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किसानों के समर्थन में उतरे पंजाब के शिक्षा मंत्री, एक माह का वेतन देने का किया एलान
Sun, 06 Dec 2020 02:32 AM IST
पंचकुला ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: पंचकुला ब्यूरो
Updated Sun, 06 Dec 2020 02:32 AM IST
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शिक्षा मंत्री विजय इंदर सिंगला (फाइल फोटो)
पंजाब के शिक्षा मंत्री विजय इंदर सिंगला ने अपने एक महीने का वेतन किसान आंदोलन को देने का एलान किया है। कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों की लड़ाई में एकजुटता प्रकट करते हुए कैबिनेट मंत्री सिंगला ने कहा कि यह कोई आम समय नहीं है। हम सभी को किसानों की सहायता करनी होगी। उनके साथ खड़े होने के लिए आगे आने की जरूरत है।
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मैंने एक महीने का वेतन देकर अपना योगदान देने का फैसला किया है। मैं सबसे विनती करता हूं कि आप किसी भी तरह मदद देकर हमारे किसानों को शक्तिशाली बनाएं। सिंगला ने कहा कि देश के अन्नदाता को इस समय हर नागरिक के समर्थन की जरूरत है।
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किसानों की आय दोगुना करने के भाजपा के चुनावी वादे को याद करते हुए कैबिनेट मंत्री ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के चुनावी घोषणापत्र के मुताबिक 2022 तक किसानों की आय को दोगुना करने का वादा केवल मजाक लग रहा है, क्योंकि न्यूनतम समर्थन मूल्य को पूरी तरह अनदेखा करने वाले इन कृषि कानूनों को लागू करने से उक्त लक्ष्य पूरा करना असंभव है।
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किसानों के हित में खड़े रहने वाले एकमात्र मुख्यमंत्री हैं कैप्टन : ढिल्लों
पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ऐसे अकेले नेता हैं, जो पहले दिन से अन्नदाता के साथ खड़े हैं, क्योंकि किसान अपनी सच्ची मांगों के लिए संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि कैप्टन ने एक बार फिर केंद्र और किसानों के बीच बने तनाव को हल करने के लिए अपना सख्त इरादा जाहिर किया है।
किसानों के हितों को दरकिनार करने के लिए अकालियों को आड़े हाथों लेते हुए ढिल्लों ने सुखबीर बादल को पंजाबियों का सामना करने की चुनौती दी। उन्होंने कहा कि किसानों का गुस्सा अकालियों को तबाह करके रख देगा और साथ ही उन्होंने बादलों से पूछा कि वह स्पष्ट करें कि उन्होंने पहले अध्यादेशों पर दस्तखत क्यों किए थे। सुखबीर और हरसिमरत ने मंत्रिमंडल में अपनी कुर्सी बचाने के लिए काले कानूनों में मोदी का साथ देकर पंजाबियों के पीठ में छुरा घोंपा है।