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शहर में कदम कदम पर मिलेगी मौत
palwal
Updated Sun, 05 Jun 2016 04:31 PM IST
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- फोटो : अमर उजाला
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शहर में जगह-जगह खुले पड़े मैनहोल काल बन रहे हैं। पॉश कॉलोनी हों या स्लम एरिया, कहीं भी ये मौत के गड्डे देखे जा सकते हैं। जगह-जगह हो रहे हादसों के बावजूद भी संबंधित अधिकारी मूकदर्शक बने हुए हैं।
शुक्रवार को फरीदाबाद में एक महिला मोबाइल पर बात करते हुए मैनहोल ते गड्ड़े में जा गिरी। उसे बचाने के लिए पीछे-पीछे एक व्यक्ति भी कूद गया, व दोनों की ही मौत हो गई। शहर में भी ऐसे मौत के गड्ड़ों की कमी नहीं है। जगह-जगह खुले मेन हॉलों का शनिवार को अमर उजाला संवाददाता संजय मग्गू ने जायजा लिया। पेश है रिर्पोट :
समय सुबह 11.00 बजे :
-स्थान : दुकडिय़ा मोहल्ला
-यह मोहल्ला अति व्यस्त स्लम एरिया माना जाता है। मोहल्ले की मेन रोड पर मैनहोल का ढक्कन नदारद है। ढक्कन कब से खुला है, इस बारे मे इलाके के देवी राम से पूछा तो उन्होेंने कहा कि अर्सा बीत गया यही हाल है। कई बार शिकायत कर ली, समाचार पत्र के माध्यम से भी शिकायतें प्रकाशित हो गईं, पर कोई ध्यान नहीं देता।
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-समय 11.25 बजे
-स्थान दयानंद स्कूल के पीछे वाली कालोनी
-यहां भी मैनहोल का ढक्कन गायब है। अमर उजाला ने करीब छह माह पूर्व भी यहां का निरीक्षण किया था, उस समय बी ढक्कन गायब था। पास ही तीन निजी स्कूल हैं, जहां आसपास की कॉलोनियों के बच्चे स्कूलों में पढ़ाने जाते हैं।
-समय सुबह 11.50 बजे :
-किठवाडी चौक के समीप
-चौक के समीप सर्विस रोड पर मैनहोल से पानी रिस रहा है। यहां ढक्कन तो रखा हुआ है, लेकिन वह पूरी तरह से फिट नहीं है। अगर कोई दोपहिया वाहन ऊपर से गुजर गया तो उसके भी गिरने का खतरा बना हुआ है।
-खुले मैनहोल जानलेवा साबित हो सकते हैं। आए दिन इस प्रकार की घटनाएं सुनने को मिलती हैं। कोई घटना घटित हो, इससे पूर्व ही प्रशासन को व संबंधित विभागीय अधिकारियों को इस तरफ ध्यान देना चाहिए।
-अरूण मग्गू, सामाजिक कार्यकर्ता।
-कुछ दिन पूर्व तक विभाग में ढक्कन नहीं थे। अब आ गए हैं और लगवाने शुरू कर दिए गये हैं। कर्मचारी इस बाबत सर्वे कर रहे हैं, जहां भी मैनहोल खुला मिलेगा तुरंत ढक्कन लगवाया जाएगा। अगर कोई शिकायत करेगा, तो वहां भी तुरंत कर्मचारी को भेजा जाएगा।
-सुधीर रंशिवाल, कार्यकारी अभियंता, जन स्वास्थ्य विभाग, पलवल।
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शुक्रवार को फरीदाबाद में एक महिला मोबाइल पर बात करते हुए मैनहोल ते गड्ड़े में जा गिरी। उसे बचाने के लिए पीछे-पीछे एक व्यक्ति भी कूद गया, व दोनों की ही मौत हो गई। शहर में भी ऐसे मौत के गड्ड़ों की कमी नहीं है। जगह-जगह खुले मेन हॉलों का शनिवार को अमर उजाला संवाददाता संजय मग्गू ने जायजा लिया। पेश है रिर्पोट :
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समय सुबह 11.00 बजे :
-स्थान : दुकडिय़ा मोहल्ला
-यह मोहल्ला अति व्यस्त स्लम एरिया माना जाता है। मोहल्ले की मेन रोड पर मैनहोल का ढक्कन नदारद है। ढक्कन कब से खुला है, इस बारे मे इलाके के देवी राम से पूछा तो उन्होेंने कहा कि अर्सा बीत गया यही हाल है। कई बार शिकायत कर ली, समाचार पत्र के माध्यम से भी शिकायतें प्रकाशित हो गईं, पर कोई ध्यान नहीं देता।
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-समय 11.25 बजे
-स्थान दयानंद स्कूल के पीछे वाली कालोनी
-यहां भी मैनहोल का ढक्कन गायब है। अमर उजाला ने करीब छह माह पूर्व भी यहां का निरीक्षण किया था, उस समय बी ढक्कन गायब था। पास ही तीन निजी स्कूल हैं, जहां आसपास की कॉलोनियों के बच्चे स्कूलों में पढ़ाने जाते हैं।
-समय सुबह 11.50 बजे :
-किठवाडी चौक के समीप
-चौक के समीप सर्विस रोड पर मैनहोल से पानी रिस रहा है। यहां ढक्कन तो रखा हुआ है, लेकिन वह पूरी तरह से फिट नहीं है। अगर कोई दोपहिया वाहन ऊपर से गुजर गया तो उसके भी गिरने का खतरा बना हुआ है।
-खुले मैनहोल जानलेवा साबित हो सकते हैं। आए दिन इस प्रकार की घटनाएं सुनने को मिलती हैं। कोई घटना घटित हो, इससे पूर्व ही प्रशासन को व संबंधित विभागीय अधिकारियों को इस तरफ ध्यान देना चाहिए।
-अरूण मग्गू, सामाजिक कार्यकर्ता।
-कुछ दिन पूर्व तक विभाग में ढक्कन नहीं थे। अब आ गए हैं और लगवाने शुरू कर दिए गये हैं। कर्मचारी इस बाबत सर्वे कर रहे हैं, जहां भी मैनहोल खुला मिलेगा तुरंत ढक्कन लगवाया जाएगा। अगर कोई शिकायत करेगा, तो वहां भी तुरंत कर्मचारी को भेजा जाएगा।
-सुधीर रंशिवाल, कार्यकारी अभियंता, जन स्वास्थ्य विभाग, पलवल।