फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Palwal News ›   kisan andolan continue

मुआवजे के लिए किसानों का धरना 14 वें दिन भी जारी

Wed, 08 Jun 2016 04:18 PM IST
palwal
palwal Updated Wed, 08 Jun 2016 04:18 PM IST
विज्ञापन
kisan andolan continue
किसान धरने पर - फोटो : अमर उजाला

एनएच-2 को छ मार्गीय बनाने के लिए अधिग्रहित की गई भूमि का उचित मुआवजे की मांग को लेकर गांव बंचारी के निकट एलएंडटी कंपनी के कार्यालय के सामने ग्रामीणों का धरना प्रदर्शन 14 वें दिन भी जारी रहा। लेकिन आज तक न तो जिला प्रशासन व न ही बीजेपी नेताओं ने किसानों की सुध नहीं ली है। धरने पर बैठे किसानों ने  कहा की यदि प्रसाशन ने मांगें नहीं मानी तो वे परिवारों सहित आमरण अनशन पर बैठेंगे। 

विज्ञापन


पूर्व जिला पार्षद प्रथ्वी सिंह के नेतृत्व में किए जा रहे कंपनी कार्यालय के समक्ष धरना प्रदर्शन में ग्रामीणों ने बताया कि  राजमार्ग प्राधिकरण द्वारा अधिग्रहित की गई जमीन के मामले को लेकर पहले भी प्रधानमंत्री के नाम एसडीएम को ज्ञापन सौंपा जा चुका है। राजमार्ग प्राधिकरण द्वारा नए भूमि अधिग्रहण एक्ट के अनुसार मुआवजा वितरित नहीं किया गया है। ग्रामीणों ने बताया कि 26 अप्रैल 2012 को अवार्ड सुनाया गया था।
विज्ञापन


जनवरी 2015 तक होडल के लगभग दो प्रतिशत लोगों को ही मुआवजा राशी दी गई है ,वह भी मात्र छह हजार रुपए प्रति वर्ग गज के हिसाब से। ग्रामीणों ने बताया कि अधिकारियों द्वारा उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिए जाने के कारण उन्हें राजमार्ग स्थित क पनी कार्यालय के समक्ष धरना प्रदर्शन करने को मजबूर होना पडा।
विज्ञापन
विज्ञापन


ग्रामीणों का कहना है कि नए भूमि अधिग्रहण एक्ट के हिसाब से मुआवजा राशी वितरित की जाए। इस अवसर पर हुकम सिंह, सुमेर सिंह, राजबीर सिंह, हरबीर सिंह, दयाराम, प्रताप, प्रकाश, सतीश और सुनील सहित सैकड़ों किसान मौजूद थे।
                    

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed