{"_id":"5d2240e38ebc3e6caa3ba0f4","slug":"15625258974-panchkula-news99","type":"story","status":"publish","title_hn":"मैंगो मेला - अगले साल से मेले को तीन दिवसीय किया जाए: कृषि मंत्री","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मैंगो मेला - अगले साल से मेले को तीन दिवसीय किया जाए: कृषि मंत्री
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पिंजौर। ओम प्रकाश धनखड़ कृषि मंत्री ने हरियाणा के किसानों का आह्वान किया कि वे कृषि और बागवानी उत्पादन बढ़ाने के साथ-साथ अपने उत्पादों की मार्केटिंग और ब्रांडिंग करने के क्षेत्र में भी प्रयास करें ताकि ऐसा करके किसान अपने उत्पादन का सही मूल्य प्राप्त कर सकते हैं। यह बात कृषि मंत्री ने यादविन्द्रा गार्डन पिंजौर में आयोजित 28वें मैंगो मेले के समापन अवसर पर कही। इस दौरान उन्होंने आम उत्पादन, आम उत्पादों के विभिन्न वर्गों के विजेताओं को सम्मानित किया।
कृषि मंत्री ने कहा कि यदि हरियाणा सहित भारत के किसान अपने उत्पादों की मार्केटिंग और ब्रांडिंग के क्षेत्र में गंभीरता से प्रयास करें तो भारत विश्व पटल पर कृषि क्षेत्र में इजराइल जैसे देशों को भी पछाड़ सकता है। इस दौरान उन्होंने कृषि एवं बागवानी विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये कि वे अगले साल से मैंगो मेले को दो दिवसीय की बजाय तीन दिवसीय का करें। उन्होंने कहा कि मेले में प्रदर्शित फलों व उनके उत्पादों से संबंधित लिटरेचर भी उपलब्ध करवाया जाना चाहिए ताकि मेले में आने वाले लोग आमों की किस्मों, उनकी उपलब्धता के समय तथा उत्पादों को तैयार करने की विधि की जानकारी हासिल कर सकें।
पूरण चंद निवासी जिला यमुनानगर छछरौली बने बेस्ट मैंगो उत्पादक
मेले में यमुनानगर जिला के छछरौली निवासी पूरण चंद भाटिया ने प्रदेश में बेस्ट मैंगो उत्पादक जिला रैंकिंग में प्रथम स्थान प्राप्त किया। पंचकूला के गांव बिल्ला निवासी अंजू गोयल ने द्वितीय पुरस्कार और अम्बाला के बराडा की ज्ञान चौहान ने तृतीय पुरस्कार हासिल किया। इस रैंकिंग में प्रथम, द्वितीय और तृतीय पुरस्कार के लिए 51 हजार, 21 हजार और 11 हजार रुपये के नकद पुरस्कार, शील्ड और प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया जाता है।
विज्ञापन
अंबाला से पहुंचे प्रतिभागियों ने जीते सर्वाधिक पुरस्कार
मेले में प्रतिभागी जिलों में अंबाला ने सर्वाधिक 12 पुरस्कार हासिल किए। जबकि 10 पुरस्कारों के साथ यमुनानगर दूसरे नंबर पर रहा। पंजाब के प्रतिभागियों में गांव महिलावाली होशियारपुर के जितेन्द्र सिंह बाजवा को बेस्ट मैंगो ग्रोवर के लिए 11 हजार रुपये, शील्ड और प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित किया गया। उत्तर प्रदेश के प्रतिभागियों में लखनऊ के गोमती नगर के एससी शुक्ला ने अपने प्रदेश के प्रतिभागियों में बेस्ट मैंगो ग्रोवर का पुरस्कार हासिल किया। आम केसरी पुरस्कार के लिए शोएब मैंगो कल्टीवेशन फार्म रायपुर सहारनपुर ने प्रथम, निर्मल नर्सरी हरबर्तपुरा उत्तराखंड ने द्वितीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया। इस वर्ग में राव अरशद सहारनपुर को सांत्वना पुरस्कार दिया गया। आम केसरी के लिए प्रथम, द्वितीय और सांत्वना पुरस्कार के लिए 15 हजार, 11 हजार और 5100 रुपये का नकद पुरस्कार, शील्ड और प्रमाण पत्र दिया जाता है।
मेले में पहुंचे हरियाणा, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश के आम उत्पादक
बागवानी विभाग के महानिदेशक डॉ. अर्जुन सिंह सैनी ने बताया कि दो दिवसीय मैंगो मेले में पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश के आम उत्पादकों ने 300 से अधिक किस्मों के आम की तीन हजार 777 प्रविष्टियां दर्ज करवाई थी। उन्होंने बताया कि ए श्रेणी की आमों की प्रतियोगिता में दोसहरी किस्म राजकीय बागबानी नर्सरी फतेहपुर पंचकूला, लंगड़ा किस्म में क्षेत्रीय अनुसंधान केन्द्र बूड़िया यमुनानगर, चौसा किस्म में एकीकृत मधुमक्खी पालन केन्द्र रामनगर कुरुक्षेत्र, मलिका किस्म में राजकीय बागवानी नर्सरी छछरौली, आम्रपाली किस्म में राजकीय बागबानी नर्सरी पटियाला पंजाब तथा रामकेला किस्म में क्षेत्रीय अनुसंधान केन्द्र बूड़िया यमुनानगर की नर्सरियां प्रथम स्थान पर रही।
आम की किस्म बांबे ग्रीन में पंचकूला के बलविंदर रहे प्रथम
मैंगो मेले के व्यक्तिगत पुरस्कारों में अंबाला के राजकुमार, कलेसर यमुनानगर के दीपक, अम्बाला की पिंकी ने प्रथम, अम्बाला की बिमला और इसी गांव के सुनील कुमार व गौरव ने द्वितीय पुरस्कार हासिल किया। लंगड़ा किस्म में सेंटर ऑफ सब ट्रापिकल फ्रूट्स, राजकीय बागबानी नर्सरी फतेहपुर पंचकूला ने प्रथम, गोबिंदपुरा यमुनानगर के स्वर्ण कुमार और छछरौली की इंदु रानी ने द्वितीय पुरस्कार हासिल किया। चौसा में यमुनानगर जिले के कलेसर निवासी सतीश और दिवजोत सिंह पटियाला पंजाब ने प्रथम, कोहराभूरा अंबाला की बिमला व बरौली अंबाला निवासी विकास ने द्वितीय पुरस्कार हासिल किया। बाम्बे ग्रीन किस्म में पंचकूला के बलविंदर सिंह ने प्रथम, अम्बाला के विकास कुमार ने द्वितीय, मलिक किस्म में सहजपुर यमुनानगर की समारिया सलूजा ने प्रथम, पटियाला निवासी हरिंदर सिंह ने द्वितीय, आम्रपाली किस्म में प्रवीण कौर पटियाला ने प्रथम और हरिंदर पाल सिंह पटियाला ने द्वितीय पुरस्कार हासिल किया। रटोल किस्म में कोहराभूरा अंबाला की बिमला ने प्रथम और अम्बाला के जरनैल सिंह ने द्वितीय, रामकेला किस्म में कुरुक्षेत्र की उर्मिला देवी ने प्रथम, सहारनपुर की फिरोज सुल्ताना ने द्वितीय और अन्य किस्मों की श्रेणी में सोलन हिमाचल प्रदेश निवासी लक्ष्य शर्मा ने प्रथम, बराड़ा अम्बाला निवासी रोहित कुमार ने द्वितीय पुरस्कार हासिल किया।
आम की चटनी तैयार करने के लिए एफटी लैब कुरुक्षेत्र रहा प्रथम
आम उत्पाद तैयार करने की श्रेणी में आम स्कवैश के लिए एचटीआई उचाणी करनाल ने प्रथम, सुखविंदर कौर पटियाला ने द्वितीय, आम रस में पंचकूला के बलविंदर सिंह ने प्रथम, हिमाचल ऊना निवासी रोहित वर्मा ने द्वितीय, आम की चटनी तैयार करने के लिए एफटी लैब कुरुक्षेत्र ने प्रथम, पटियाला निवासी कर्मवीर सिंह ने द्वितीय, आम मुरब्बा के लिए साहिबजीत सिंह पटियाला ने प्रथम, बलविंदर सिंह पंचकूला ने द्वितीय, आम पापड़ के लिए ऊना हिमाचल प्रदेश के महेंद्र वर्मा ने प्रथम, यमुनानगर निवासी प्रियंका ने द्वितीय, अचार के लिए करनाल निवासी पुनीता ने प्रथम व इंटाल कला जींद की बिमला ने द्वितीय, जैम के लिए करनाल निवासी आकांक्षा ने प्रथम, एफटी लैब जींद ने द्वितीय, पल्प तैयार करने के लिए पटियाला के बलजिंद्र सिंह ने प्रथम, ऊना हिमाचल के महेंद्र वर्मा ने द्वितीय, प्रिजर्व स्लाइस श्रेणी में एचटीआई करनाल ने प्रथम, उमरी कुरुक्षेत्र निवासी ममता ने द्वितीय और अन्य आम उत्पादों की श्रेणी में एचटीआई उचाणी करनाल ने प्रथम, तरुण चिराग तनेजा ने द्वितीय स्थान हासिल किया। कृषि मंत्री के साथ इस मौके पर हरियाणा पर्यटन कार्पोरेशन के चेयरमैन जगदीश चोपड़ा, कृषि एवं किसान कल्याण विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव नवराज संधू, शुगरफेड हरियाणा के चेयरमैन हरपाल सिंह चीका, उद्यान विभाग के महानिदेशक अर्जुन सिंह सैनी और पर्यटन विभाग के प्रबंध निदेशक विकास यादव आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
कृषि मंत्री ने कहा कि यदि हरियाणा सहित भारत के किसान अपने उत्पादों की मार्केटिंग और ब्रांडिंग के क्षेत्र में गंभीरता से प्रयास करें तो भारत विश्व पटल पर कृषि क्षेत्र में इजराइल जैसे देशों को भी पछाड़ सकता है। इस दौरान उन्होंने कृषि एवं बागवानी विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये कि वे अगले साल से मैंगो मेले को दो दिवसीय की बजाय तीन दिवसीय का करें। उन्होंने कहा कि मेले में प्रदर्शित फलों व उनके उत्पादों से संबंधित लिटरेचर भी उपलब्ध करवाया जाना चाहिए ताकि मेले में आने वाले लोग आमों की किस्मों, उनकी उपलब्धता के समय तथा उत्पादों को तैयार करने की विधि की जानकारी हासिल कर सकें।
विज्ञापन
पूरण चंद निवासी जिला यमुनानगर छछरौली बने बेस्ट मैंगो उत्पादक
मेले में यमुनानगर जिला के छछरौली निवासी पूरण चंद भाटिया ने प्रदेश में बेस्ट मैंगो उत्पादक जिला रैंकिंग में प्रथम स्थान प्राप्त किया। पंचकूला के गांव बिल्ला निवासी अंजू गोयल ने द्वितीय पुरस्कार और अम्बाला के बराडा की ज्ञान चौहान ने तृतीय पुरस्कार हासिल किया। इस रैंकिंग में प्रथम, द्वितीय और तृतीय पुरस्कार के लिए 51 हजार, 21 हजार और 11 हजार रुपये के नकद पुरस्कार, शील्ड और प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया जाता है।
विज्ञापन
अंबाला से पहुंचे प्रतिभागियों ने जीते सर्वाधिक पुरस्कार
मेले में प्रतिभागी जिलों में अंबाला ने सर्वाधिक 12 पुरस्कार हासिल किए। जबकि 10 पुरस्कारों के साथ यमुनानगर दूसरे नंबर पर रहा। पंजाब के प्रतिभागियों में गांव महिलावाली होशियारपुर के जितेन्द्र सिंह बाजवा को बेस्ट मैंगो ग्रोवर के लिए 11 हजार रुपये, शील्ड और प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित किया गया। उत्तर प्रदेश के प्रतिभागियों में लखनऊ के गोमती नगर के एससी शुक्ला ने अपने प्रदेश के प्रतिभागियों में बेस्ट मैंगो ग्रोवर का पुरस्कार हासिल किया। आम केसरी पुरस्कार के लिए शोएब मैंगो कल्टीवेशन फार्म रायपुर सहारनपुर ने प्रथम, निर्मल नर्सरी हरबर्तपुरा उत्तराखंड ने द्वितीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया। इस वर्ग में राव अरशद सहारनपुर को सांत्वना पुरस्कार दिया गया। आम केसरी के लिए प्रथम, द्वितीय और सांत्वना पुरस्कार के लिए 15 हजार, 11 हजार और 5100 रुपये का नकद पुरस्कार, शील्ड और प्रमाण पत्र दिया जाता है।
मेले में पहुंचे हरियाणा, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश के आम उत्पादक
बागवानी विभाग के महानिदेशक डॉ. अर्जुन सिंह सैनी ने बताया कि दो दिवसीय मैंगो मेले में पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश के आम उत्पादकों ने 300 से अधिक किस्मों के आम की तीन हजार 777 प्रविष्टियां दर्ज करवाई थी। उन्होंने बताया कि ए श्रेणी की आमों की प्रतियोगिता में दोसहरी किस्म राजकीय बागबानी नर्सरी फतेहपुर पंचकूला, लंगड़ा किस्म में क्षेत्रीय अनुसंधान केन्द्र बूड़िया यमुनानगर, चौसा किस्म में एकीकृत मधुमक्खी पालन केन्द्र रामनगर कुरुक्षेत्र, मलिका किस्म में राजकीय बागवानी नर्सरी छछरौली, आम्रपाली किस्म में राजकीय बागबानी नर्सरी पटियाला पंजाब तथा रामकेला किस्म में क्षेत्रीय अनुसंधान केन्द्र बूड़िया यमुनानगर की नर्सरियां प्रथम स्थान पर रही।
आम की किस्म बांबे ग्रीन में पंचकूला के बलविंदर रहे प्रथम
मैंगो मेले के व्यक्तिगत पुरस्कारों में अंबाला के राजकुमार, कलेसर यमुनानगर के दीपक, अम्बाला की पिंकी ने प्रथम, अम्बाला की बिमला और इसी गांव के सुनील कुमार व गौरव ने द्वितीय पुरस्कार हासिल किया। लंगड़ा किस्म में सेंटर ऑफ सब ट्रापिकल फ्रूट्स, राजकीय बागबानी नर्सरी फतेहपुर पंचकूला ने प्रथम, गोबिंदपुरा यमुनानगर के स्वर्ण कुमार और छछरौली की इंदु रानी ने द्वितीय पुरस्कार हासिल किया। चौसा में यमुनानगर जिले के कलेसर निवासी सतीश और दिवजोत सिंह पटियाला पंजाब ने प्रथम, कोहराभूरा अंबाला की बिमला व बरौली अंबाला निवासी विकास ने द्वितीय पुरस्कार हासिल किया। बाम्बे ग्रीन किस्म में पंचकूला के बलविंदर सिंह ने प्रथम, अम्बाला के विकास कुमार ने द्वितीय, मलिक किस्म में सहजपुर यमुनानगर की समारिया सलूजा ने प्रथम, पटियाला निवासी हरिंदर सिंह ने द्वितीय, आम्रपाली किस्म में प्रवीण कौर पटियाला ने प्रथम और हरिंदर पाल सिंह पटियाला ने द्वितीय पुरस्कार हासिल किया। रटोल किस्म में कोहराभूरा अंबाला की बिमला ने प्रथम और अम्बाला के जरनैल सिंह ने द्वितीय, रामकेला किस्म में कुरुक्षेत्र की उर्मिला देवी ने प्रथम, सहारनपुर की फिरोज सुल्ताना ने द्वितीय और अन्य किस्मों की श्रेणी में सोलन हिमाचल प्रदेश निवासी लक्ष्य शर्मा ने प्रथम, बराड़ा अम्बाला निवासी रोहित कुमार ने द्वितीय पुरस्कार हासिल किया।
आम की चटनी तैयार करने के लिए एफटी लैब कुरुक्षेत्र रहा प्रथम
आम उत्पाद तैयार करने की श्रेणी में आम स्कवैश के लिए एचटीआई उचाणी करनाल ने प्रथम, सुखविंदर कौर पटियाला ने द्वितीय, आम रस में पंचकूला के बलविंदर सिंह ने प्रथम, हिमाचल ऊना निवासी रोहित वर्मा ने द्वितीय, आम की चटनी तैयार करने के लिए एफटी लैब कुरुक्षेत्र ने प्रथम, पटियाला निवासी कर्मवीर सिंह ने द्वितीय, आम मुरब्बा के लिए साहिबजीत सिंह पटियाला ने प्रथम, बलविंदर सिंह पंचकूला ने द्वितीय, आम पापड़ के लिए ऊना हिमाचल प्रदेश के महेंद्र वर्मा ने प्रथम, यमुनानगर निवासी प्रियंका ने द्वितीय, अचार के लिए करनाल निवासी पुनीता ने प्रथम व इंटाल कला जींद की बिमला ने द्वितीय, जैम के लिए करनाल निवासी आकांक्षा ने प्रथम, एफटी लैब जींद ने द्वितीय, पल्प तैयार करने के लिए पटियाला के बलजिंद्र सिंह ने प्रथम, ऊना हिमाचल के महेंद्र वर्मा ने द्वितीय, प्रिजर्व स्लाइस श्रेणी में एचटीआई करनाल ने प्रथम, उमरी कुरुक्षेत्र निवासी ममता ने द्वितीय और अन्य आम उत्पादों की श्रेणी में एचटीआई उचाणी करनाल ने प्रथम, तरुण चिराग तनेजा ने द्वितीय स्थान हासिल किया। कृषि मंत्री के साथ इस मौके पर हरियाणा पर्यटन कार्पोरेशन के चेयरमैन जगदीश चोपड़ा, कृषि एवं किसान कल्याण विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव नवराज संधू, शुगरफेड हरियाणा के चेयरमैन हरपाल सिंह चीका, उद्यान विभाग के महानिदेशक अर्जुन सिंह सैनी और पर्यटन विभाग के प्रबंध निदेशक विकास यादव आदि मौजूद रहे।