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बोले सो निहाल-सत श्री अकाल के जयघोष के साथ निकाली प्रभातफेरी
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पलवल। गुरुनानक जयंती गुरुसिंह सभा द्वारा हर्षोल्लास से मनाई गई। 6 नवंबर से जयंती के उपलक्ष्य में निकाली जा रही प्रभातफेरी का शुक्रवार सुबह समापन किया गया। इसके अलावा 17 नवंबर से चल रहे गुरुग्रंथ साहब के अखंड पाठ का भोग किया। कार्यक्रम के अंतर्गत ज्ञानी गुरमीत सिंह मीत अलवर वालों द्वारा शबद कीर्तन किया गया। न्यू कॉलोनी स्थित गुरुद्वारा व पुराने जीटी रोड पर स्थित गुरुद्वारा में लंगर प्रसाद का आयोजन हुआ। सिख समाज के अलावा अन्य समाजों के लोगों ने भी हिस्सा लिया।
समाजसेवी प्रवीण ग्रोवर ने बताया कि सुबह निकाली जा रही प्रभातफेरियों में सभी समाजों के लोगों ने हिस्सा लिया। उन्होंने कहा कि सिख धर्म के प्रथम गुरु गुरुनानक देव ने जिस तरह से मूर्ति पूजा और सामाजिक कुरीतियों का विरोध किया, आज उसी पर चलकर हमारा समाज आगे बढ़ रहा है। गुरुनानक जी के बताए मार्ग पर चलकर समाज के काम में जुटे हुए हैं। डॉ. अनूप सिंह ने कहा कि समाजसेवा से बढ़कर कोई धर्म नहीं है। आज जिस तरह से समाज में सामाजिक कुरीतियां बढ़ रही हैं, उन्हें गुरुनानक देव के बताए रास्ते पर चलकर ही दूर किया जा सकता है। इस अवसर पर आयोजित लंगर में सैकड़ों लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। कार्यक्रम में सरदार दलजीत सिंह, सरदार परमिंदर सिंह, सरदार कुलंवत सिंह, सरदार अमर सिंह, सरदार देशा सिंह, सरदार मोहन सिंह मौजूद थे।
‘बोले सो निहाल, सत श्री अकाल’ के जयघोष के साथ निकाली प्रभातफेरी
पलवल। सरस्वती शिशु मंदिर न्यू कॉलोनी में शुक्रवार को गुरुनानक देव जयंती मनाई गई। गुरु पर्व के अवसर प्रभात फेरी एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजन किया गया। प्रभात फेरी में पंज-प्यारे विशाल, वंश, देवराज, करण व अनुज चले। उनके अंग रक्षक जयदेव शर्मा तथा प्रभात फेरी का प्रमुख मुदित को बनाया गया। गुरुनानक जी के सेवादार सक्षम व हर्षित रहे। प्रभात फेरी में बाबा जुझार सिंह, बाबा अजीत सिंह, बाबा जोरावर सिंह, बाबा फतेह सिंह, रानी लक्ष्मीबाई तथा रानी अहिल्या बाई होल्कर के नाम से जत्थों के प्रमुख बनाए गए। श्वेता व हिमांगी प्रभात फेरी की सहायिका रही। संवाद
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समाजसेवी प्रवीण ग्रोवर ने बताया कि सुबह निकाली जा रही प्रभातफेरियों में सभी समाजों के लोगों ने हिस्सा लिया। उन्होंने कहा कि सिख धर्म के प्रथम गुरु गुरुनानक देव ने जिस तरह से मूर्ति पूजा और सामाजिक कुरीतियों का विरोध किया, आज उसी पर चलकर हमारा समाज आगे बढ़ रहा है। गुरुनानक जी के बताए मार्ग पर चलकर समाज के काम में जुटे हुए हैं। डॉ. अनूप सिंह ने कहा कि समाजसेवा से बढ़कर कोई धर्म नहीं है। आज जिस तरह से समाज में सामाजिक कुरीतियां बढ़ रही हैं, उन्हें गुरुनानक देव के बताए रास्ते पर चलकर ही दूर किया जा सकता है। इस अवसर पर आयोजित लंगर में सैकड़ों लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। कार्यक्रम में सरदार दलजीत सिंह, सरदार परमिंदर सिंह, सरदार कुलंवत सिंह, सरदार अमर सिंह, सरदार देशा सिंह, सरदार मोहन सिंह मौजूद थे।
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‘बोले सो निहाल, सत श्री अकाल’ के जयघोष के साथ निकाली प्रभातफेरी
पलवल। सरस्वती शिशु मंदिर न्यू कॉलोनी में शुक्रवार को गुरुनानक देव जयंती मनाई गई। गुरु पर्व के अवसर प्रभात फेरी एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजन किया गया। प्रभात फेरी में पंज-प्यारे विशाल, वंश, देवराज, करण व अनुज चले। उनके अंग रक्षक जयदेव शर्मा तथा प्रभात फेरी का प्रमुख मुदित को बनाया गया। गुरुनानक जी के सेवादार सक्षम व हर्षित रहे। प्रभात फेरी में बाबा जुझार सिंह, बाबा अजीत सिंह, बाबा जोरावर सिंह, बाबा फतेह सिंह, रानी लक्ष्मीबाई तथा रानी अहिल्या बाई होल्कर के नाम से जत्थों के प्रमुख बनाए गए। श्वेता व हिमांगी प्रभात फेरी की सहायिका रही। संवाद
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