फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Panchkula News ›   nagar nigam chandigarh councillor statement on slaughter houses

चंडीगढ़ः नगर निगम पार्षद बोलीं- शहर में चल रहे स्लॉटर हाउस, कमिश्नर बोले चेक करवा लेते हैं

Tue, 02 Jul 2019 10:58 AM IST
पंचकुला ब्‍यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: पंचकुला ब्‍यूरो Updated Tue, 02 Jul 2019 10:58 AM IST
विज्ञापन
nagar nigam chandigarh councillor statement on slaughter houses
चंडीगढ़ नगर निगम की हाउस मीटिंग
भाजपा पार्षद चंद्रावती शुक्ला ने कमिश्नर केके यादव से शिकायत करते हुए कहा कि सेक्टर 52 में अवैध स्लॉटर हाउस चल रहे हैं। दुकानदार सड़कों पर ही पशु-पक्षियों को काट कर टांग देते हैं। दुर्गंध के कारण निकलना मुश्किल होता है। नगर निगम इस तरफ कोई ध्यान नहीं दे रहा। पार्षद के सवाल पर कमिश्नर ने कहा कि इसकी जांच करवा लेते हैं। कमिश्नर ने मामले को गंभीरता से लेते हुए एमओएच को जांच के निर्देश दिए हैं। उन्होंने अपने निर्देश में कहा है कि अवैध स्लॉटर हाउस को जल्द बंद कराएं और अफसर फील्ड में भी घूमें।
विज्ञापन


चंद्रावती शुक्ला ने निगम की बैठक में मुद्दा उठाते हुए कहा था कि सेक्टर 52 ही नहीं शहर के कई ऐसे सेक्टर हैं, जहां सूअर घूमते मिल जाएंगे। इसका सुनीता धवन, आशा जसवाल और भरत कुमार ने भी समर्थन करते हुए कहा कि यही समस्या उनके वार्डों में भी है। एमओएच को कई बार शिकायत कर चुके हैं, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। हालात यह हैं कि अवैध स्लॉटर हाउस की कोई बात करता है तो सभी लड़ने को तैयार हो जाते हैं। क्षेत्र केलोग उनके पास आते हैं। जब निगम में हमारी सुनवाई नहीं होती तो हम किससे कहें।
विज्ञापन


कमिश्नर ने कहा कि एमओएच के अलावा एक टीम भी बनाई गई है। टीम में एमओएच, इंजीनियरिंग विंग और पब्लिक हेल्थ के अफसरों को शामिल किया गया है। टीम ही अवैध रूप से चल रहे स्लॉटर हाउस की जांच करेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन


निगम फूड सेफ्टी डिपार्टमेंट पर डाल देता है जिम्मेदारी
निगम की बैठक में जब चंद्रावती शुक्ला ने मामला उठाया तो कहा गया कि निगम कहता है कि यह हमारा काम नहीं है, प्रशासन का है। कमिश्नर ने तत्काल डॉ. एमएस कंबोज से जानकारी मांगी तो उन्होंने कहा कि इसकी जिम्मेदारी फूड सेफ्टी डिपार्टमेंट के पास है। कमिश्नर ने कहा कि जब स्लॉटर हाउस चलाने की परमिशन ही नहीं तो फूड सेफ्टी डिपार्टमेंट क्या करेगा। इसका लाइसेंस तो निगम देता है। कमिश्नर ने कहा कि दूसरों पर जिम्मेदारी न डालते हुए अपना काम बेहतर तरीके से करें।


दो साल पहले तक शहर में नहीं घूमते थे सूअर
पार्षद भरत कुमार ने कमिश्नर से कहा कि दो साल पहले तक शहर की सड़कों पर सूअर घूमते नहीं दिखते थे। अब डड्डूमाजरा, सेक्टर 52, हल्लोमाजरा में सूअर, भेड़, बकरियां आसानी से घूमती मिल जाएंगी। लोग हाउसिंग बोर्ड केमकानों में गाय बांध रहे हैं। उधर, चेकिंग के नाम पर निगम कुछ नहीं करता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed