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Mahendragarh-Narnaul News: अंडरपास में जमा पानी निकालने का काम शुरू
Thu, 30 Jan 2025 12:16 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
Updated Thu, 30 Jan 2025 12:16 AM IST
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फोटो नंबर-18बहरोड रोड अंडरपास के पानी की निकासी को लेकर नप द्वारा बनाया जा रहा नाला। संवाद
नारनौल। बहरोड़ रोड रेलवे अंडरपास में हर समय जमा रहने वाले पानी की समस्या से अब लोगों को जल्द ही निजात मिलेगा। अंडरपास में लंबे समय से पानी जमा रहने के कारण यहां से आने-जाने वाले लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था।
अंडरपास में जमा रहने वाले पानी की समस्या को अमर उजाला ने प्रमुखता के साथ प्रकाशित किया था। इस समस्या से लोगों को निजात दिलाने के लिए गत दिवस अतिरिक्त उपायुक्त डॉ. आनंद शर्मा, एसडीएम रमित यादव व नप चेयरपर्सन कमलेश सैनी ने नगर परिषद अधिकारियों व रेलवे अधिकारियों के साथ अंडरपास का निरीक्षण कर बैठक की थी। इसमें एडीसी ने नप व रेलवे दोनों को इस समस्या के समाधान के लिए कहा था।
इसके बाद रेलवे द्वारा अंडरपास के समीप अपनी सीमा में व नगर परिषद ने अपनी सीमा से करीब साढ़े तीन लाख रुपये की लागत से पानी की निकासी को लेकर नाले का निर्माण कार्य शुरू कर दिया है। बहरोड रोड अंडरपास में पानी जमा रहने के कारण प्रसिद्ध कड़िया वाले मंदिर में जहां भक्तों को आने-जाने में परेशानी हो रही थी। वहीं इसके आसपास बनी कॉलोनियों के लोग व इस रोड से बहरोड़ की ओर जाने वाले वाहनों को भी भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। इसके अलावा स्कूली बसों व छात्र-छात्राओं को यहां से आने-जाने में भारी परेशानी होती थी।
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बहरोड अंडरपास में पानी जमा रहने का मुख्य कारण यह था कि कड़िया वाले मंदिर की ओर बहरोड रोड पर स्थित काॅलाेनियों का पानी रेलवे लाइन पार करके आगे शहर में नहीं आ रहा था। क्योंकि रेलवे द्वारा अपनी सीमा में दीवार बना दी गई थी। अंडरपास के बने वाटर रिचार्ज बोरवेल भी कालोनी का पानी आते रहने से भर गए थे, जिसके बाद पानी अंडरपास में जाकर जमा होना शुरू हो गया था।
वर्जन
बहरोड़ रोड से आने वाले पानी को अब रेलवे ने टीबी अस्पताल के पीछे तक पहुंचाने का कार्य शुरू कर दिया है। वहां से नगर परिषद ने भी नाले का निर्माण शुरू कर दिया। यह नाला टीबी अस्पताल के पीछे से नागरिक अस्पताल के पास मोहल्ला रावका के नाले में जोड़ दिया जाएगा। इससे अंडरपास में जमा होने वाले पानी की समस्या से निजात मिल जाएगी। यह नाला करीब साढ़े तीन लाख रुपये की लागत से बनाया जा रहा है। -सुंदरसिंह श्योराण, एक्सईएन नगर परिषद, नारनौल।
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अंडरपास में जमा रहने वाले पानी की समस्या को अमर उजाला ने प्रमुखता के साथ प्रकाशित किया था। इस समस्या से लोगों को निजात दिलाने के लिए गत दिवस अतिरिक्त उपायुक्त डॉ. आनंद शर्मा, एसडीएम रमित यादव व नप चेयरपर्सन कमलेश सैनी ने नगर परिषद अधिकारियों व रेलवे अधिकारियों के साथ अंडरपास का निरीक्षण कर बैठक की थी। इसमें एडीसी ने नप व रेलवे दोनों को इस समस्या के समाधान के लिए कहा था।
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इसके बाद रेलवे द्वारा अंडरपास के समीप अपनी सीमा में व नगर परिषद ने अपनी सीमा से करीब साढ़े तीन लाख रुपये की लागत से पानी की निकासी को लेकर नाले का निर्माण कार्य शुरू कर दिया है। बहरोड रोड अंडरपास में पानी जमा रहने के कारण प्रसिद्ध कड़िया वाले मंदिर में जहां भक्तों को आने-जाने में परेशानी हो रही थी। वहीं इसके आसपास बनी कॉलोनियों के लोग व इस रोड से बहरोड़ की ओर जाने वाले वाहनों को भी भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। इसके अलावा स्कूली बसों व छात्र-छात्राओं को यहां से आने-जाने में भारी परेशानी होती थी।
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बहरोड अंडरपास में पानी जमा रहने का मुख्य कारण यह था कि कड़िया वाले मंदिर की ओर बहरोड रोड पर स्थित काॅलाेनियों का पानी रेलवे लाइन पार करके आगे शहर में नहीं आ रहा था। क्योंकि रेलवे द्वारा अपनी सीमा में दीवार बना दी गई थी। अंडरपास के बने वाटर रिचार्ज बोरवेल भी कालोनी का पानी आते रहने से भर गए थे, जिसके बाद पानी अंडरपास में जाकर जमा होना शुरू हो गया था।
वर्जन
बहरोड़ रोड से आने वाले पानी को अब रेलवे ने टीबी अस्पताल के पीछे तक पहुंचाने का कार्य शुरू कर दिया है। वहां से नगर परिषद ने भी नाले का निर्माण शुरू कर दिया। यह नाला टीबी अस्पताल के पीछे से नागरिक अस्पताल के पास मोहल्ला रावका के नाले में जोड़ दिया जाएगा। इससे अंडरपास में जमा होने वाले पानी की समस्या से निजात मिल जाएगी। यह नाला करीब साढ़े तीन लाख रुपये की लागत से बनाया जा रहा है। -सुंदरसिंह श्योराण, एक्सईएन नगर परिषद, नारनौल।