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Panchkula News: ट्रेडिंग कर मुनाफा कमाने का झांसा देकर युवती से 7.76 लाख ठगे
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माई सिटी रिपोर्टर
पंचकूला। सेक्टर-21 निवासी युवती से ट्रेडिंग के नाम पर 7.76 लाख रुपये ठगने का मामला सामने आया है। युवती की शिकायत पर साइबर थाना पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। युवती सेक्टर-19 स्थित एक आईटी कंपनी में काम करती है।
सेक्टर-21 निवासी युवती याक्षी ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि 31 अगस्त को उनको एक व्हाट्सएप ग्रुप से जोड़ा गया। उसका लीडर अर्जुन हिंदुजा था। उसके साथ एक महिला सहयोगी ईशानी भी थी। वह रोजाना ग्रुप में स्टॉक की जानकारी देती थी। शुरुआत में याक्षी ने ग्रुप के निर्देशों पर ट्रेडिंग की और थोड़ा मुनाफा भी कमाया।
इसके बाद उसे विश्वास हो गया। इसके बाद अर्जुन ने उसे एक एप का लिंक भेजा और आरबीएल नामक एप में खाता बनाने को कहा। याक्षी ने उस एप में रुपये जमा करने शुरू कर दिए। उसमें लाभ भी नजर आने लगा। 10 सितंबर 2024 को उसे बताया गया कि उसे 57 लाख का आईपीओ अलॉट किया गया है। इसके लिए बड़ी रकम जमा करनी होगी। इसी दौरान अलग-अलग बैंकों के खातों में याक्षी से कुल 7.76 लाख रुपये जमा करवा लिए गए।
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दोबारा रुपये मांगने पर ठगी की आशंका हुई
19 सितंबर को आरबीएल कस्टमर केयर से मैसेज आया कि 57 लाख का आईपीओ अलॉट किया गया है। इसके लिए और रुपये देने होंगे। तब याक्षी को अहसास हुआ कि उसके साथ ठगी हो रही है। इसके बाद उसने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। साइबर पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। साइबर पुलिस ने बताया कि मामले की जांच जारी है।
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पंचकूला। सेक्टर-21 निवासी युवती से ट्रेडिंग के नाम पर 7.76 लाख रुपये ठगने का मामला सामने आया है। युवती की शिकायत पर साइबर थाना पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। युवती सेक्टर-19 स्थित एक आईटी कंपनी में काम करती है।
सेक्टर-21 निवासी युवती याक्षी ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि 31 अगस्त को उनको एक व्हाट्सएप ग्रुप से जोड़ा गया। उसका लीडर अर्जुन हिंदुजा था। उसके साथ एक महिला सहयोगी ईशानी भी थी। वह रोजाना ग्रुप में स्टॉक की जानकारी देती थी। शुरुआत में याक्षी ने ग्रुप के निर्देशों पर ट्रेडिंग की और थोड़ा मुनाफा भी कमाया।
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इसके बाद उसे विश्वास हो गया। इसके बाद अर्जुन ने उसे एक एप का लिंक भेजा और आरबीएल नामक एप में खाता बनाने को कहा। याक्षी ने उस एप में रुपये जमा करने शुरू कर दिए। उसमें लाभ भी नजर आने लगा। 10 सितंबर 2024 को उसे बताया गया कि उसे 57 लाख का आईपीओ अलॉट किया गया है। इसके लिए बड़ी रकम जमा करनी होगी। इसी दौरान अलग-अलग बैंकों के खातों में याक्षी से कुल 7.76 लाख रुपये जमा करवा लिए गए।
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दोबारा रुपये मांगने पर ठगी की आशंका हुई
19 सितंबर को आरबीएल कस्टमर केयर से मैसेज आया कि 57 लाख का आईपीओ अलॉट किया गया है। इसके लिए और रुपये देने होंगे। तब याक्षी को अहसास हुआ कि उसके साथ ठगी हो रही है। इसके बाद उसने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। साइबर पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। साइबर पुलिस ने बताया कि मामले की जांच जारी है।