अभिभावकों को परेशान किया जा रहा है। हमारी मांग है कि शिक्षा विभाग स्कूल प्रबंधन पर कार्रवाई करे। - वैभव, अभिभावक
भवन विद्यालय स्कूल प्रबंधन की तरफ से किसी भी बच्चे को नहीं निकाला गया है। अभिभावकों की ओर से लगाए जा रहे आरोप बेबुनियाद हैं। अभिभावकों का इस तरह का व्यवहार मेरी समझ से बाहर है। -गुरलीन कौर, प्रिंसिपल, भवन विद्यालय
भवन विद्यालय प्रबंधन को शिक्षा विभाग ने कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। अगर इस पर स्कूल प्रबंधन की तरफ से जवाब नहीं दिया गया तो सख्त कार्रवाई की जाएगी। - उर्मिला देवी, डीईओ, पंचकूला शिक्षा विभाग
निजी स्कूलों की बढ़ी फीस वसूली पर तुरंत लगाएं रोक : शर्मा
आम आदमी पार्टी के उत्तरी हरियाणा जोन के सचिव योगेश्वर शर्मा ने हरियाणा सरकार से मांग की है कि पंचकूला सहित पूरे हरियाणा में निजी स्कूलों में की जाने वाली फीस वृद्धि पर जल्द रोक लगाई जाए। उन्होंने कई निजी स्कूलों द्वारा प्राइवेट पब्लिक पब्लिशर्स की महंगी किताबें और कापियां खरीदवाए जाने पर भी रोक लगाए जाने की मांग की है।
वह मंगलवार को पिंजौर से आए कुछ बच्चों के अभिभावकों के बुलाने पर सेक्टर-7 में जिला शिक्षा अधिकारी के कार्यालय आए थे। उन्होंने कहा कि निजी स्कूलों की प्राइवेट पब्लिशर्स की महंगी किताबों के प्रयोग पर भी रोक लगाई जाए और एनसीईआरटी की किताबें ही पढ़ाई जाए।
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अभिभावकों के प्रदर्शन के बाद विद्यालय शिक्षा निदेशालय ने भवन विद्यालय को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। नोटिस के अनुसार 6 अप्रैल को कारण बताओ नोटिस का जवाब नहीं दिया जाएगा तो स्कूल की मान्यता रद्द करने की कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। अभिभावक शिक्षा सदन में प्रदर्शन करने के बाद मंगलवार को डीईओ कार्यालय भी पहुंचे। उन्होंने डीईओ को ज्ञापन देकर अपनी समस्या बताई। डीईओ ने अभिभावकों को स्कूल प्रबंधन से बात कर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है। भवन विद्यालय प्रबंधन ने आरोपों को बेबुनियाद बताया है।
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फोन कर कहा, बच्चे को भेजने की जरूरत नहीं
मेरे दो बच्चे भवन विद्यालय में पढ़ते हैं। दोपहर को स्कूल टीचर ने फोन कर कहा कि आपको अपने बच्चों केे स्कूल भेजने की जरूरत नहीं है। कारण पूछने पर कहा गया कि आपने पिछले साल की ट्यूशन फीस जमा नहीं कराई है। स्कूल मनमानी पर उतारू हो गया है। - दलबीर सिंह पाल, अभिभावक
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दोनों बच्चों की पिछले साल की बकाया फीस जमा करवाओ। इसके बाद स्कूल भेजो। स्कूल बुलाकर यह बात शिक्षकों द्वारा रिसेप्शन काउंटर पर कही गई। मैंने कहा कि स्कूल में नए सत्र की फीस जमा करवाई गई है। इस पर टीचर्स की ओर से स्कूल के बाहरी काउंटर पर संपर्क करने के बात कही गई। - अल्का पाठक, अभिभावक
मेरे दो बच्चे स्कूल की लाइब्रेरी में बैठकर पढ़ाई कर रहे थे। इस दौरान स्कूल ने फोन कर बुलाया और दोनों को वापस भेज दिया। स्कूल प्रबंधन की तरफ से कहा गया कि अगर बकाया एनुअल चार्ज जमा नहीं करोगे तो बच्चों को स्कूल में नहीं पढ़ाया जाएगा। स्कूल प्रबंधन से इस तरह के बर्ताव की कोई उम्मीद नहीं थी। - पुनीत कौर अभिभावक
नए सत्र की पूरी फीस जमा कराने के बाद अचानक इस तरह स्कूल एनुअल चार्ज की मांग कर रहा है। स्कूल की तरफ से यह चार्ज मांग कर अभिभावकों को परेशान किया जा रहा है। हमारी मांग है कि शिक्षा विभाग स्कूल प्रबंधन पर कार्रवाई करे। - वैभव, अभिभावक
भवन विद्यालय स्कूल प्रबंधन की तरफ से किसी भी बच्चे को नहीं निकाला गया है। अभिभावकों की ओर से लगाए जा रहे आरोप बेबुनियाद हैं। अभिभावकों का इस तरह का व्यवहार मेरी समझ से बाहर है। -गुरलीन कौर, प्रिंसिपल, भवन विद्यालय
भवन विद्यालय प्रबंधन को शिक्षा विभाग ने कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। अगर इस पर स्कूल प्रबंधन की तरफ से जवाब नहीं दिया गया तो सख्त कार्रवाई की जाएगी। - उर्मिला देवी, डीईओ, पंचकूला शिक्षा विभाग
निजी स्कूलों की बढ़ी फीस वसूली पर तुरंत लगाएं रोक : शर्मा
आम आदमी पार्टी के उत्तरी हरियाणा जोन के सचिव योगेश्वर शर्मा ने हरियाणा सरकार से मांग की है कि पंचकूला सहित पूरे हरियाणा में निजी स्कूलों में की जाने वाली फीस वृद्धि पर जल्द रोक लगाई जाए। उन्होंने कई निजी स्कूलों द्वारा प्राइवेट पब्लिक पब्लिशर्स की महंगी किताबें और कापियां खरीदवाए जाने पर भी रोक लगाए जाने की मांग की है।
वह मंगलवार को पिंजौर से आए कुछ बच्चों के अभिभावकों के बुलाने पर सेक्टर-7 में जिला शिक्षा अधिकारी के कार्यालय आए थे। उन्होंने कहा कि निजी स्कूलों की प्राइवेट पब्लिशर्स की महंगी किताबों के प्रयोग पर भी रोक लगाई जाए और एनसीईआरटी की किताबें ही पढ़ाई जाए।