{"_id":"479570c4a2ad7765f439decd1b5602ab","slug":"on-remand-accused-of-killing-financier","type":"story","status":"publish","title_hn":"फाइनेंसर को गोली मारने वाला आरोपी रिमांड पर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
फाइनेंसर को गोली मारने वाला आरोपी रिमांड पर
फतेहाबाद/ब्यूरो।
Updated Sat, 26 Oct 2013 10:01 PM IST
विज्ञापन
हरियाणा के टोहाना में पिछले महीने फाइनेंसर को गोली मारने व उसके पार्टनर से 20 लाख की चौथ मांगने के मामले के मुख्यारोपी जगपाल निवासी नरवाना के गांव राजगढ़ ढोबी को टोहाना पुलिस चंडीगढ़ से प्रोडक्शन वारंट के तहत टोहाना ले आई। पुलिस ने उसे शनिवार को टोहाना की अदालत में पेश किया।
अदालत ने पूछताछ के लिए तीन दिन के रिमांड पर पुलिस के सुपुर्द कर दिया। टोहाना की एसीएल फाइनेंस कंपनी के संचालक परमिंद्र उर्फ लक्की को 14 सितंबर की शाम को दो बाइक सवार युवकों ने गोली मार दी थी।
परमिन्द्र अपने कार्यालय रेलवे रोड से बाजार जा रहा था कि दो बाइक सवार नकाबपोश युवक वहां पहुंचे और गोली मारकर घायल कर दिया। उस रात को इन लोगों ने फाइनेंस कंपनी के अन्य पार्टनर विजय ग्रोवर को फोन करके 20 लाख की चौथ मांगी थी। चौथ की राशि न देने पर उसे भी गोली मारने की धमकी दी गई थी।
विज्ञापन
टोहाना पुलिस ने इस मामले में दो लोगों पर हत्या प्रयास व चौथ का मामला दर्ज किया था। टोहाना पुलिस ने 21 सितंबर को इस मामले का पटाक्षेप करते हुए कैथल जिले के गांव हंदली निवासी राजकुमार उर्फ राजू को गिरफ्तार किया था।
पुलिस की पूछताछ में राजू ने बताया था कि उसका जीजा जगपाल बैनीवाल निवासी गांव राजगढ़ ढोबी से मिलकर उसने फाइनेंसर पर गोली चलाई व चौथ मांगी थी। राजकुमार ने पुलिस को बताया था कि जगपाल इसी एसीएल कंपनी में हिस्सेदार था, जिसे परमिन्द्र ने निकाल दिया था।
इसके चलते जगपाल को काफी नुक्सान हो गया था और बदला लेने के लिए उसने व उसके जीजा ने गोली चलाई थी। डीएसपी जगदीश काजला ने बताया कि जगपाल व उसका साला राजकुमार पर चंडीगढ़ में अपहरण का मामला दर्ज है। दिल्ली निवासी हरीश अरोड़ा चंडीगढ़ के सेक्टर-22 में आया हुआ था।
जगपाल ने 15 जनवरी 2013 को हरीश की साढ़े 3 वर्षीय पुत्री का अपहरण कर लिया। इसे बाद में पुलिस ने रिहा करवा लिया था। चंडीगढ़ पुलिस ने अपहरण के मामले में ही जगपाल को गिरफ्तार किया था। डीएसपी जगदीश काजला ने बताया कि जगपाल ने स्वीकार किया है कि उसने अपने साले राजकुमार के साथ मिलकर परमिन्द्र उर्फ लक्की को गोली मारी थी व विजय ग्रोवर से 20 लाख की चौथ मांगी थी।
विज्ञापन
अदालत ने पूछताछ के लिए तीन दिन के रिमांड पर पुलिस के सुपुर्द कर दिया। टोहाना की एसीएल फाइनेंस कंपनी के संचालक परमिंद्र उर्फ लक्की को 14 सितंबर की शाम को दो बाइक सवार युवकों ने गोली मार दी थी।
विज्ञापन
परमिन्द्र अपने कार्यालय रेलवे रोड से बाजार जा रहा था कि दो बाइक सवार नकाबपोश युवक वहां पहुंचे और गोली मारकर घायल कर दिया। उस रात को इन लोगों ने फाइनेंस कंपनी के अन्य पार्टनर विजय ग्रोवर को फोन करके 20 लाख की चौथ मांगी थी। चौथ की राशि न देने पर उसे भी गोली मारने की धमकी दी गई थी।
विज्ञापन
टोहाना पुलिस ने इस मामले में दो लोगों पर हत्या प्रयास व चौथ का मामला दर्ज किया था। टोहाना पुलिस ने 21 सितंबर को इस मामले का पटाक्षेप करते हुए कैथल जिले के गांव हंदली निवासी राजकुमार उर्फ राजू को गिरफ्तार किया था।
पुलिस की पूछताछ में राजू ने बताया था कि उसका जीजा जगपाल बैनीवाल निवासी गांव राजगढ़ ढोबी से मिलकर उसने फाइनेंसर पर गोली चलाई व चौथ मांगी थी। राजकुमार ने पुलिस को बताया था कि जगपाल इसी एसीएल कंपनी में हिस्सेदार था, जिसे परमिन्द्र ने निकाल दिया था।
इसके चलते जगपाल को काफी नुक्सान हो गया था और बदला लेने के लिए उसने व उसके जीजा ने गोली चलाई थी। डीएसपी जगदीश काजला ने बताया कि जगपाल व उसका साला राजकुमार पर चंडीगढ़ में अपहरण का मामला दर्ज है। दिल्ली निवासी हरीश अरोड़ा चंडीगढ़ के सेक्टर-22 में आया हुआ था।
जगपाल ने 15 जनवरी 2013 को हरीश की साढ़े 3 वर्षीय पुत्री का अपहरण कर लिया। इसे बाद में पुलिस ने रिहा करवा लिया था। चंडीगढ़ पुलिस ने अपहरण के मामले में ही जगपाल को गिरफ्तार किया था। डीएसपी जगदीश काजला ने बताया कि जगपाल ने स्वीकार किया है कि उसने अपने साले राजकुमार के साथ मिलकर परमिन्द्र उर्फ लक्की को गोली मारी थी व विजय ग्रोवर से 20 लाख की चौथ मांगी थी।