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जाली जन्म सर्टिफिकेट बनाकर देने वाले टाइपिस्ट खिलाफ
Updated Thu, 28 Sep 2017 10:23 PM IST
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कचहरी के टाइपिस्ट पर धोखाधड़ी का केस
सरपंच के बेटे का जाली जन्म सर्टिफिकेट बनाकर देने का आरोप
अमर उजाला ब्यूरो
मानसा।
एक सरपंच के बेटे का जाली जन्म सर्टिफिकेट बनाकर देने के आरोप में झुनीर पुलिस ने कचहरी में बैठने वाले एक टाइपिस्ट के खिलाफ मामला दर्ज किया है। आरोपी टाइपिस्ट ने सेहत विभाग में तैनात एक एएनएम के जाली हस्ताक्षर और सेहत विभाग की जाली मोहर लगा दो लड़कों को जन्म सर्टिफिकेट बनाकर दे दिया था। जब किसी मामले में इन सर्टिफिकेटों की जांच हुई तो उनके जाली होने का पता लगा।
सेहत विभाग में तैनात एएनएम बलजीत कौर की शिकायत पर थाना झुनीर पुलिस ने सिओपाल सिंह वासी नंदगढ़ के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है। बलजीत कौर ने बताया कि वह एएनएम के तौर पर सेवा सब सेंटर नंदगढ़ में तैनात थी। इस साल मई माह में वह एएनएम से प्रमोट होकर एलएचवी बनी है। उसने बताया कि सिओपाल सिंह सरदूलगढ़ में टाइपिंग करता है। वह अक्सर सेहत विभाग के दफ्तर आता-जाता रहता है। उनके अनुसार सरकार ने उनको सर्टिफिकेट जारी करने का अधिकार दिया है। एएनएम सर्टिफिकेट पर अपने हस्ताक्षर और विभाग की सरकारी मोहर लगाती है।
उसने बताया कि गांव दानेवाला के सरपंच करनैल सिंह के बेटे का सर्टिफिकेट उनके पास नहीं था। सरपंच की मुलाकात सिओपाल सिंह से हुई, उसने कहा कि उनके बेटे का जन्म सर्टिफिकेट वह बना देगा। इस पर सरपंच सिओपाल की बातों में आ गया। बाद में उसने सर्टिफिकेट बनाकर उनको सौंप दिया। इस पर उसने बलजीत कौर के जाली हस्ताक्षर और मोहर लगा दी। जब सरपंच के बेटे ने सुविधा केंद्र जाकर अपने सर्टिफिकेट की जांच करवाई तो वह वहां दर्ज ही नहीं है। बाद में उनको पता लगा कि यह सर्टिफिकेट पूर्ण तौर पर जाली है। झुनीर पुलिस ने मामले की जांच करने के बाद टाइपिस्ट सिओपाल सिंह के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
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सरपंच के बेटे का जाली जन्म सर्टिफिकेट बनाकर देने का आरोप
अमर उजाला ब्यूरो
मानसा।
एक सरपंच के बेटे का जाली जन्म सर्टिफिकेट बनाकर देने के आरोप में झुनीर पुलिस ने कचहरी में बैठने वाले एक टाइपिस्ट के खिलाफ मामला दर्ज किया है। आरोपी टाइपिस्ट ने सेहत विभाग में तैनात एक एएनएम के जाली हस्ताक्षर और सेहत विभाग की जाली मोहर लगा दो लड़कों को जन्म सर्टिफिकेट बनाकर दे दिया था। जब किसी मामले में इन सर्टिफिकेटों की जांच हुई तो उनके जाली होने का पता लगा।
सेहत विभाग में तैनात एएनएम बलजीत कौर की शिकायत पर थाना झुनीर पुलिस ने सिओपाल सिंह वासी नंदगढ़ के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है। बलजीत कौर ने बताया कि वह एएनएम के तौर पर सेवा सब सेंटर नंदगढ़ में तैनात थी। इस साल मई माह में वह एएनएम से प्रमोट होकर एलएचवी बनी है। उसने बताया कि सिओपाल सिंह सरदूलगढ़ में टाइपिंग करता है। वह अक्सर सेहत विभाग के दफ्तर आता-जाता रहता है। उनके अनुसार सरकार ने उनको सर्टिफिकेट जारी करने का अधिकार दिया है। एएनएम सर्टिफिकेट पर अपने हस्ताक्षर और विभाग की सरकारी मोहर लगाती है।
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उसने बताया कि गांव दानेवाला के सरपंच करनैल सिंह के बेटे का सर्टिफिकेट उनके पास नहीं था। सरपंच की मुलाकात सिओपाल सिंह से हुई, उसने कहा कि उनके बेटे का जन्म सर्टिफिकेट वह बना देगा। इस पर सरपंच सिओपाल की बातों में आ गया। बाद में उसने सर्टिफिकेट बनाकर उनको सौंप दिया। इस पर उसने बलजीत कौर के जाली हस्ताक्षर और मोहर लगा दी। जब सरपंच के बेटे ने सुविधा केंद्र जाकर अपने सर्टिफिकेट की जांच करवाई तो वह वहां दर्ज ही नहीं है। बाद में उनको पता लगा कि यह सर्टिफिकेट पूर्ण तौर पर जाली है। झुनीर पुलिस ने मामले की जांच करने के बाद टाइपिस्ट सिओपाल सिंह के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
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