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पत्रका रिता की नै तिकता पर मंथन
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खबर ऐसी होनी चाहिए जो समाज में बदलाव लाए
स्कूल ऑफ कम्युनिकेशन स्टडीज ने पत्रकारिता की नैतिकता पर किया नेशनल सेमिनार का आयोजन
वक्ता बोले- फर्जी खबर से चैनल या अखबार की विश्वसनीयता पर पड़ता है असर
फोटो--
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। स्कूल ऑफ कम्युनिकेशन स्टडीज की ओर से शनिवार को मीडिया संकटों पर नेशनल सेमिनार का आयोजन किया गया। इस दौरान वक्ताओं ने पत्रकारिता की नैतिकता पर मंथन किया। वक्ताओं ने रिपोर्टिंग के पहलुओं पर चर्चा करते हुए फर्जी व पेड न्यूज पर चिंता जताई। वरिष्ठ पत्रकार मनराज ग्रेवाल ने अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने कहा कि सतह के नीचे खुदाई की जाए तो खबर असर डाल सकती है। प्रो. बिंदु शर्मा ने कहा कि पेड न्यूज से मीडिया की साख गिरती है। इसलिए इसका सभी को ध्यान रखने की जरूरत है। फर्जी खबर से चैनल या अखबार की विश्वसनीयता पर असर पड़ता है। समाज को लाभ पहुंचाने वाली खबरों पर अधिक जोर देने की जरूरत है। समाज में खबरों के बाद बदलाव आना चाहिए। मीडिया पर जनता अटूट विश्वास करती है। सुमेधा सिंह ने संवाददाताओं के जीवन पर पेपर प्रस्तुत किए। दूसरे सत्र में किसानों द्वारा आईसीटी डिवाइस की खपत विषय पर पेपर प्रस्तुत किए गए। पत्रकारिता की व्यापकता पर भी विचार-विमर्श किया गया। प्रो भवनेत, ज्योति कमल, मनु मौदगिल, मोहम्मद शोएब और मुकेश खरबंदा आदि मौजूद रहे। संचालन प्रो. अक्षय कुमार ने किया।
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स्कूल ऑफ कम्युनिकेशन स्टडीज ने पत्रकारिता की नैतिकता पर किया नेशनल सेमिनार का आयोजन
वक्ता बोले- फर्जी खबर से चैनल या अखबार की विश्वसनीयता पर पड़ता है असर
फोटो--
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। स्कूल ऑफ कम्युनिकेशन स्टडीज की ओर से शनिवार को मीडिया संकटों पर नेशनल सेमिनार का आयोजन किया गया। इस दौरान वक्ताओं ने पत्रकारिता की नैतिकता पर मंथन किया। वक्ताओं ने रिपोर्टिंग के पहलुओं पर चर्चा करते हुए फर्जी व पेड न्यूज पर चिंता जताई। वरिष्ठ पत्रकार मनराज ग्रेवाल ने अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने कहा कि सतह के नीचे खुदाई की जाए तो खबर असर डाल सकती है। प्रो. बिंदु शर्मा ने कहा कि पेड न्यूज से मीडिया की साख गिरती है। इसलिए इसका सभी को ध्यान रखने की जरूरत है। फर्जी खबर से चैनल या अखबार की विश्वसनीयता पर असर पड़ता है। समाज को लाभ पहुंचाने वाली खबरों पर अधिक जोर देने की जरूरत है। समाज में खबरों के बाद बदलाव आना चाहिए। मीडिया पर जनता अटूट विश्वास करती है। सुमेधा सिंह ने संवाददाताओं के जीवन पर पेपर प्रस्तुत किए। दूसरे सत्र में किसानों द्वारा आईसीटी डिवाइस की खपत विषय पर पेपर प्रस्तुत किए गए। पत्रकारिता की व्यापकता पर भी विचार-विमर्श किया गया। प्रो भवनेत, ज्योति कमल, मनु मौदगिल, मोहम्मद शोएब और मुकेश खरबंदा आदि मौजूद रहे। संचालन प्रो. अक्षय कुमार ने किया।