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वुमन क्रिकेट का उठाया लुत्फ
Updated Mon, 24 Jul 2017 02:03 AM IST
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भारतीय टीम के हारने से हुई निराशा
12 साल बाद वुमन टीम वर्ल्ड कप के फाइनल में पहुंची थी
चंडीगढ़।
वुमन वर्ल्ड कप के फाइनल मुकाबले में कांटे की टक्कर में भारतीय टीम के हारने से क्रिकेटरों में निराशा का माहौल है। एक समय भारतीय टीम जीतने की कगार पर थी। हरमनप्रीत के अर्द्धशतक पर भी इस हार से पानी फिर गया। दो साल तक पंजाब टीम की अहम सदस्य रही हरमनप्रीत के कोच चंडीगढ़ के आरपी सिंह का कहना है कि खिलाड़ियों ने अच्छा प्रदर्शन किया, लेकिन ऐन मौके पर जीत हाथ से फिसल गई। इस मौके पर मौजूदा पंजाब टीम की कप्तान मोगा निवासी और हरमनप्रीत कौर की सहेली प्रवीण खान ने कहा कि फाइनल में पहुंचने के बाद हमें लग रहा था हम जीत का जश्न मनाएंगे, लेकिन ऐन मौके जीत हमारे हाथ से फिसल गई।
चंडीगढ़ क्रिकेट एसोसिएशन की प्रधान जयश्री ने 12 साल बाद भारतीय वुमन क्रिकेट टीम के फाइनल में पहुंचने पर तारीफ करते हुए कहा कि वर्ल्ड में भारतीय क्रिकेट का जलवा लगातार बढ़ता चला जा रहा है। बीसीआई को वुमन क्रिकेट एसोसिएशन को भी मान्यता देनी चाहिए। क्याेंकि असली खिलाड़ी तो यहीं से तैयार होते हैं। चंडीगढ़ में टैलेंट की कोई कमी नही हैं।
यह हुए थे इंतजाम
रविवार को इस मुकाबले को सिटी में कई स्थानों पर फाइनल मैच को दिखाने के लिए तैयारियां की गईं। इस मैच को देखने के लिए महिलाआें के साथ पुरुषाें ने भी खास रुचि दिखाई। रविवार को भारत और इंग्लैंड की टीमों के बीच वुमन वर्ल्ड कप का फाइनल मुकाबला खेला गया। इसके लिए कई जगहाें पर स्क्रीन लगाई गई। प्रेस क्लब के फैमिली हाल में बड़ी स्क्र ीन लगाई गई। वहीं एलांते माल स्थित हॉपिंस रेस्टोरेंट में इस मुकाबले को दिखाने के लिए खास तौर पर इंतजाम कराए गए। यहां पर बड़ी स्क्रीन लगाई गई थी। इसके साथ ही भारतीय महिला खिलाड़ियाें के नाम पर कई लजीज व्यंजन भी रखे गए थे। इनमें लॉड्स पास्ता, 22 यार्ड बिरयानी, कामिनी कॉफी, मिताली हेलीकॉप्टर जैसे फूड डिशेज रखी गई थी। यहां आने वालाें ने मैच के साथ साथ व्यंजनाें का भी खूब लुत्फ उठाया।
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12 साल बाद वुमन टीम वर्ल्ड कप के फाइनल में पहुंची थी
चंडीगढ़।
वुमन वर्ल्ड कप के फाइनल मुकाबले में कांटे की टक्कर में भारतीय टीम के हारने से क्रिकेटरों में निराशा का माहौल है। एक समय भारतीय टीम जीतने की कगार पर थी। हरमनप्रीत के अर्द्धशतक पर भी इस हार से पानी फिर गया। दो साल तक पंजाब टीम की अहम सदस्य रही हरमनप्रीत के कोच चंडीगढ़ के आरपी सिंह का कहना है कि खिलाड़ियों ने अच्छा प्रदर्शन किया, लेकिन ऐन मौके पर जीत हाथ से फिसल गई। इस मौके पर मौजूदा पंजाब टीम की कप्तान मोगा निवासी और हरमनप्रीत कौर की सहेली प्रवीण खान ने कहा कि फाइनल में पहुंचने के बाद हमें लग रहा था हम जीत का जश्न मनाएंगे, लेकिन ऐन मौके जीत हमारे हाथ से फिसल गई।
चंडीगढ़ क्रिकेट एसोसिएशन की प्रधान जयश्री ने 12 साल बाद भारतीय वुमन क्रिकेट टीम के फाइनल में पहुंचने पर तारीफ करते हुए कहा कि वर्ल्ड में भारतीय क्रिकेट का जलवा लगातार बढ़ता चला जा रहा है। बीसीआई को वुमन क्रिकेट एसोसिएशन को भी मान्यता देनी चाहिए। क्याेंकि असली खिलाड़ी तो यहीं से तैयार होते हैं। चंडीगढ़ में टैलेंट की कोई कमी नही हैं।
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यह हुए थे इंतजाम
रविवार को इस मुकाबले को सिटी में कई स्थानों पर फाइनल मैच को दिखाने के लिए तैयारियां की गईं। इस मैच को देखने के लिए महिलाआें के साथ पुरुषाें ने भी खास रुचि दिखाई। रविवार को भारत और इंग्लैंड की टीमों के बीच वुमन वर्ल्ड कप का फाइनल मुकाबला खेला गया। इसके लिए कई जगहाें पर स्क्रीन लगाई गई। प्रेस क्लब के फैमिली हाल में बड़ी स्क्र ीन लगाई गई। वहीं एलांते माल स्थित हॉपिंस रेस्टोरेंट में इस मुकाबले को दिखाने के लिए खास तौर पर इंतजाम कराए गए। यहां पर बड़ी स्क्रीन लगाई गई थी। इसके साथ ही भारतीय महिला खिलाड़ियाें के नाम पर कई लजीज व्यंजन भी रखे गए थे। इनमें लॉड्स पास्ता, 22 यार्ड बिरयानी, कामिनी कॉफी, मिताली हेलीकॉप्टर जैसे फूड डिशेज रखी गई थी। यहां आने वालाें ने मैच के साथ साथ व्यंजनाें का भी खूब लुत्फ उठाया।
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